फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Jaunpur News ›   Pindra murder case: On the decision of life imprisonment to four culprits, the father of the deceased said- Justice was received after three years

पिंडरा हत्याकांड : चार दोषियों को उम्रकैद के फैसले पर मृतक के पिता ने कहा-तीन वर्ष बाद मिला इंसाफ

Mon, 21 Jul 2025 12:34 AM IST
Varanasi Bureau वाराणसी ब्यूरो
Updated Mon, 21 Jul 2025 12:34 AM IST
विज्ञापन
Pindra murder case: On the decision of life imprisonment to four culprits, the father of the deceased said- Justice was received after three years
केराकत। फूलपुर थाना क्षेत्र के पिंडरा स्थित नेशनल इंटर कॉलेज मैदान के सामने वर्ष 2022 में हुई युवक की हत्या के मामले में कोर्ट ने शुक्रवार को चार दोषियों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। कोर्ट की इस फैसले पर मृतक के पिता ने कहा कि बेटे की हत्या का इंसाफ तीन साल बाद मिला है। केराकत कोतवाली के मीरपुर निवासी मृतक के पिता अवधेश ने बताया कि वाराणसी के पिंडरा स्थित नेशनल इंटर कॉलेज के सामने बोलेरो सवार बदमाशों ने अमन यादव (19) की गोली मारकर हत्या कर दी थी। इस मामले में शुक्रवार को फ़ास्ट ट्रैक कोर्ट ने फैसला सुनाया। कोर्ट के न्यायाधीश मनोज कुमार द्वितीय ने नामजद चार आरोपियों बबलू यादव उर्फ अजय निवासी पसेवां, सदानंद यादव निवासी कटहरी, उमेश यादव उर्फ जुगेश घुरहुपुर और विकास यादव उर्फ विशाल निवासी दिल्लपुरा निवासी केराकत को आजीवन कारावास की सजा सुनाई। साथ ही 25-25 हजार रुपये का अर्थदंड और हत्या के प्रयास में 7 साल की कठोर कारावास की सजा भी दी।
विज्ञापन

आरोपियों को सजा सुनाए जाने के बाद मृतक के पिता अवधेश यादव ने कहा कि अमन मेरा इकलौता पुत्र था। हत्यारों को सजा मिलने से उन्हें थोड़ी राहत मिली है। न्यायपालिका पर उनका भरोसा और मजबूत हुआ है। घटना के बाद से परिवार पर दुख का पहाड़ टूट पड़ा था। आज भी घर में मातम का माहौल बना हुआ है।
विज्ञापन

ये था मामला -घटना के समय मृतक अमन यादव की उम्र 19 साल थी। उसका कोई आपराधिक इतिहास नहीं था। वह गोरख यादव के साथ इलाज के लिए वाराणसी गया था। लौटते समय बदमाशों की गोली का शिकार हो गया। घटना के पीछे गिरोह में बंटवारे और असलहों की अदला-बदली को लेकर रंजिश हुई थी। कभी साथ में अपराध करने वाला गिरोह दो हिस्सों में बंट गया। इसके बाद अमन की हत्या और कृपाशंकर पर हमला सदानंद गिरोह का तीसरा हमला बताया जाता है। कृपाशंकर उर्फ गोरख पर पहले से दर्जनों मुकदमे दर्ज हैं। वह जौनपुर के आपराधिक जगत में कुख्यात नाम माना जाता है।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed