{"_id":"6238c9da6e315374aa5f57bb","slug":"hathras-responsibility-of-dios-for-receiving-keeping-and-distribution-of-question-papers-hathras-news-ali2875288124","type":"story","status":"publish","title_hn":"हाथरस : प्रश्नपत्रों को प्राप्त करने, रखने एवं वितरण की जिम्मेदारी डीआईओएस की","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
हाथरस : प्रश्नपत्रों को प्राप्त करने, रखने एवं वितरण की जिम्मेदारी डीआईओएस की
विज्ञापन
कलेक्ट्रेट सभागार में बैठक लेते एडीएम। संवाद
- फोटो : HATHRAS
संवाद न्यूज एजेंसी, हाथरस।
24 मार्च से होनी वाली यूपी बोर्ड की परीक्षाओं को नकल विहीन कराए जाने को लेकर एडीएम बसंत अग्रवाल ने कलेक्ट्रेट सभागार में स्टैटिक व जोनल मजिस्ट्रेटों के साथ बैठक की। इसमें गैरहाजिर मजिस्ट्रेटों के एक दिन का वेतन रोकने के निर्देश जिला विद्यालय निरीक्षक को दिए।
एडीएम ने कहा कि प्रश्नपत्रों को प्राप्त करने, उन्हें पुलिस अभिरक्षा में सुरक्षित स्थान पर पहुंचाने, रखवाने एवं परीक्षा केंद्रों पर वितरित कराने का उत्तरदायित्व संबंधित डीआईओएस का होगा। एडीएम ने कहा कि परीक्षा केंद्रों पर प्रश्नपत्रों का वितरण जिला मजिस्ट्रेट द्वारा नामित स्टैटिक मजिस्ट्रेट, केंद्र व्यवस्थापक एवं बाह्य केंद्र व्यवस्थापक की नियुक्ति के बाद ही किया जाए।
प्रश्नपत्रों को परीक्षा केंद्रों पर डबल लॉक वाले स्टील/लोहे की अलमारी में सुरक्षित रखा जाए। प्रश्नपत्रों को परीक्षा केंद्र पर पहुंचने पर डबल लॉक की अलमारी में जिला मजिस्ट्रेट द्वारा नामित स्टैटिक मजिस्ट्रेट, केन्द्र व्यवस्थापक एवं बाह्य केंद्र व्यवस्थापक की उपस्थिति में रखवाया जाए। डबल लॉक वाली अलमारी में पेपर सील से बंद किया जाए।
विज्ञापन
बाह्य केंद्र व्यवस्थापक के पास उपलब्ध चाभी की एक डुप्लीकेट चाभी स्टैटिक मजिस्ट्रेट द्वारा हस्ताक्षर, नाम एवं मोहर के साथ सील करके विद्यालय में केंद्र व्यवस्थापक के पास सुरक्षित रखी जाएगी। प्रत्येक बार परीक्षा के प्रयोजन से अलमारी खोलने के बाद दोनों लॉक हस्ताक्षरित पेपर से सील किए जाएं।
उन्होंने कहा कि यदि परीक्षा के प्रश्न पत्रों में किसी भी प्रकार की कोई गड़बड़ी या प्रश्न पत्र लीक का मामला पाया जाता है तो संबंधित के विरुद्ध कार्रवाई की जाएगी। अपर जिलाधिकारी न्यायिक मोहम्मद मोईनुल इस्लाम ने कहा कि परीक्षाओं में अनुचित साधनों का प्रयोग किया जाता है तो उसके विरुद्घ कार्रवाई की जाएगी।
जिला विद्यालय निरीक्षक रितु गोयल ने बताया कि जनपद में 93 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं। जिसमें से आठ परीक्षा केंद्र संवेदनशील व 24 अति संवेदनशील की श्रेणी में हैं। छात्राओं की तलाशी महिला अध्यापिकाओं द्वारा ही लिए जाने की व्यवस्था की जाए। छात्राओं के परीक्षा केंद्र पर महिला पुलिस की भी तैनाती की जाएगी।
विज्ञापन
24 मार्च से होनी वाली यूपी बोर्ड की परीक्षाओं को नकल विहीन कराए जाने को लेकर एडीएम बसंत अग्रवाल ने कलेक्ट्रेट सभागार में स्टैटिक व जोनल मजिस्ट्रेटों के साथ बैठक की। इसमें गैरहाजिर मजिस्ट्रेटों के एक दिन का वेतन रोकने के निर्देश जिला विद्यालय निरीक्षक को दिए।
एडीएम ने कहा कि प्रश्नपत्रों को प्राप्त करने, उन्हें पुलिस अभिरक्षा में सुरक्षित स्थान पर पहुंचाने, रखवाने एवं परीक्षा केंद्रों पर वितरित कराने का उत्तरदायित्व संबंधित डीआईओएस का होगा। एडीएम ने कहा कि परीक्षा केंद्रों पर प्रश्नपत्रों का वितरण जिला मजिस्ट्रेट द्वारा नामित स्टैटिक मजिस्ट्रेट, केंद्र व्यवस्थापक एवं बाह्य केंद्र व्यवस्थापक की नियुक्ति के बाद ही किया जाए।
विज्ञापन
प्रश्नपत्रों को परीक्षा केंद्रों पर डबल लॉक वाले स्टील/लोहे की अलमारी में सुरक्षित रखा जाए। प्रश्नपत्रों को परीक्षा केंद्र पर पहुंचने पर डबल लॉक की अलमारी में जिला मजिस्ट्रेट द्वारा नामित स्टैटिक मजिस्ट्रेट, केन्द्र व्यवस्थापक एवं बाह्य केंद्र व्यवस्थापक की उपस्थिति में रखवाया जाए। डबल लॉक वाली अलमारी में पेपर सील से बंद किया जाए।
विज्ञापन
बाह्य केंद्र व्यवस्थापक के पास उपलब्ध चाभी की एक डुप्लीकेट चाभी स्टैटिक मजिस्ट्रेट द्वारा हस्ताक्षर, नाम एवं मोहर के साथ सील करके विद्यालय में केंद्र व्यवस्थापक के पास सुरक्षित रखी जाएगी। प्रत्येक बार परीक्षा के प्रयोजन से अलमारी खोलने के बाद दोनों लॉक हस्ताक्षरित पेपर से सील किए जाएं।
उन्होंने कहा कि यदि परीक्षा के प्रश्न पत्रों में किसी भी प्रकार की कोई गड़बड़ी या प्रश्न पत्र लीक का मामला पाया जाता है तो संबंधित के विरुद्ध कार्रवाई की जाएगी। अपर जिलाधिकारी न्यायिक मोहम्मद मोईनुल इस्लाम ने कहा कि परीक्षाओं में अनुचित साधनों का प्रयोग किया जाता है तो उसके विरुद्घ कार्रवाई की जाएगी।
जिला विद्यालय निरीक्षक रितु गोयल ने बताया कि जनपद में 93 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं। जिसमें से आठ परीक्षा केंद्र संवेदनशील व 24 अति संवेदनशील की श्रेणी में हैं। छात्राओं की तलाशी महिला अध्यापिकाओं द्वारा ही लिए जाने की व्यवस्था की जाए। छात्राओं के परीक्षा केंद्र पर महिला पुलिस की भी तैनाती की जाएगी।