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Jhansi News: अखिलेश ने की हार की समीक्षा, कसे नेताओं के पेच

Mon, 09 Sep 2024 04:30 AM IST
Jhansi Bureau झांसी ब्यूरो
Updated Mon, 09 Sep 2024 04:30 AM IST
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Akhilesh reviewed the defeat, tightened the strings of leaders
- एक-एक बूथ का जाना हाल
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अमर उजाला ब्यूरो
झांसी। लोकसभा चुनाव में इंडिया गठबंधन को मिली हार के बाद पहली बार सपा मुखिया अखिलेश यादव ने संसदीय क्षेत्र के पार्टी पदाधिकारियों के साथ बैठक कर चुनाव परिणामों की समीक्षा की। उन्होंने हर बूथ का हाल जाना। पार्टी के कुछ नेताओं के पेच भी कसे।
लोकसभा चुनाव में बुंदेलखंड की चार सीटों में से तीन पर इंडिया गठबंधन ने जीत हासिल की है। केवल झांसी-ललितपुर संसदीय क्षेत्र में ही हार का सामना करना पड़ा था। जबकि, इस सीट पर जीत को लेकर गठबंधन के नेता आश्वस्त थे। चुनाव परिणाम आने के तीन महीने बाद अखिलेश यादव ने झांसी-ललितपुर संसदीय क्षेत्र के पार्टी पदाधिकारियों के साथ बैठक की। इसमें बूथवार गठबंधन प्रत्याशी को मिले वोटों का हाल जाना गया। जिन बूथों पर हार हुई, उसकी वजह पदाधिकारियों से जानी। साथ ही जातिगत समीकरणों की भी जानकारी ली। अखिलेश ने निर्देश दिए कि जिन बूथों पर लोकसभा चुनाव में हार का सामना करना पड़ा, वहां पार्टी पदाधिकारी अपनी पैठ बढ़ाएं।
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एक पदाधिकारी ने पार्टी के एक स्थानीय बड़े नेता को संगठन की जिम्मेदारी सौंपने की बात कहने पर अखिलेश भड़क गए। उन्होंने दो टूक लहजे में कह दिया कि यह तय करना पार्टी का काम है। यहां तक कि अपनी बात रखने के लिए खड़े हुए नेता को अखिलेश ने तल्खी दिखाते हुए बैठा दिया।
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बैठक में झांसी से पूर्व सांसद चंद्रपाल सिंह यादव, पूर्व विधायक दीपनारायण सिंह यादव, जिलाध्यक्ष बृजेंद्र यादव, महानगर अध्यक्ष तनवीर आलम, संत सिंह सेरसा, अस्फान सिद्दीकी, सीताराम कुशवाहा, महेश कश्यप, चंद्रप्रकाश मिश्रा, जगमोहन यादव आदि समेत कई पदाधिकारी मौजूद रहे।

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एक नेता ने चुनाव लड़ने से किया इंकार
समीक्षा बैठक के दौरान सपा के एक बड़े नेता ने पार्टी मुखिया के सामने ही अगला विधानसभा चुनाव लड़ने से इंकार कर दिया। खास बात ये है कि अखिलेश ने भी नेता के फैसले का कोई विरोध नहीं किया, बल्कि सहमति जता दी। साथ ही कहा कि पार्टी में आगे कोई जिम्मेदारी सौंपी जाएगी।
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