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PCS J Exam: हाथरस के विश्वनाथ व खुशबू का न्यायिक सेवा सिविल जज में चयन, दोनों ने ऐसे की सेल्फ स्टडी
Thu, 31 Aug 2023 09:31 PM IST
चमन शर्मा
लकी शर्मा, अमर उजाला, हाथरस
लकी शर्मा, अमर उजाला, हाथरस
Published by: चमन शर्मा
Updated Thu, 31 Aug 2023 09:31 PM IST
सार
विष्णुपुरी निवासी विश्वनाथ ने दूसरे प्रयास में इस परीक्षा में सफलता हासिल की है। उनके पिता रविंद्रनाथ जिला न्यायालय में अधिवक्ता हैं। मां श्यामा देव हरचरणदास कन्या इंटर कॉलेज में शिक्षक हैं। उनके भाई भी अधिवक्ता हैं और बहन जुडिशियल मजिस्ट्रेट के पद पर तैनात हैं। खुशबू शर्मा ने विधि की पढ़ाई अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय से की। इसके बाद उन्होंने जामिया मिल्लिया इस्लामिया विश्वविद्यालय से एलएलएम की पढ़ाई की।
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हाथरस के विश्वनाथ और खुशबू शर्मा का पीसीएस जे में चयन
- फोटो : स्वयं
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विस्तार
उत्तर प्रदेश न्यायिक सेवा सिविल जज (जूनियर डिवीजन) परीक्षा के बुधवार को आए परिणाम में हाथरस के विष्णुपुरी निवासी विश्वनाथ व सादाबाद की खुशबू शर्मा ने सफलता हासिल कर जिले का नाम रोशन किया है। दोनों ने सेल्फ स्टडी को सफलता कुंजी बताया है।
विष्णुपुरी निवासी विश्वनाथ ने दूसरे प्रयास में इस परीक्षा में सफलता हासिल की है। उनके पिता रविंद्रनाथ जिला न्यायालय में अधिवक्ता हैं। मां श्यामा देव हरचरणदास कन्या इंटर कॉलेज में शिक्षक हैं। उनके भाई भी अधिवक्ता हैं और बहन जुडिशियल मजिस्ट्रेट के पद पर तैनात हैं। विश्वनाथ का पूर्व में अभियोजन अधिकारी और सर्वोच्च न्यायालय के जज लीगल रिसर्चर के पद पर चयन हो चुका है। उन्होंने बताया कि परीक्षा में पूछे गए प्रश्नों को अच्छे समझना, सीमित स्रोत रखना, एक विषय की एक ही पुस्तक को बार-बार पढ़ना और लिखने का अभ्यास करना सफलता का मूल मंत्र है।
विश्वनाथ ने सरस्वती विद्या मंदिर से शिक्षा हासिल करने के बाद दिल्ली विश्वविद्यालय से एलएलबी की पढ़ाई की थी। उन्होंने साल 2021 से दिल्ली हाईकोर्ट और सेशन कोर्ट में अधिवक्ता रहते हुए स्वाध्याय किया और कहीं से कोई कोचिंग नहीं ली। विश्वनाथ ने बताया कि परीक्षा में सफलता पाने के लिए सटीक रणनीति बनाना जरूरी है। एकाग्रता से चार से पांच घंटे से पढ़ाई करना इस परीक्षा के लिए उपयुक्त है। उन्होंने परीक्षा से करीब एक माह पूर्व से करीब आठ से दस घंटे पढ़ाई की थी। उन्होंने अपनी सफलता का श्रेय अपनी मेहनत, परिवार के भरोसे व अपने वरिष्ठों के मार्गदर्शन को दिया है।
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इधर, सादाबाद के सलेमपुर रोड स्थित श्री मोहनलाल आदर्श इंटरमीडिएट कॉलेज के प्रबंधक रमेशचंद्र उपाध्याय की धेवती 25 वर्षीय खुशबू शर्मा उत्तर प्रदेश न्यायिक सेवा सिविल जज बनीं हैं। खुशबू शर्मा ने विधि की पढ़ाई अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय से की। इसके बाद उन्होंने जामिया मिल्लिया इस्लामिया विश्वविद्यालय से एलएलएम की पढ़ाई की। कोरोना के दौरान 2020 में उनके पिता अनिल कुमार शर्मा का देहांत हो गया। उसके बाद से खुशबू शर्मा और उनका पूरा परिवार अपने नाना के साथ सादाबाद में रहने लगा। उन्होंने यहीं से रहकर परीक्षा की तैयारी की।
खुशबू शर्मा ने राजस्थान न्यायिक सेवा की सिविल जज परीक्षा पास की थी, जिसमें वह 0.5 फीसदी अंक के साथ वेटिंग पर थीं। खुशबू की सफलता से क्षेत्र में खुशी का माहौल है। उन्हें बधाई देने वालों का तांता लगा हुआ है। बधाई देने वालों में डॉ.रमेशचंद्र उपाध्याय, डॉ.मुकेश कुमार उपाध्याय, प्रवीण उपाध्याय, पवन उपाध्याय और गौरव शर्मा आदि शामिल हैं।
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विष्णुपुरी निवासी विश्वनाथ ने दूसरे प्रयास में इस परीक्षा में सफलता हासिल की है। उनके पिता रविंद्रनाथ जिला न्यायालय में अधिवक्ता हैं। मां श्यामा देव हरचरणदास कन्या इंटर कॉलेज में शिक्षक हैं। उनके भाई भी अधिवक्ता हैं और बहन जुडिशियल मजिस्ट्रेट के पद पर तैनात हैं। विश्वनाथ का पूर्व में अभियोजन अधिकारी और सर्वोच्च न्यायालय के जज लीगल रिसर्चर के पद पर चयन हो चुका है। उन्होंने बताया कि परीक्षा में पूछे गए प्रश्नों को अच्छे समझना, सीमित स्रोत रखना, एक विषय की एक ही पुस्तक को बार-बार पढ़ना और लिखने का अभ्यास करना सफलता का मूल मंत्र है।
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विश्वनाथ ने सरस्वती विद्या मंदिर से शिक्षा हासिल करने के बाद दिल्ली विश्वविद्यालय से एलएलबी की पढ़ाई की थी। उन्होंने साल 2021 से दिल्ली हाईकोर्ट और सेशन कोर्ट में अधिवक्ता रहते हुए स्वाध्याय किया और कहीं से कोई कोचिंग नहीं ली। विश्वनाथ ने बताया कि परीक्षा में सफलता पाने के लिए सटीक रणनीति बनाना जरूरी है। एकाग्रता से चार से पांच घंटे से पढ़ाई करना इस परीक्षा के लिए उपयुक्त है। उन्होंने परीक्षा से करीब एक माह पूर्व से करीब आठ से दस घंटे पढ़ाई की थी। उन्होंने अपनी सफलता का श्रेय अपनी मेहनत, परिवार के भरोसे व अपने वरिष्ठों के मार्गदर्शन को दिया है।
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इधर, सादाबाद के सलेमपुर रोड स्थित श्री मोहनलाल आदर्श इंटरमीडिएट कॉलेज के प्रबंधक रमेशचंद्र उपाध्याय की धेवती 25 वर्षीय खुशबू शर्मा उत्तर प्रदेश न्यायिक सेवा सिविल जज बनीं हैं। खुशबू शर्मा ने विधि की पढ़ाई अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय से की। इसके बाद उन्होंने जामिया मिल्लिया इस्लामिया विश्वविद्यालय से एलएलएम की पढ़ाई की। कोरोना के दौरान 2020 में उनके पिता अनिल कुमार शर्मा का देहांत हो गया। उसके बाद से खुशबू शर्मा और उनका पूरा परिवार अपने नाना के साथ सादाबाद में रहने लगा। उन्होंने यहीं से रहकर परीक्षा की तैयारी की।
खुशबू शर्मा ने राजस्थान न्यायिक सेवा की सिविल जज परीक्षा पास की थी, जिसमें वह 0.5 फीसदी अंक के साथ वेटिंग पर थीं। खुशबू की सफलता से क्षेत्र में खुशी का माहौल है। उन्हें बधाई देने वालों का तांता लगा हुआ है। बधाई देने वालों में डॉ.रमेशचंद्र उपाध्याय, डॉ.मुकेश कुमार उपाध्याय, प्रवीण उपाध्याय, पवन उपाध्याय और गौरव शर्मा आदि शामिल हैं।