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शीतलहर में दो की मौत, सर्द हवाओं ने छुड़ाई कंपकपी
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संवाद न्यूज एजेंसी, हाथरस।
भीषण शीतलहर लोगों के लिए जानलेवा साबित हो रही है। शीतलहर में दो अन्य लोगों की मौत हो गई। मंगलवार को हालांकि धूप तो निकली लेकिन लोगों को सर्दी से राहत नहीं मिली। सोमवार की अपेक्षा तापमान ज्यादा रहा। शाम ढलते ही कड़ाकेे की सर्दी से पूरा जनजीवन अस्त व्यस्त हो गया।
पिछले कई दिनों से गलन भरी सर्दी से लोगों का हाल बेहाल है। मंगलवार को हालांकि न्यूनतम तापमान थोड़ा ज्यादा रहा और धूप भी निकली, लेकिन फिर भी सर्दी से लोगों को निजात नहीं मिली। दो अन्य लोगों की शीतलहर के चलते मौत हो गई। 85 वर्षीय वृद्ध कन्हैया लाल पुत्र हरनारायन निवासी नवलनगर व रमनपुर निवासी उमेश की हालत सर्दी में बिगड़ गई और इनकी मौत हो गई। इधर पूरे दिन बर्फीली हवाओं ने लोगों को परेशान किए रखा। सर्दी से बचने के लिए लोगों ने तरह तरह के जतन किए। किसी ने अलाव का सहारा लिया तो किसी गरम कपड़े का। शाम ढलने के बाद सर्द हवाओं ने लोगों के शरीर पर नश्तर की तरह बार किए। बाजारों में भीड़ भी कम रही। सर्दी से बचने के लिए लोग जल्दी घरों में कैद हो गए।
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भीषण शीतलहर लोगों के लिए जानलेवा साबित हो रही है। शीतलहर में दो अन्य लोगों की मौत हो गई। मंगलवार को हालांकि धूप तो निकली लेकिन लोगों को सर्दी से राहत नहीं मिली। सोमवार की अपेक्षा तापमान ज्यादा रहा। शाम ढलते ही कड़ाकेे की सर्दी से पूरा जनजीवन अस्त व्यस्त हो गया।
पिछले कई दिनों से गलन भरी सर्दी से लोगों का हाल बेहाल है। मंगलवार को हालांकि न्यूनतम तापमान थोड़ा ज्यादा रहा और धूप भी निकली, लेकिन फिर भी सर्दी से लोगों को निजात नहीं मिली। दो अन्य लोगों की शीतलहर के चलते मौत हो गई। 85 वर्षीय वृद्ध कन्हैया लाल पुत्र हरनारायन निवासी नवलनगर व रमनपुर निवासी उमेश की हालत सर्दी में बिगड़ गई और इनकी मौत हो गई। इधर पूरे दिन बर्फीली हवाओं ने लोगों को परेशान किए रखा। सर्दी से बचने के लिए लोगों ने तरह तरह के जतन किए। किसी ने अलाव का सहारा लिया तो किसी गरम कपड़े का। शाम ढलने के बाद सर्द हवाओं ने लोगों के शरीर पर नश्तर की तरह बार किए। बाजारों में भीड़ भी कम रही। सर्दी से बचने के लिए लोग जल्दी घरों में कैद हो गए।
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