{"_id":"5bc4dc69bdec2269ba10ba1f","slug":"153962810817-jaunpur-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"सात महिला कृषकों को किया गया सम्मानित","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
सात महिला कृषकों को किया गया सम्मानित
Updated Tue, 16 Oct 2018 12:06 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
जौनपुर। अन्तर्राष्ट्रीय ग्रामीण महिला दिवस के मौके पर कृषि विभाग द्वारा सोमवार को कृषि विज्ञान केन्द्र बक्शा में महिला किसान दिवस का आयोजन किया गया।जिसमें महिला किसानों को आधुनिक तरीके से खेती करने के बारे में बताया गया। साथ ही कृषि के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य करने वाली सात महिलाओं को सम्मानित किया गया।जिसमें दुर्गा मौर्या, सविता सिंह, रंजना सिंह, गुड़िया यादव, नीलू यादव, उषा सिंह व संध्या सिंह को सम्मानित किया गया।
कार्यक्रम समंवयक डा. सुरेश कुमार कन्नौजिया ने कहा कि किसी भी देश के विकास में ग्रामीण महिलाएं महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं । घर गृहस्थी के सारे कार्य महिलाएं ही करती हैं। राष्ट्र के निर्माण एवं समाज के विकास के लिए महिलाओं को सशक्त बनाना समय की मांग है।कृषि वैज्ञानिक डा. सन्दीप ने कहा कि महिलाओं की भागीदारी आज खेती , बागवानी , पशुपालन, मुर्गी पालन आदि में साठ प्रतिशत से भी ज्यादा है, जब तक महिलाओं का विकास नहीं होगा। तब तक सभी का विकास संभव नहीं है।कृषि वैज्ञानिक डा. नरेंद्र रघुवंशी ने पशुओं के रख रखाव एवं वेहतर दुग्ध उत्पादन की तकनीकी जानकारी दिया। कृषि वैज्ञानिक डा. सोमेन्द्र सिंह ने रवी फसलों की उन्नति तकनीक की जानकारी दी। गोष्ठी को जिला वित्तीय साक्षरता सलाहकार चंद्र भूषण मिश्र , एनजीओ की संध्या सिंह, एडीओ एजी चन्द्रिका यादव ने भी महिलाओं के विकास के लिए स्वयं सहायता समूहों के गठन के लिए जोर दिया।कार्यक्रम की अध्यक्षता प्रगतिशील महिला कृषक संध्या सिंह तथा संचालन विषय वस्तु विशेषज्ञ कृषि डा. रमेश चंद्र यादव ने किया। इस मौके पर गेना देवी , कमला देवी, नगीना , मंजू, माला सहित सैकड़ों महिलाएं मौजूद रही।
विज्ञापन
कार्यक्रम समंवयक डा. सुरेश कुमार कन्नौजिया ने कहा कि किसी भी देश के विकास में ग्रामीण महिलाएं महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं । घर गृहस्थी के सारे कार्य महिलाएं ही करती हैं। राष्ट्र के निर्माण एवं समाज के विकास के लिए महिलाओं को सशक्त बनाना समय की मांग है।कृषि वैज्ञानिक डा. सन्दीप ने कहा कि महिलाओं की भागीदारी आज खेती , बागवानी , पशुपालन, मुर्गी पालन आदि में साठ प्रतिशत से भी ज्यादा है, जब तक महिलाओं का विकास नहीं होगा। तब तक सभी का विकास संभव नहीं है।कृषि वैज्ञानिक डा. नरेंद्र रघुवंशी ने पशुओं के रख रखाव एवं वेहतर दुग्ध उत्पादन की तकनीकी जानकारी दिया। कृषि वैज्ञानिक डा. सोमेन्द्र सिंह ने रवी फसलों की उन्नति तकनीक की जानकारी दी। गोष्ठी को जिला वित्तीय साक्षरता सलाहकार चंद्र भूषण मिश्र , एनजीओ की संध्या सिंह, एडीओ एजी चन्द्रिका यादव ने भी महिलाओं के विकास के लिए स्वयं सहायता समूहों के गठन के लिए जोर दिया।कार्यक्रम की अध्यक्षता प्रगतिशील महिला कृषक संध्या सिंह तथा संचालन विषय वस्तु विशेषज्ञ कृषि डा. रमेश चंद्र यादव ने किया। इस मौके पर गेना देवी , कमला देवी, नगीना , मंजू, माला सहित सैकड़ों महिलाएं मौजूद रही।
विज्ञापन