Exclusive News एक्सक्लूसिव खबरें
Free E-Paper फ्री में ई-पेपर पढ़ें
ऐप डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Hathras News ›   Tinnitus caused by excessive use of headphones and mobile phones

Tinnitus: हेडफोन और मोबाइल का अधिक इस्तेमाल, कम उम्र में ही कानों में गूंज रही घंटी की आवाज

Sun, 23 Feb 2025 04:48 PM IST
चमन शर्मा अमर उजाला नेटवर्क, हाथरस
अमर उजाला नेटवर्क, हाथरस Published by: चमन शर्मा Updated Sun, 23 Feb 2025 04:48 PM IST
सार

कम उम्र में ही लोग टिनिटस नाम की बीमारी का शिकार हो रहे हैं। इस बीमारी में कान में घंटी बजने जैसी आवाज आती है। यह आवाज बाहरी नहीं होती है।

विज्ञापन
Tinnitus caused by excessive use of headphones and mobile phones
बागला जिला अस्पताल की ओपीडी में लगी मरीजों की कतार - फोटो : संवाद

विस्तार

हेडफोन और मोबाइल फोन के अधिक इस्तेमाल से कम उम्र में ही लोग टिनिटस का शिकार हो रहे हैं। जिला अस्पताल के ईएनटी विभाग में रोजाना इस समस्या से पीड़ित करीब चार मरीज उपचार के लिए पहुंच रहे हैं। चिकित्सक इन मरीजों को दवा के साथ हेडफोन का इस्तेमाल न करने और हैंड फ्री करके मोबाइल फोन का प्रयोग करने की सलाह दे रहे हैं।

विज्ञापन


वर्तमान में मोबाइल फोन जिंदगी का अहम हिस्सा बन गया है। युवा मोबाइल में हेडफोन का ज्यादा इस्तेमाल करते हैं। यही कारण है कि कम उम्र में ही लोग टिनिटस नाम की बीमारी का शिकार हो रहे हैं। इस बीमारी में कान में घंटी बजने जैसी आवाज आती है। यह आवाज बाहरी नहीं होती है। अधिकांशत: यह समस्या अस्थायी होती है। कुछ मामलों में यह समस्या लंबे समय तक रह सकती है। इससे मनुष्य के सुनने की क्षमता भी प्रभावित हो जाती है।
विज्ञापन


कई मामलों में यह आवाज इतनी तेज हो जाती है कि किसी भी विषय पर ध्यान केंद्रित करने में परेशानी का सामना करना पड़ता है। कई बार यह समस्या अपने आप ठीक हो जाती है। टिनिटस दो प्रकार का होता है। पहला सब्जेक्टिव टिनिटस, जिसे मरीज सुन सकता है। दूसरा ऑब्जेक्टिव टिनिटस, जिसे चिकित्सक परीक्षण के बाद ही बता पाते हैं।

विज्ञापन
विज्ञापन

लगातार तेज आवाज के संपर्क में रहने से कान में घंटी जैसी आवाज आना टिनिटस की परेशानी है। इससे मरीज की सुनने की क्षमता भी प्रभावित हो जाती है। इस परेशानी से बचने के लिए तेज आवाज के संपर्क में रहने से बचना चाहिए। हैंड फ्री करके मोबाइल फोन का प्रयोग करना चाहिए। परेशानी होने पर योग्य चिकित्सक का परामर्श लेना चाहिए।- डॉ. केके शर्मा, ईएनटी चिकित्सक, जिला अस्पताल हाथरस।

Trending Videos

टिनिटस के लक्षण

कान में किसी तरह की आवाज या सीटी बजना। कान में झनझनाहट होना। कान में आने वाली आवाज के कारण किसी विषय पर ध्यान केंद्रित करने में परेशानी होना। कान में आने वाली आवाज का कम-ज्यादा होना।

टिनिटस के कारण
कान में मैल। लगातार तेज आवाज के संपर्क में रहना। मोबाइल के हेडफोन का अत्यधिक प्रयोग करना। कान मेें मवाद आदि टिनिटस के प्रमुख कारण हैं।

बचाव के उपाय
तेज आवाज के संपर्क में आने से बचें। हेडफोन का इस्तेमाल न करें। हैंड फ्री करके मोबाइल फोन का इस्तेमाल करें। रात को सोते समय मोबाइल को अलग रखकर साएं। पर्याप्त नींद लें। व्यायाम करें। तनाव से बचें।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed