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आयुष्मान योजना की सूची में नाम न होने से ग्रामीण भड़के
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‘आयुष्मान’ की सूची में नाम नहीं होने से भड़के ग्रामीण, हंगामा
वीएलई के साथ की अभद्रता, पुलिस की मौजूदगी में बने कार्ड
अभद्र व्यवहार होने पर नहीं लगाएंगे गांवों में शिविर शिविर, सीएससी केंद्र संचालकों ने दी चेतावनी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, हाथरस
हाथरस। हाथरस जंक्शन क्षेत्र के गांव धौरपुर में ग्रामीणों ने आयुष्मान गोल्डन कार्ड बनाए जाने वाली सूची में नाम दर्ज नहीं होने पर सीएससी संचालक के साथ अभद्रता की और हंगामा किया। सूचना पाकर कोतवाली हाथरस जंक्शन पुलिस मौके पर पहुंच गई। पुलिस की मौजूदगी में गोल्डन कार्ड बनाए गए।
आयुष्मान प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना के तहत जिले में सीएससी के माध्यम से गोल्डन कार्ड बनाने के लिए गांवों में शिविर लगाए जा रहे हैं। शिविरों में गोल्डन कार्ड बनने वाली सूची में शामिल लोगों के कार्ड बनाए जा रहे हैं। शुक्रवार को हाथरस जंक्शन क्षेत्र के गांव धौरपुर में रोस्टर के अनुसार गोल्डन कार्ड बनाने के लिए शिविर लगाया गया। शुरुआत में गांव के कुछ लोग आए और सूची में अपना नाम तलाशने लगे।
सूची में नहीं होने की दशा में उन्होंने कार्ड बनाने की बात कही तो केंद्र संचालक ने सूची में नाम दर्ज नहीं होने से कार्ड बनाने से इंकार कर दिया। ग्रामीणों ने हंगामा शुरू कर दिया और सीएससी के वीएलई से अभद्रता शुरू कर दी। मामले को बढ़ता देख सीएससी संचालक सत्यवीर सिंह सेंगर ने इसकी सूचना सीएससी के जिला प्रबंधक प्रदीप सिंह को दी।
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जिला प्रबंधक ने इस मामले की सूचना डीएम प्रवीण कुमार लक्षकार और ईडीएम मनोज उपाध्याय को दी। डीएम ने तत्काल मामले की गंभीरता को देखते हुए गांव में पुलिस को भेजा। पुलिस के पहुंचने के बाद मामला शांत हुआ। पुलिस की मौजूदगी गोल्डन कार्ड बनाए गए।
सीएससी संचालकों चेतावनी दी है कि अगर इस तरीके से गांवों में वीएलई के साथ अभद्र व्यवहार किया गया तो कोई भी वीएलई आने वाले दिनों में शिविर नहीं लगाएगा। जिला प्रबंधक सीएससी प्रदीप सिंह ने बताया कि गांव धौरपुर ने ग्रामीणों ने सूची में नाम नहीं होने पर हंगामा किया था, लेकिन बाद में पुलिस के पहुंचने पर मामला शांत हो गया।
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वीएलई के साथ की अभद्रता, पुलिस की मौजूदगी में बने कार्ड
अभद्र व्यवहार होने पर नहीं लगाएंगे गांवों में शिविर शिविर, सीएससी केंद्र संचालकों ने दी चेतावनी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, हाथरस
हाथरस। हाथरस जंक्शन क्षेत्र के गांव धौरपुर में ग्रामीणों ने आयुष्मान गोल्डन कार्ड बनाए जाने वाली सूची में नाम दर्ज नहीं होने पर सीएससी संचालक के साथ अभद्रता की और हंगामा किया। सूचना पाकर कोतवाली हाथरस जंक्शन पुलिस मौके पर पहुंच गई। पुलिस की मौजूदगी में गोल्डन कार्ड बनाए गए।
आयुष्मान प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना के तहत जिले में सीएससी के माध्यम से गोल्डन कार्ड बनाने के लिए गांवों में शिविर लगाए जा रहे हैं। शिविरों में गोल्डन कार्ड बनने वाली सूची में शामिल लोगों के कार्ड बनाए जा रहे हैं। शुक्रवार को हाथरस जंक्शन क्षेत्र के गांव धौरपुर में रोस्टर के अनुसार गोल्डन कार्ड बनाने के लिए शिविर लगाया गया। शुरुआत में गांव के कुछ लोग आए और सूची में अपना नाम तलाशने लगे।
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सूची में नहीं होने की दशा में उन्होंने कार्ड बनाने की बात कही तो केंद्र संचालक ने सूची में नाम दर्ज नहीं होने से कार्ड बनाने से इंकार कर दिया। ग्रामीणों ने हंगामा शुरू कर दिया और सीएससी के वीएलई से अभद्रता शुरू कर दी। मामले को बढ़ता देख सीएससी संचालक सत्यवीर सिंह सेंगर ने इसकी सूचना सीएससी के जिला प्रबंधक प्रदीप सिंह को दी।
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जिला प्रबंधक ने इस मामले की सूचना डीएम प्रवीण कुमार लक्षकार और ईडीएम मनोज उपाध्याय को दी। डीएम ने तत्काल मामले की गंभीरता को देखते हुए गांव में पुलिस को भेजा। पुलिस के पहुंचने के बाद मामला शांत हुआ। पुलिस की मौजूदगी गोल्डन कार्ड बनाए गए।
सीएससी संचालकों चेतावनी दी है कि अगर इस तरीके से गांवों में वीएलई के साथ अभद्र व्यवहार किया गया तो कोई भी वीएलई आने वाले दिनों में शिविर नहीं लगाएगा। जिला प्रबंधक सीएससी प्रदीप सिंह ने बताया कि गांव धौरपुर ने ग्रामीणों ने सूची में नाम नहीं होने पर हंगामा किया था, लेकिन बाद में पुलिस के पहुंचने पर मामला शांत हो गया।