{"_id":"6a7f70ad2b97c1f33c04b533","slug":"naib-tehsildars-vehicle-runs-over-three-people-including-a-grandfather-and-grandson-highway-blocked-hathras-news-c-56-1-hts1004-152827-2026-08-15","type":"story","status":"publish","title_hn":"Hathras News: नायब तहसीलदार की गाड़ी ने बाबा-नाती सहित तीन को रौंदा, हाईवे पर लगाया जाम","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Hathras News: नायब तहसीलदार की गाड़ी ने बाबा-नाती सहित तीन को रौंदा, हाईवे पर लगाया जाम
Sat, 15 Aug 2026 01:16 AM IST
अलीगढ़ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, हाथरस
संवाद न्यूज एजेंसी, हाथरस
Updated Sat, 15 Aug 2026 01:16 AM IST
विज्ञापन
हाईवे पर जाम के दौरान विलाप करतीं बच्चे की बुआ और दादी। संवाद
- फोटो : Samvad
मथुरा-बरेली राष्ट्रीय राजमार्ग पर शुक्रवार शाम सलेमपुर गांव के निकट मजिस्ट्रेट की गाड़ी ने सामने से आ रहे मोपेड सवार तीन लोगों को रौंद दिया। हादसे में गांव ठूलई के सुभाषचंद्र (56) और उनके छह वर्ष के नाती दक्ष की मौत हो गई। मोपेड पर सवार युवक गंभीर घायल हो गया।
ग्रामीणों का आरोप है कि गाड़ी में सिकंदराराऊ के नायब तहसीलदार अशोक गुप्ता मौजूद थे। घटना के बाद चालक भाग निकला जबकि मौके पर पहुंची पुलिस ने नायब तहसीलदार को वहां से भागने में मदद की। इससे आक्रोशित ग्रामीणों ने हाईवे पर जाम लगा दिया।
सलेमपुर वाले मार्ग को भी बंद कर दिया। बच्चे की बुआ व दादी घटनास्थल पर पहुंचते ही गश खाकर गिर पड़ीं। होश में आने पर मजिस्ट्रेट की गाड़ी के आगे लेट गईं। स्थिति बिगड़ती देख कई थानों की फोर्स मौके पर बुलाई गई। अधिकारी देर रात तक ग्रामीणों को समझाने में जुटे रहे।
विज्ञापन
बाजार से लौट रहे थे तीनों
शुक्रवार की शाम छह बजे सुभाषचंद्र अपनी मोपेड पर दक्ष को बैठाकर सलेमपुर बाजार गए थे। लौटते समय गांव का ही सोनू (40) भी मिल गया। शाम सात बजे के करीब तीनों मोपेड से गांव लौट रहे थे। सुभाष मोपेड चला रहे थे। दक्ष आगे बैठा था तथा सोनू पीछे। ठूलई व सलेमपुर की दूरी दो किलोमीटर है। सलेमपुर से एनएच बाईपास कट पर चढ़ते ही सामने आ रही तेज रफ्तार बोलेरो ने तीनों को रौंद दिया। तीनों बुरी तरह जख्मी हो गए। दक्ष व उसके बाबा की मौके पर ही मौत हो गई। सोनू के सिर में गहरी चोट आई और दाहिने पैर की हड्डी कई जगह से टूट गई। पुलिस तीनों को तीनों को अस्पताल लेकर पहुंची जहां चिकित्सकों ने सुभाषचंद्र और दक्ष की मौत की पुष्टि की। सोनू ने देर रात अलीगढ़ में उपचार के दाैरान दम तोड़ दिया।
अस्पताल पहुंचाने से किया इन्कार, गाड़ी का शीशा तोड़ा
ग्रामीण दर्शन ने बताया कि हादसे के तुरंत बाद वह मौके पर पहुंच गए थे। दर्शन ने दावा किया कि हादसे के बाद सुभाष व उनके नाती की सांसें चल रही थीं। उन्होंने नायब तहसीलदार से उनकी ही गाड़ी से तीनों को अस्पताल पहुंचाने के लिए कहा तो उन्होंने इन्कार कर दिया। कहा कि वे एंबुलेंस बुला रहे हैं। दर्शन का आरोप है कि जब उन्होंने नायब तहसीलदार के इस रवैये का विरोध किया तो उन्होंने हाथ चला दिया। इसके बाद उन्होंने गांव में सूचना दी। गांव के लोग एकत्रित हुए तब तक पुलिस भी पहुंच गई। आक्रोशित ग्रामीणों में से किसी ने मजिस्ट्रेट की गाड़ी का शीशा तोड़ दिया। इसके बाद पुलिस ने नायब तहसीलदार को वहां से हटाया।
हादसा दुखद है। घटना के कारणों का पता किया जा रहा है। गाड़ी में नायब तहसीलदार अशोक गुप्ता सवार थे। ग्रामीणों ने अभी लिखित शिकायत नहीं की है। गाड़ी के ड्राइवर की तलाश की जा रही है।
चिरंजीवनाथ सिन्हा, पुलिस अधीक्षक
विज्ञापन
ग्रामीणों का आरोप है कि गाड़ी में सिकंदराराऊ के नायब तहसीलदार अशोक गुप्ता मौजूद थे। घटना के बाद चालक भाग निकला जबकि मौके पर पहुंची पुलिस ने नायब तहसीलदार को वहां से भागने में मदद की। इससे आक्रोशित ग्रामीणों ने हाईवे पर जाम लगा दिया।
विज्ञापन
सलेमपुर वाले मार्ग को भी बंद कर दिया। बच्चे की बुआ व दादी घटनास्थल पर पहुंचते ही गश खाकर गिर पड़ीं। होश में आने पर मजिस्ट्रेट की गाड़ी के आगे लेट गईं। स्थिति बिगड़ती देख कई थानों की फोर्स मौके पर बुलाई गई। अधिकारी देर रात तक ग्रामीणों को समझाने में जुटे रहे।
विज्ञापन
बाजार से लौट रहे थे तीनों
शुक्रवार की शाम छह बजे सुभाषचंद्र अपनी मोपेड पर दक्ष को बैठाकर सलेमपुर बाजार गए थे। लौटते समय गांव का ही सोनू (40) भी मिल गया। शाम सात बजे के करीब तीनों मोपेड से गांव लौट रहे थे। सुभाष मोपेड चला रहे थे। दक्ष आगे बैठा था तथा सोनू पीछे। ठूलई व सलेमपुर की दूरी दो किलोमीटर है। सलेमपुर से एनएच बाईपास कट पर चढ़ते ही सामने आ रही तेज रफ्तार बोलेरो ने तीनों को रौंद दिया। तीनों बुरी तरह जख्मी हो गए। दक्ष व उसके बाबा की मौके पर ही मौत हो गई। सोनू के सिर में गहरी चोट आई और दाहिने पैर की हड्डी कई जगह से टूट गई। पुलिस तीनों को तीनों को अस्पताल लेकर पहुंची जहां चिकित्सकों ने सुभाषचंद्र और दक्ष की मौत की पुष्टि की। सोनू ने देर रात अलीगढ़ में उपचार के दाैरान दम तोड़ दिया।
अस्पताल पहुंचाने से किया इन्कार, गाड़ी का शीशा तोड़ा
ग्रामीण दर्शन ने बताया कि हादसे के तुरंत बाद वह मौके पर पहुंच गए थे। दर्शन ने दावा किया कि हादसे के बाद सुभाष व उनके नाती की सांसें चल रही थीं। उन्होंने नायब तहसीलदार से उनकी ही गाड़ी से तीनों को अस्पताल पहुंचाने के लिए कहा तो उन्होंने इन्कार कर दिया। कहा कि वे एंबुलेंस बुला रहे हैं। दर्शन का आरोप है कि जब उन्होंने नायब तहसीलदार के इस रवैये का विरोध किया तो उन्होंने हाथ चला दिया। इसके बाद उन्होंने गांव में सूचना दी। गांव के लोग एकत्रित हुए तब तक पुलिस भी पहुंच गई। आक्रोशित ग्रामीणों में से किसी ने मजिस्ट्रेट की गाड़ी का शीशा तोड़ दिया। इसके बाद पुलिस ने नायब तहसीलदार को वहां से हटाया।
हादसा दुखद है। घटना के कारणों का पता किया जा रहा है। गाड़ी में नायब तहसीलदार अशोक गुप्ता सवार थे। ग्रामीणों ने अभी लिखित शिकायत नहीं की है। गाड़ी के ड्राइवर की तलाश की जा रही है।
चिरंजीवनाथ सिन्हा, पुलिस अधीक्षक