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अधर में लटका सुलभ काम्पलेक्स का निर्माण
Updated Thu, 19 Apr 2018 12:32 AM IST
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मीरगंज। मीरगंज में बन रहे सार्वजनिक शौचालय कांप्लेक्स का काम अटक गया है। कार्यदायी संस्था ने दो जगह खुदाई कराई लेकिन दोनों ही जगह जमीन का विवाद शुरू हो गया। इसके बाद संस्था ने काम रोक दिया। संस्था के अधिकारियों का कहना है कि अगर भूमि नहीं मिली तो इस कांप्लेक्स को किसी अन्य बाजार में बनवाया जाएगा।
मछलीशहर सांसद रामचरित्र निषाद से मीरगंज बाजार के निवासी सार्वजनिक शौचालय कांप्लेक्स बनवाने की मांग कर रहे थे। सांसद की अपनी निधि से 14 लाख रुपये का स्वीकृत किया और काम कराने की जिम्मेदारी सुलभ इंटरनेशनल को सौंपी। संस्था ने पुराने शौचालय कांप्लेक्स को गिरवाकर उसकी जगह नवनिर्माण शुरू किया। नींव खोदी जा रही थी कि कुछ लोगों ने विरोध करना शुरू कर दिया। उनका कहना था कि यह उनके घूरे की जगह है। संस्था ने काम बंद कर दिया। उसके बाद जरौना स्टेशन के बगल में कांप्लेक्स की नींव खोदी जाने लगी। तो वहां भी कुछ लोगों ने निर्माण का विरोध करना शुरू कर दिया। उनका कहना था कि जमीन उनकी है। उसके बाद कार्यदायी संस्था ने काम बंद कर दिया। लोगों का कहना है की मीरगंज में इंटर कालेज, थाना, बैंक, डाकघर व जरौना रेलवे स्टेशन होने की वजह से काफी भीड़ रहती है। यहां सार्वजनिक शौचालय कांप्लेक्स बनना जरूरी है। सुलभ के सुपरवाइजर अवधेश यादव का कहना है की कांप्लेक्स के लिए दो जगह नींव खोदी गई लेकिन लोगों द्वारा विरोध कर दिया गया। जिससे काम बंद कर दिया गया है। उन्होंने कहा कि अगर जमीन नहीं मिली तो दूसरे बाजार में सुलभ कांप्लेक्स बनवाया जाएगा।सांसद प्रतिनिधि राजेश सिंह का कहना है की जमीन की दिक्कत के कारण सुलभ कांप्लेक्स का निर्माण नहीं हो पा रहा है। राजस्व विभाग से जमीन उपलब्ध कराने के लिए कहा गया है 7
मछलीशहर सांसद रामचरित्र निषाद से मीरगंज बाजार के निवासी सार्वजनिक शौचालय कांप्लेक्स बनवाने की मांग कर रहे थे। सांसद की अपनी निधि से 14 लाख रुपये का स्वीकृत किया और काम कराने की जिम्मेदारी सुलभ इंटरनेशनल को सौंपी। संस्था ने पुराने शौचालय कांप्लेक्स को गिरवाकर उसकी जगह नवनिर्माण शुरू किया। नींव खोदी जा रही थी कि कुछ लोगों ने विरोध करना शुरू कर दिया। उनका कहना था कि यह उनके घूरे की जगह है। संस्था ने काम बंद कर दिया। उसके बाद जरौना स्टेशन के बगल में कांप्लेक्स की नींव खोदी जाने लगी। तो वहां भी कुछ लोगों ने निर्माण का विरोध करना शुरू कर दिया। उनका कहना था कि जमीन उनकी है। उसके बाद कार्यदायी संस्था ने काम बंद कर दिया। लोगों का कहना है की मीरगंज में इंटर कालेज, थाना, बैंक, डाकघर व जरौना रेलवे स्टेशन होने की वजह से काफी भीड़ रहती है। यहां सार्वजनिक शौचालय कांप्लेक्स बनना जरूरी है। सुलभ के सुपरवाइजर अवधेश यादव का कहना है की कांप्लेक्स के लिए दो जगह नींव खोदी गई लेकिन लोगों द्वारा विरोध कर दिया गया। जिससे काम बंद कर दिया गया है। उन्होंने कहा कि अगर जमीन नहीं मिली तो दूसरे बाजार में सुलभ कांप्लेक्स बनवाया जाएगा।सांसद प्रतिनिधि राजेश सिंह का कहना है की जमीन की दिक्कत के कारण सुलभ कांप्लेक्स का निर्माण नहीं हो पा रहा है। राजस्व विभाग से जमीन उपलब्ध कराने के लिए कहा गया है 7
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