जौनपुर। कोरोना संक्रमण रोकने के लिए की गई 55 घंटे की बंदी के पहले दिन शहर से लेकर गांव तक बाजारों में सन्नाटा पसरा रहा। दवा, दूध और फल-सब्जी को छोड़कर अन्य दुकानें पूरी तरह बंद रहीं। इस दौरान शहरी क्षेत्र में नगर पालिका और ग्रामीण क्षेत्रों में ग्राम पंचायत के माध्यम से सैनिटाइजेशन का कार्य जारी रहा। बंदी की पहले से ही जानकारी होने के कारण ज्यादातर लोगों ने जरुरी सामान शुक्रवार को दिन ही एकत्रित कर लिए थे। रात 10 बजे से बंदी लागू होने के बाद हर कोई घरों में ही रहा। सुबह कुछ लोग टहलने तो कुछ लोग दूध-सब्जी की खरीदारी के लिए बाहर निकले। इससे कुछ देर के लिए सड़कों पर चहल-पहल नजर आई, मगर दोपहर बाद फिर से सन्नाटा पसरा रहा। शहर के पॉलीटेक्निक चौराहा, रुहट्टा, ओलंदगंज, कसेरी बाजार, चहारसू, कोतवाली, सब्जी मंडी, जेसीज सहित अन्य बाजारों में जाम से कराहने वाली सड़कें खुली नजर आई। जरुरी काम से ही आने-जाने वाले लोग सड़कों पर नजर आ रहे थे। जगह-जगह पुलिस, पीएसी व होमगार्ड के जवान ड्यूटी पर मुस्तैद रहे। बेवजह और बिना मास्क घूमने वालों को रोककर उनसे बाहर निकलने का कारण पूछा। मास्क न लगाने पर चालान भी काटा गया। इस दौरान ओलंदगंज, जेसीज, जोगियापुर, सिविल लाइंस, कचहरी सहित अन्य इलाकों में फायर ब्रिगेड के वाहन से नगर पालिका की टीम सैनिटाइजेशन करती रही। उधर, मुंगराबादशाहपुर में कई व्यापारियों के कोरोना संक्रमित होने के बाद शनिवार को नईबाजार, गोलामंडी व साहबगंज मोहल्लों को सैनिटाइज किया गया। नगर पालिका अध्यक्ष शिव गोविंद साहू ने बताया कि लोगों को कोरोना वायरस से बचाव के लिए सैनिटाइजेशन का अभियान चलाया जा रहा है। लोग अनावश्यक घरों से बाहर न निकलें।