{"_id":"587919d14f1c1bc156ba9ecb","slug":"lohri-dissolved-sweetness-joy-shadow","type":"story","status":"publish","title_hn":"लोहड़ी की घुली मिठास, छाया उल्लास","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
लोहड़ी की घुली मिठास, छाया उल्लास
अमर उजाला, हाथरस
Updated Fri, 13 Jan 2017 11:48 PM IST
विज्ञापन
नेहरू नगर कालोनी में लोहड़ी का जश्न मनाते पंजाबी समाज के लोग।
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
लोहड़ी की पावन अग्नि के सामने अनेक संस्कृतियां गले मिल रही थीं। कहीं गायत्री मंत्र की गूंज थी, तो कहीं ओम जय जगदीश हरे के पावन स्वर। ढोल नगाड़ों की थाप पर पांव थिरक रहे थे। भांगड़ा-गिद्दा का धमाल भी मचा। सब एक दूसरे से लोहड़ी की लख-लख बधाइयां दे रहे थे। शुक्रवार की रात लोहड़ी की धूम मची रही।
शाम सात बजे बाद से घरों में लोहड़ी का जलना शुरू हो गया। नव जोड़ों और नवजात शिशुओं वाले घरों में गजब की रौनक थी। शहर की पंजाबी बस्तियों में कहीं बेटे के जन्म तो कहीं शादी की खुशी में लोहड़ी का जश्न मनाया गया।
नेहरु नगर कॉलोनी हो या पंजाबी क्वार्टर, रामनगर कॉलोनी हो या फिर हीरालाल क्वार्टर। इन पंजाबी बस्तियों का माहौल शुक्रवार की शाम को जश्न से गुलजार था। कहीं डीजे या साउंड सिस्टम के धमाकेदार संगीत पर लोग खुशी से झूमते हुए नजर आए, तो कहीं ढोल नगाड़ों की धुन पर हाथ उठाकर ठुमके लगाते हुए।
विज्ञापन
गीत संगीत के इस जश्न में बच्चे, महिलाएं, नौजवान और बुजुर्ग सभी पंजाबी संगीत पर झूम रहे थे। महिलाओं ने लोहड़ी के पंजाबी गीत गाकर माहौल को और खुशनुमा बना दिया। हर चेहरे पर लोहड़ी का उल्लास और उमंग साफ नजर आई।
नवजात बच्चों और नई शादी वाले जोड़ों की न्योछावर की गई। कई घरों में तो पड़ोसियों और नाते रिश्तेदारों को लोहड़ी की खुशी में दावत भी दी गई। यहां लजीज और जायकेदार व्यंजनों के जायके के बीच लोहड़ी की बधाइयों का आदान-प्रदान हुआ।
नया मिल कंपाउंड स्थित बचपन प्ले स्कूल में लोहड़ी का उत्सव धूमधाम से मनाया गया। नन्हे-मुन्ने बच्चों ने पंजाबी पोशाक में ठुमके लगाए। बच्चों को मूंगफली और रेवड़ी का वितरण किया गया। प्रबंधक सुधा अग्रवाल ने सभी का उत्साहवर्द्धन किया।
सासनी में इनरव्हील क्लब की अध्यक्ष प्रज्ञा वार्ष्णेय की अध्यक्षता में प्राथमिक विद्यालय नंबर 2 में लोहड़ी एवं मकर संक्रांति के उपलक्ष्य में स्वच्छता जागरूक कार्यक्रम का आयोजन कराया गया। इस दौरान स्कूली बच्चों को स्वास्थ्य एवं पर्यावरण संबंधी जानकारी दी गई।
विज्ञापन
शाम सात बजे बाद से घरों में लोहड़ी का जलना शुरू हो गया। नव जोड़ों और नवजात शिशुओं वाले घरों में गजब की रौनक थी। शहर की पंजाबी बस्तियों में कहीं बेटे के जन्म तो कहीं शादी की खुशी में लोहड़ी का जश्न मनाया गया।
विज्ञापन
नेहरु नगर कॉलोनी हो या पंजाबी क्वार्टर, रामनगर कॉलोनी हो या फिर हीरालाल क्वार्टर। इन पंजाबी बस्तियों का माहौल शुक्रवार की शाम को जश्न से गुलजार था। कहीं डीजे या साउंड सिस्टम के धमाकेदार संगीत पर लोग खुशी से झूमते हुए नजर आए, तो कहीं ढोल नगाड़ों की धुन पर हाथ उठाकर ठुमके लगाते हुए।
विज्ञापन
गीत संगीत के इस जश्न में बच्चे, महिलाएं, नौजवान और बुजुर्ग सभी पंजाबी संगीत पर झूम रहे थे। महिलाओं ने लोहड़ी के पंजाबी गीत गाकर माहौल को और खुशनुमा बना दिया। हर चेहरे पर लोहड़ी का उल्लास और उमंग साफ नजर आई।
नवजात बच्चों और नई शादी वाले जोड़ों की न्योछावर की गई। कई घरों में तो पड़ोसियों और नाते रिश्तेदारों को लोहड़ी की खुशी में दावत भी दी गई। यहां लजीज और जायकेदार व्यंजनों के जायके के बीच लोहड़ी की बधाइयों का आदान-प्रदान हुआ।
नया मिल कंपाउंड स्थित बचपन प्ले स्कूल में लोहड़ी का उत्सव धूमधाम से मनाया गया। नन्हे-मुन्ने बच्चों ने पंजाबी पोशाक में ठुमके लगाए। बच्चों को मूंगफली और रेवड़ी का वितरण किया गया। प्रबंधक सुधा अग्रवाल ने सभी का उत्साहवर्द्धन किया।
सासनी में इनरव्हील क्लब की अध्यक्ष प्रज्ञा वार्ष्णेय की अध्यक्षता में प्राथमिक विद्यालय नंबर 2 में लोहड़ी एवं मकर संक्रांति के उपलक्ष्य में स्वच्छता जागरूक कार्यक्रम का आयोजन कराया गया। इस दौरान स्कूली बच्चों को स्वास्थ्य एवं पर्यावरण संबंधी जानकारी दी गई।
लोहड़ी एवं मकर संक्रांति के महत्व पर प्रकाश डालते हुए क्लब की अध्यक्ष प्रज्ञा वार्ष्णेय ने कहा कि यह त्यौहार भारतीय संस्कृति की पहचान है। बच्चों को मूंगफली एवं गजक व रेवड़ी वितरित की। कार्यक्रम में क्लब की सचिन पूजा वार्ष्णेय, एवं श्वेता सिंह, नीतू गुप्ता, अनामिका जैन, नमिता अग्रवाल, यश अग्रवाल, सोनल अग्रवाल, पारुल अग्रवाल, रिंकी जादौन, सरोज सिंह, कनिका वार्ष्णेय, रश्मि वार्ष्णेय, सुमन गुप्ता, राधा वार्ष्णेय, अंजू वार्ष्णेय आदि शिक्षक-शिक्षिकाएं मौजूद थे।