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Hathras News: अमृत योजना के दावों में छेद...सड़कों पर बह रहा पानी, घरों में कंठ प्यासे

Sat, 27 Jun 2026 02:16 AM IST
अलीगढ़ ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, हाथरस
संवाद न्यूज एजेंसी, हाथरस Updated Sat, 27 Jun 2026 02:16 AM IST
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Today, holes have been poked in the claims of the special Amrit Yojana... water is flowing on the streets, while households remain parched.
आवास-विकास कॉलोनी के सेक्टर एक में पाइप लाइन से बहता पानी। संवाद - फोटो : Samvad
शहर में करोड़ों की अमृत योजना के दावों में छेद ही छेद नजर आ रहे हैं। कहीं पाइप लाइन में लीकेज से पानी सड़कों पर बह रहा है तो कहीं छह वर्ष बाद भी पाइपलाइन नहीं बिछ सकी। नतीजा, शहर की एक लाख से अधिक आबादी बूंद-बूंद पानी के लिए मोहताज है।
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सबसे गंभीर हालात वार्ड संख्या तीन, पांच, 16 और 17 के अलावा एमजी पॉलिटेक्निक के आसपास के इलाकों में हैं। हालात यह हैं कि कई स्थानों पर वर्षों से पाइपलाइन लीकेज के कारण पेयजल सड़कों पर बहकर बर्बाद हो रहा है, लेकिन उसकी मरम्मत नहीं कराई गई। वहीं कई इलाकों में योजना शुरू होने के छह वर्ष बाद भी पाइपलाइन बिछाने का काम अधूरा है। ऐसे में लोगों को टैंकरों और निजी साधनों पर निर्भर रहना पड़ रहा है।
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वार्ड 16 (सोखना)
छह साल बाद भी नहीं पहुंचा पानी राजेंद्र नगर और सोखना गांव के क्षेत्र में करीब 18 से 20 हजार की आबादी निवास करती है, जहां पांच से छह हजार मतदाता और लगभग तीन हजार आवास हैं। नगर पालिका क्षेत्र में शामिल हुए इसे छह साल बीत चुके हैं, लेकिन यहां पानी की कोई सुविधा नहीं दी गई। अमृत योजना की पाइप लाइन भी नहीं बिछी है। वार्ड में कुल 40 हैंडपंप हैं, जिनमें से आठ रीबोर होने की स्थिति में हैं।
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वार्ड 17 (गिजरौली)
लीकेज से घरों तक नहीं पहुंचता पानी
20 हजार की आबादी और तीन हजार परिवारों वाले इस वार्ड में पेयजल व्यवस्था पूरी तरह चरमरा गई है। गिजरौली के कुछ क्षेत्रों में पाइपलाइन तो बिछ गई है, लेकिन पीछे से भारी लीकेज होने के कारण पानी घरों तक पहुंच ही नहीं पाता। वार्ड में कुल 72 में से 21 हैंडपंप तो नए लगे हैं, लेकिन लगभग 40 हैंडपंप खराब पड़े हैं, जिससे संकट और गहरा गया है।

वार्ड 3 (आवास विकास कॉलोनी)
दो साल से काम चालू, पर पानी का अकाल
21 हजार की आबादी और 65 सौ वोटरों वाली इस वीआईपी कॉलोनी में पिछले दो साल से अमृत योजना की पाइपलाइन बिछाई जा रही है, लेकिन पानी सुचारू रूप से चालू नहीं हो सका है। सेक्टर एक में एमएलडीवी पब्लिक स्कूल के ठीक सामने मुख्य लाइन में बड़ा लीकेज है, जिससे पानी रास्ते में ही फालतू बह जाता है और नलों तक प्रेशर नहीं पहुंच पाता। क्षेत्र के 58 में से 23 हैंडपंपों को रिबोर की दरकार है।

एमजी पॉलिटेक्निक (नगला मियां)
तीन साल से सड़क पर बह रहा पानी
आगरा रोड स्थित एमजी पॉलिटेक्निक के सामने नगला मियां पर पिछले तीन साल से अमृत योजना की पाइपलाइन में लीकेज है। कई बार मरम्मत के बावजूद यह लीकेज ठीक नहीं हो पाया है। सुबह-शाम हजारों लीटर साफ पानी सड़क पर बहकर बर्बाद होता है। इसी मुख्य लाइन में लीकेज के कारण आगे गिजरौली क्षेत्र के नलों में पानी का प्रेशर खत्म हो जाता है। यहां पानी रास्ते में बह रहा है और गिजरौली के लोग प्यासे रह जाते हैं।

वार्ड 5 (भोजा नगला, कंचन नगर)
10 हैंडपंप खराब, जनता परेशान
20 हजार की आबादी वाले इस वार्ड में भी पानी की किल्लत कम नहीं है। वार्ड के कुल 45 में से करीब 10 हैंडपंप लंबे समय से खराब पड़े हैं। रही-सही कसर अमृत योजना की पाइपलाइन में जगह-जगह होने वाले लीकेज पूरी कर देते हैं। कई बार शिकायत करने के बावजूद यहां पानी की आपूर्ति के इंतजाम दुरुस्त नहीं कराए गए हैं।

पुराने शहर में पानी की सप्लाई- 20.25 एमएलडी
ओवरहेड टैंक - 11
सडक़ों पर बह रहा पानी - 3 से 4 एमएलडी

विस्तारित आठ वार्डों के लिए भेजा 84 करोड़ का प्रस्ताव
नगर पालिका परिषद का सीमा विस्तार हो चुका है। वार्डों की संख्या 27 से बढ़कर 35 हो चुकी है। इन आठ वार्डों में करीब 18 हजार परिवार शामिल हुए हैं। यहां अभी तक पेयजल की व्यवस्था नहीं हो सकी है। पुराने संसाधनों के भरोसे ही इन इलाकों के लोग हैं। जल निगम ने अब अमृत योजना 2.0 के तहत 84 करोड़ रुपये का प्रस्ताव तैयार कर शासन को भेजा है।

आवास-विकास कॉलोनी के सेक्टर एक में अमृत योजना की पाइपलाइन में बड़ा लीकेज है। पानी रास्ते में बह जाता है और प्रेशर न होने के कारण हमारे घरों तक पानी पहुंच ही नहीं पाता।
-वीरेंद्र कुमार निवासी आवास-विकास कॉलोनी सेक्टर एक।


इस भीषण गर्मी के मौसम में हैंडपंप खराब पड़ा है। पानी के लिए दूर-दूर भटकना पड़ता है। नगर पालिका में कई बार शिकायत की जा चुकी है, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हुई।
-ओम प्रकाश यादव निवासी कंचन नगर।

हमारे गांव को नगर पालिका क्षेत्र में शामिल हुए छह साल हो चुके हैं, लेकिन अब तक अमृत योजना की पाइपलाइन नहीं बिछाई गई है। इस भीषण गर्मी में सरकारी हैंडपंप भी खराब पड़े हैं। लोग बेहद परेशान हैं।

-प्रदीप ठाकुर एडवोकेट निवासी सोखना।
पूरे शहर में पानी की आपूर्ति मांग के अनुसार दी जा रही है। अभी दो बड़े लीकेज की शिकायत की मिली थी। शिकायत के बाद इन्हें ठीक करा दिया गया है। अगर कहीं अन्य जगह लीकेज हैं तो उन्हें ठीक करा दिया जाएगा।
रोहित सिंह, ईओ, नगर पालिका हाथरस
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