फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Jalaun News ›   Workers angry over new rules, plastering work halted for three hours

Jalaun News: नए नियम के खिलाफ बिफरे कर्मचारी, तीन घंटे ठप रहा प्लास्टर कार्य

Thu, 26 Feb 2026 11:43 PM IST
Kanpur	 Bureau कानपुर ब्यूरो
Updated Thu, 26 Feb 2026 11:43 PM IST
विज्ञापन
Workers angry over new rules, plastering work halted for three hours
फोटो-22-सीएमएस कार्यालय के बाहर खड़े मरीजों के तीमारदार और कर्मचारी। संवाद
उरई। जिला अस्पताल के प्लास्टर कक्ष में सीएमएस के नए नियमों के खिलाफ कर्मचारी बिफर गए और उन्होंने काम ठप कर दिया और सीएमएस के पास पहुंच गए। इसके चलते करीब तीन घंटे प्लास्टर का काम ठप रहा।
विज्ञापन

मरीज परेशान रहे और कर्मचारियों का का इंतजार करते रहे। जब काफी देर तक कर्मचारी वापस नहीं आए तो परेशान मरीजों के तीमारदार सीमा, रामदुलारी, वीरकांत, लल्लन यादव सीएमएस के पास पहुंच गए। उनका आरोप था कि वह सुबह से बैठे हैं। हाथ-पैर में चोट लगने के कारण चलने फिरने को मोहताज है, उनका प्लास्टर नहीं हो रहा है। किसी तरह सीएमएस व कर्मचारियों में वार्ता के बाद मामला शांत हुआ और प्लास्टर का काम शुरू हो पाया।
विज्ञापन

तीमारदारों ने आरोप लगाया कि प्लास्टर कराने के लिए सुबह ही जिला अस्पताल आ गए थे लेकिन काम शुरू नहीं हुआ। पता चला कि साहब ने कर्मचारियों को हिदायत दी है कि मरीजों का प्लास्टर चिकित्सक की मौजूदगी में ही होगा। वहीं, चिकित्सकों का कहना था कि वह मरीज देखेंगे, बाद में प्लास्टर कक्ष में जाएंगे।
विज्ञापन
विज्ञापन


पहाड़पुरा की गुड़िया का कहना है कि ठोकर लगने से उनका अंगूठा टूट गया और पैर में मोच आई है। वह सुबह से इंतजार कर रही है। दो घंटा हो गया है लेकिन उनका प्लास्टर नहीं हो पाया है।
धुरट के वेदांत सोनी ने बताया कि वह सुबह आ गया था। खेलते समय पैर में चोट लग रही थीं, प्लास्टर होना है लेकिन काफी देर से इंतजार कर रहे हैं लेकिन प्लास्टर नहीं हो पाया है। पैर में चोट के कारण वह तो सीएमएस कक्ष में नहीं जा पाया है लेकिन उसके घरवाले ऊपर गए हैं।



स्टाफ से कहा गया है कि जो भी प्लास्टर हो, उनका निर्धारित शुल्क लिया जाए और प्लास्टर चिकित्सक की मौजूदगी में किया जाए।
- डॉ. आनंद उपाध्याय, सीएमएस, जिला अस्पताल



दोपहर को गेट बंद करने से बढ़ती दिक्कत
सीएमएस द्वारा इमरजेंसी के पास एक गेट वाला दोपहर तीन बजे बंद करा दिया जाता है। जिस तरफ का गेट बंद किया जाता है, उस तरफ का कट बंद है। इसकी वजह से आने वाले लोगों को परेशानी होती है। कई बार इसका विरोध भी हो चुका है। लोगों का कहना है कि कई सुरक्षा गार्ड की तैनाती है। सीसीटीवी कैमरे भी लगवाए जा सकते है। लेकिन सीएमएस सुरक्षा कारणों का हवाला देते हुए गेट खोलने से इन्कार कर रहे हैं।

फोटो-22-सीएमएस कार्यालय के बाहर खड़े मरीजों के तीमारदार और कर्मचारी। संवाद

फोटो-22-सीएमएस कार्यालय के बाहर खड़े मरीजों के तीमारदार और कर्मचारी। संवाद

फोटो-22-सीएमएस कार्यालय के बाहर खड़े मरीजों के तीमारदार और कर्मचारी। संवाद

फोटो-22-सीएमएस कार्यालय के बाहर खड़े मरीजों के तीमारदार और कर्मचारी। संवाद

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed