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नोडल सेंटर से परीक्षा केंद्र ले जाते समय आउट हुआ बीयू का पेपर
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झांसी। बुंदेलखंड विश्वविद्यालय का बीएससी सेकेंड ईयर का फिजिक्स का द्वितीय प्रश्नपत्र नोडल सेंटर से परीक्षा केंद्र ले जाते समय कार से ही आउट होने की आशंका जताई जा रही है। बीयू अधिकारियों की शक की सुई झांसी से मऊरानीपुर रूट के कुछ कॉलेजों पर लटक रही है।
सभी नोडल सेंटरों से प्रश्नपत्र परीक्षा शुरू होने से पहले केंद्रों पर भेजे जाते हैं। परीक्षा केंद्र का केंद्राध्यक्ष अथवा सहायक केंद्राध्यक्ष प्रश्नपत्र लेने के लिए नोडल सेंटर जाते हैं। कई केंद्र नोडल सेंटर से काफी दूर होते हैं। ऐसे में ये केंद्र डेढ़ से दो घंटे पहले सेंटर से प्रश्नपत्र लेकर अपने-अपने केंद्रों पर रवाना हो जाते हैं। बीयू के सूत्रों ने बताया कि ये पेपर चलती गाड़ी से ये ही लीक होने की आशंका है, क्योंकि पेपर परीक्षा शुरू होने से ठीक पौन घंटे पहले वायरल होना शुरू हुआ। यानी कि नोडल सेंटर से एक घंटे की दूसरी वाले केंद्र का स्टाफ कार से जब ये प्रश्नपत्र लेकर आ रहा होगा, उसी बीच इसे खोला गया होगा। फिर छात्रों को वायरल करना शुरू कर दिया गया। अब तक झांसी से मऊरानीपुर रूट के कुछ कॉलेजों पर शक की सुई लटक रही है।
क्या पहले से ही सौदेबाजी हो गई थी?
चूंकि, परीक्षा शुरू होने से पहले पेपर वायरल हुआ है। ऐसे में इस बात की भी आशंका जताई जा रही है कि आरोपी की छात्रों के साथ पहले से ही सौदेबाजी हो गई हो। तभी ये प्रश्नपत्र झांसी जिले में ही वायरल हुआ। बुंदेलखंड के दूसरे जनपदों से पेपर लीक की सूचना नहीं आई है।
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सभी नोडल सेंटरों से प्रश्नपत्र परीक्षा शुरू होने से पहले केंद्रों पर भेजे जाते हैं। परीक्षा केंद्र का केंद्राध्यक्ष अथवा सहायक केंद्राध्यक्ष प्रश्नपत्र लेने के लिए नोडल सेंटर जाते हैं। कई केंद्र नोडल सेंटर से काफी दूर होते हैं। ऐसे में ये केंद्र डेढ़ से दो घंटे पहले सेंटर से प्रश्नपत्र लेकर अपने-अपने केंद्रों पर रवाना हो जाते हैं। बीयू के सूत्रों ने बताया कि ये पेपर चलती गाड़ी से ये ही लीक होने की आशंका है, क्योंकि पेपर परीक्षा शुरू होने से ठीक पौन घंटे पहले वायरल होना शुरू हुआ। यानी कि नोडल सेंटर से एक घंटे की दूसरी वाले केंद्र का स्टाफ कार से जब ये प्रश्नपत्र लेकर आ रहा होगा, उसी बीच इसे खोला गया होगा। फिर छात्रों को वायरल करना शुरू कर दिया गया। अब तक झांसी से मऊरानीपुर रूट के कुछ कॉलेजों पर शक की सुई लटक रही है।
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क्या पहले से ही सौदेबाजी हो गई थी?
चूंकि, परीक्षा शुरू होने से पहले पेपर वायरल हुआ है। ऐसे में इस बात की भी आशंका जताई जा रही है कि आरोपी की छात्रों के साथ पहले से ही सौदेबाजी हो गई हो। तभी ये प्रश्नपत्र झांसी जिले में ही वायरल हुआ। बुंदेलखंड के दूसरे जनपदों से पेपर लीक की सूचना नहीं आई है।
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