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ट्रैक्टर की चपेट में आने से छात्र की मौत
Updated Wed, 02 May 2018 12:36 AM IST
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सिकरारा। स्थानीय थाना क्षेत्र के बभनौली गांव के पास मंगलवार को ट्रैक्टर की चपेट में आने से सात साल के एक बच्चे की मौत हो गई। वह स्कूल से लौट रहा था। बेटे की मौत की खबर सुनकर मां बेहोश हो गई।
टेकारी गांव निवासी राजेंद्र यादव का सात वर्षीय पुत्र आदर्श अपने बड़े भाई सचिन के साथ दोपहर एक बजे साइकिल से विद्यालय से घर वापस आ रहा था। बभनौली गांव के पास ट्रेक्टर को ओवरटेक करते समय सचिन की साइकल अनियंत्रित हो गई और वह साइकिल सहित गिर गया। सचिन खेत की तरफ गिरा जब कि उसका भाई आदर्श सड़क पर गिर गया। ट्रैक्टर का पहिया उसके ऊपर से गुजर गया। उसकी मौके पर ही उसकी मौत हो गई। वह बभनौली स्थित आर एन पब्लिक स्कूल में पढ़ता था। भाई की मौत के बाद सचिन बदहवास हाल में बिना साइकिल के गर लौटा और रोते हुए सारी बात बताई। परिवार के सदस्य भागते हुए घटना स्थल पर पहुंचे। बेटे का शव देख कर मां संगीता बेहोश हो गई। संगीता ने सचिन को खूब समझाबुझा कर भेजा था कि वह सावधानी से स्कूल जाए। परिवार वाले शव से लिपट कर रोते रहे। मौके पर पहुंची पुलिस को शव को कब्जे में लेने में काफी मशक्कत करनी पड़ी। बहन निधी तो आदर्श से लिपट गयी और भइया-भइया कहकर चीखने लगी तो पुलिस वालों की हिम्मत ही नहीं हो रही थी वे शव को छू सकें।
टेकारी गांव निवासी राजेंद्र यादव का सात वर्षीय पुत्र आदर्श अपने बड़े भाई सचिन के साथ दोपहर एक बजे साइकिल से विद्यालय से घर वापस आ रहा था। बभनौली गांव के पास ट्रेक्टर को ओवरटेक करते समय सचिन की साइकल अनियंत्रित हो गई और वह साइकिल सहित गिर गया। सचिन खेत की तरफ गिरा जब कि उसका भाई आदर्श सड़क पर गिर गया। ट्रैक्टर का पहिया उसके ऊपर से गुजर गया। उसकी मौके पर ही उसकी मौत हो गई। वह बभनौली स्थित आर एन पब्लिक स्कूल में पढ़ता था। भाई की मौत के बाद सचिन बदहवास हाल में बिना साइकिल के गर लौटा और रोते हुए सारी बात बताई। परिवार के सदस्य भागते हुए घटना स्थल पर पहुंचे। बेटे का शव देख कर मां संगीता बेहोश हो गई। संगीता ने सचिन को खूब समझाबुझा कर भेजा था कि वह सावधानी से स्कूल जाए। परिवार वाले शव से लिपट कर रोते रहे। मौके पर पहुंची पुलिस को शव को कब्जे में लेने में काफी मशक्कत करनी पड़ी। बहन निधी तो आदर्श से लिपट गयी और भइया-भइया कहकर चीखने लगी तो पुलिस वालों की हिम्मत ही नहीं हो रही थी वे शव को छू सकें।
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