{"_id":"5cae342cbdec2214367b874e","slug":"51554920492-jhansi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"सावधान: साद्य सामाग्री में मिलावट की भरमार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
सावधान: साद्य सामाग्री में मिलावट की भरमार
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
सावधान: खाद्य सामग्री में मिलावट की भरमार
झांसी। होली के दौरान मिलावटखोरों ने खाद्य सामग्री में जमकर मिलावट की थी। खाद्य विभाग द्वारा लिए गए नमूने की लखनऊ स्थित प्रयोगशाला में जांच कराने पर लाल मिर्च पाउडर में सिंथेटिक रंग व मावा में वसा की मात्रा भी कम पाई गई। इसके अलावा कई सामग्रियों में मिलावट पाई गई है।
होली के दौरान खाद्य एवं औषधि विभाग ने जिले भर में 129 प्रतिष्ठानों पर छापा मारा था। शंका होने पर 36 प्रतिष्ठानों से खाद्य सामग्रियों से नमूनों को भरकर जांच के लिए लखनऊ स्थित प्रयोगशाला में भेजा गया था। जांच में 36 नमूनों से सिर्फ चार ही सही पाए गए हैं। जबकि, नौ नमूनों की जांच आना अभी बाकी है। प्रयोगशाला की रिपोर्ट के अनुसार मावा में तीस फीसदी वसा की मात्रा के अपेक्षा कम पाई गई है। वहीं, बेसन के लड्डू में रंग व मिर्च पाउडर में सिंथेटिक रंग मिला है। जिला अभिहित अधिकारी राजेश द्विवेदी ने बताया कि जांच रिपोर्ट के अनुसार सामान्य या कम मात्रा में मिलावट पाए जाने पर वाद दायर किया जाएगा। जो सामग्रियां असुरक्षित पाई गई हैं, उनके अभियोजन पंजीकरण के लिए खाद्य सुरक्षा आयुक्त से अनुमति मांगी गई है।
विज्ञापन
झांसी। होली के दौरान मिलावटखोरों ने खाद्य सामग्री में जमकर मिलावट की थी। खाद्य विभाग द्वारा लिए गए नमूने की लखनऊ स्थित प्रयोगशाला में जांच कराने पर लाल मिर्च पाउडर में सिंथेटिक रंग व मावा में वसा की मात्रा भी कम पाई गई। इसके अलावा कई सामग्रियों में मिलावट पाई गई है।
होली के दौरान खाद्य एवं औषधि विभाग ने जिले भर में 129 प्रतिष्ठानों पर छापा मारा था। शंका होने पर 36 प्रतिष्ठानों से खाद्य सामग्रियों से नमूनों को भरकर जांच के लिए लखनऊ स्थित प्रयोगशाला में भेजा गया था। जांच में 36 नमूनों से सिर्फ चार ही सही पाए गए हैं। जबकि, नौ नमूनों की जांच आना अभी बाकी है। प्रयोगशाला की रिपोर्ट के अनुसार मावा में तीस फीसदी वसा की मात्रा के अपेक्षा कम पाई गई है। वहीं, बेसन के लड्डू में रंग व मिर्च पाउडर में सिंथेटिक रंग मिला है। जिला अभिहित अधिकारी राजेश द्विवेदी ने बताया कि जांच रिपोर्ट के अनुसार सामान्य या कम मात्रा में मिलावट पाए जाने पर वाद दायर किया जाएगा। जो सामग्रियां असुरक्षित पाई गई हैं, उनके अभियोजन पंजीकरण के लिए खाद्य सुरक्षा आयुक्त से अनुमति मांगी गई है।
विज्ञापन