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स्मार्ट इंडिया हैकाथॉन : 30 टीमों के 180 बच्चों ने तकनीकी निर्णायकों के समक्ष पेश कीं समस्याएं
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इंजीनियर्स डे पर आयोजित कार्यक्रम में हिस्सा लेते कुलपति प्रो. राकेश कुमार सिंह।-स्रोत:पूविवि
मल्हनी। वीर बहादुर सिंह पूर्वांचल विश्वविद्यालय के फैकल्टी ऑफ इंजीनियरिंग एंड टेक्नोलॉजी में मंगलवार को स्मार्ट इंडिया हैकाथॉन-2026 के आंतरिक चरण का आयोजन हुआ। इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग विभाग के स्मार्ट क्लास में 30 टीमों के 180 विद्यार्थियों ने विभिन्न समस्या कथनों पर आधारित तकनीकी समाधान निर्णायकों के समक्ष प्रस्तुत किए। इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग विभाग के स्मार्ट क्लास में आयोजित प्रतियोगिता में प्रतिभागी टीमों ने अलग-अलग समस्या कथनों के आधार पर तैयार किए गए समाधान प्रस्तुत किए।
निर्णायक मंडल ने टीमों के विचारों की मौलिकता, समस्या की प्रासंगिकता, तकनीकी व्यवहार्यता और समाधान से होने वाले संभावित प्रभाव को परखा। प्रोजेक्ट के विस्तार की संभावना, उसे लागू करने की रणनीति और प्रस्तुतीकरण क्षमता को भी मूल्यांकन का आधार बनाया गया।
चार सदस्यीय निर्णायक मंडल में इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग विभागाध्यक्ष प्रो. रजनीश भास्कर, कंप्यूटर एप्लीकेशन विभाग के एसोसिएट प्रो. डॉ. संजीव गंगवार, कंप्यूटर साइंस एंड इंजीनियरिंग के असिस्टेंट प्रो. डॉ. प्रशांत यादव और मैकेनिकल इंजीनियरिंग के असिस्टेंट प्रो. डॉ. दीप प्रकाश सिंह शामिल रहे। आंतरिक चरण के लिए विचार प्रस्तुत करने की अंतिम तिथि 12 सितंबर निर्धारित थी।
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कार्यक्रम का समन्वय इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग विभाग के असिस्टेंट प्रो. और स्मार्ट इंडिया हैकाथॉन-2026 के एसपीओसी डॉ. सत्यम उपाध्याय ने किया। इस दौरान संकायाध्यक्ष प्रो. सौरभ पाल, डॉ. श्वेता सिंह, डॉ. अनुराग सिंह समेत शिक्षक और विद्यार्थी मौजूद रहे।
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निर्णायक मंडल ने टीमों के विचारों की मौलिकता, समस्या की प्रासंगिकता, तकनीकी व्यवहार्यता और समाधान से होने वाले संभावित प्रभाव को परखा। प्रोजेक्ट के विस्तार की संभावना, उसे लागू करने की रणनीति और प्रस्तुतीकरण क्षमता को भी मूल्यांकन का आधार बनाया गया।
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चार सदस्यीय निर्णायक मंडल में इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग विभागाध्यक्ष प्रो. रजनीश भास्कर, कंप्यूटर एप्लीकेशन विभाग के एसोसिएट प्रो. डॉ. संजीव गंगवार, कंप्यूटर साइंस एंड इंजीनियरिंग के असिस्टेंट प्रो. डॉ. प्रशांत यादव और मैकेनिकल इंजीनियरिंग के असिस्टेंट प्रो. डॉ. दीप प्रकाश सिंह शामिल रहे। आंतरिक चरण के लिए विचार प्रस्तुत करने की अंतिम तिथि 12 सितंबर निर्धारित थी।
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कार्यक्रम का समन्वय इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग विभाग के असिस्टेंट प्रो. और स्मार्ट इंडिया हैकाथॉन-2026 के एसपीओसी डॉ. सत्यम उपाध्याय ने किया। इस दौरान संकायाध्यक्ष प्रो. सौरभ पाल, डॉ. श्वेता सिंह, डॉ. अनुराग सिंह समेत शिक्षक और विद्यार्थी मौजूद रहे।