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देखो मेरे नबी की शान, बच्चा-बच्चा है कुर्बान
अमर उजाला, हाथरस
Updated Sun, 18 Dec 2016 11:37 PM IST
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जुलूस-ए-मोहम्मदी में शामिल अतिथि व नेतागण।
- फोटो : अमर उजाला
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अल्लाह के नवी हजरत मोहम्मद सल्लाह अलेह वसल्लम की यौम-ए-पैदाइश (जन्मदिन) पर किला गेट से सादगी के साथ जुलूस निकाला गया। जुलूस में तिरंगा झंडा और इस्लाम का हरा झंडा भी शान से फहराया गया।
लखनऊ से आए मौलाना साबिर ने जुलूस को झंडी दिखाकर रवाना किया। जुलूस में आधी रोटी खाओ-बच्चों को पढ़ाओ, देखो-देखो मेरे नवी की शान बच्च-बच्चा है कुर्बान, जुलूस-ए-मोहम्मदी जिंदाबाद, पत्ती पत्ती फूल फूल या रसूल या रसूल... के नारों से गुंजायमान रहा। शहर में जुलूस जिस तरफ भी होकर गुजरा, वहीं पर जुलूस देखने के लिए लोगों की भारी भीड़ उमड़ पड़ी।
छतों पर महिलाओं के झुंड जुलूस देखने के लिए लगे रहे। जुलूस में शामिल फूल बरसाने वाली तोप बार-बार फूलों की बारिश कर रही थी। आधा दर्जन घोड़ों पर राष्ट्रीय झंडे के साथ इमामा बांधकर बच्चे साथ चल रहे थे।
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किला गेट से शुरू हुआ जुलूस चक्की बाजार, सरक्यूलर रोड, सासनी गेट, बागला मार्ग, रामलीला ग्राउंड, पंजाबी मार्केट, तालाब चौराहा, मथुरा रोड, रानी मिल, बांस मंडी, घास मंडी, सादाबाद गेट, बस स्टैंड, चूना वाला डंडा, लोहट बाजार, मोती बाजार, नयागंज, चामड़ गेट होते हुए पुन: किला गेट पर पहुंचकर समाप्त हुआ। जुलूस में लोक लेखा समिति के सभापति रामवीर उपाध्याय, सपा प्रत्याशी मूलचंद निम, बसपा प्रत्याशी ब्रजमोहन राही, मनोज सोनी सहित अन्य नेताओं का ऑल इंडिया शेख जमीअतुल अब्बासी कमेटी के सदर पूर्व सभासद डॉ. रईस अहमद अब्बासी के नेतृत्व में इमामा बांधकर जोशीला स्वागत हुआ।
अब्बासी ने कहा कि मोहम्मद साहब शांति, अमन औश्र चैन का पैगाम लेकर आए और बड़ी ही मोहब्बत व खुलूस के साथ इस्लाम धर्म को फैलाया। इस्लाम धर्म सच्चाई और नेकी पर चलना सिखाता है, न कि आतंकवाद या खून खराबा करना। इसके बाद मुस्लिम विद्वानों ने भी तकरीरें पढ़ कर दुनिया में अमन चैन की अल्लाह ताला से दुआ की।
जुलूस में हाजी फजर्लुरहमान, बसपा जिलाध्यक्ष दिनेश देशमुख, विजय सिंह प्रेमी, हाजी रिजवान अहमद कुरैशी, शौवी कुरैशी, रामनारायण काके, चंद्रगुप्त विक्रमादित्य, रामवीर सिंह भैयाजी, हाजी अबुल रहीम, हाजी नबाब, वीरी सिंह कर्दम, सैयद हाफिज नदीम, मौलाना मुकीम रजा, मौलाना मजाहिद रजा, मौलाना यूसुफ कादरी, साबिर हुसैन, अजहर बेग, अजीज खा, सिराज भाई, इस्लाम अब्बासी, नसरुद्दीन, बाबुद्दीन अब्बासी, राशिद खान, जैनुद्दीन, कल्लू भाई, शरपुद्दीन, मुशीर अंसारी, वारिस अंसारी, साविर बेग, मो. इशाहक, गुड्डू, चांद मोहम्मद, शमशाद पहलवान, सुलेमान खान, शकील अहमद अब्बासी, मो. इशहाक, आसिफ अब्बासी, शमशाद, शान मोहम्मद, राजा, रईस खान, काले भाई, सनी, कासिम पहलवान सहित काफी लोग शामिल थे।
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लखनऊ से आए मौलाना साबिर ने जुलूस को झंडी दिखाकर रवाना किया। जुलूस में आधी रोटी खाओ-बच्चों को पढ़ाओ, देखो-देखो मेरे नवी की शान बच्च-बच्चा है कुर्बान, जुलूस-ए-मोहम्मदी जिंदाबाद, पत्ती पत्ती फूल फूल या रसूल या रसूल... के नारों से गुंजायमान रहा। शहर में जुलूस जिस तरफ भी होकर गुजरा, वहीं पर जुलूस देखने के लिए लोगों की भारी भीड़ उमड़ पड़ी।
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छतों पर महिलाओं के झुंड जुलूस देखने के लिए लगे रहे। जुलूस में शामिल फूल बरसाने वाली तोप बार-बार फूलों की बारिश कर रही थी। आधा दर्जन घोड़ों पर राष्ट्रीय झंडे के साथ इमामा बांधकर बच्चे साथ चल रहे थे।
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किला गेट से शुरू हुआ जुलूस चक्की बाजार, सरक्यूलर रोड, सासनी गेट, बागला मार्ग, रामलीला ग्राउंड, पंजाबी मार्केट, तालाब चौराहा, मथुरा रोड, रानी मिल, बांस मंडी, घास मंडी, सादाबाद गेट, बस स्टैंड, चूना वाला डंडा, लोहट बाजार, मोती बाजार, नयागंज, चामड़ गेट होते हुए पुन: किला गेट पर पहुंचकर समाप्त हुआ। जुलूस में लोक लेखा समिति के सभापति रामवीर उपाध्याय, सपा प्रत्याशी मूलचंद निम, बसपा प्रत्याशी ब्रजमोहन राही, मनोज सोनी सहित अन्य नेताओं का ऑल इंडिया शेख जमीअतुल अब्बासी कमेटी के सदर पूर्व सभासद डॉ. रईस अहमद अब्बासी के नेतृत्व में इमामा बांधकर जोशीला स्वागत हुआ।
अब्बासी ने कहा कि मोहम्मद साहब शांति, अमन औश्र चैन का पैगाम लेकर आए और बड़ी ही मोहब्बत व खुलूस के साथ इस्लाम धर्म को फैलाया। इस्लाम धर्म सच्चाई और नेकी पर चलना सिखाता है, न कि आतंकवाद या खून खराबा करना। इसके बाद मुस्लिम विद्वानों ने भी तकरीरें पढ़ कर दुनिया में अमन चैन की अल्लाह ताला से दुआ की।
जुलूस में हाजी फजर्लुरहमान, बसपा जिलाध्यक्ष दिनेश देशमुख, विजय सिंह प्रेमी, हाजी रिजवान अहमद कुरैशी, शौवी कुरैशी, रामनारायण काके, चंद्रगुप्त विक्रमादित्य, रामवीर सिंह भैयाजी, हाजी अबुल रहीम, हाजी नबाब, वीरी सिंह कर्दम, सैयद हाफिज नदीम, मौलाना मुकीम रजा, मौलाना मजाहिद रजा, मौलाना यूसुफ कादरी, साबिर हुसैन, अजहर बेग, अजीज खा, सिराज भाई, इस्लाम अब्बासी, नसरुद्दीन, बाबुद्दीन अब्बासी, राशिद खान, जैनुद्दीन, कल्लू भाई, शरपुद्दीन, मुशीर अंसारी, वारिस अंसारी, साविर बेग, मो. इशाहक, गुड्डू, चांद मोहम्मद, शमशाद पहलवान, सुलेमान खान, शकील अहमद अब्बासी, मो. इशहाक, आसिफ अब्बासी, शमशाद, शान मोहम्मद, राजा, रईस खान, काले भाई, सनी, कासिम पहलवान सहित काफी लोग शामिल थे।