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हाथरस : जिला अस्पताल की ओपीडी बंद, मरीजों को नहीं मिल रहा उपचार

Fri, 07 May 2021 10:58 PM IST
Aligarh Bureau अलीगढ़ ब्यूरो
Updated Fri, 07 May 2021 10:58 PM IST
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Hathras: OPD of district hospital closed, patients are not getting treatment
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, हाथरस
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स्वास्थ्य विभाग की सेवाएं इस समय बदहाल हैं। इसकी वजह से मरीज बेहद परेशान हैं। कोविड मरीजों के अलावा अन्य मरीजों का भी यहां उपचार ही नहीं हो रहा। ओपीडी बंद होने की वजह से मरीज और उनके तीमारदार खासे परेशान हैं। ओपीडी बंद होने की वजह से बागला जिला अस्पताल के इमरजेंसी वार्ड में काफी मरीज आ रहे हैं। शुक्रवार को फिर बागला जिला अस्पताल के इमरजेंसी वार्ड में यही हालत देखी गई।
केस नंबर--एक
घंटों तड़पते रहे झगड़े के घायल, नहीं मिला उपचार
हसायन के गांव बरसामई में बृहस्प तिवार को चुनावी रंजिश के चलते झगड़ा हुआ था। इस झगड़े में आधा दर्जन से ज्यादा लोग घायल होे गए थे। इन घायलों को जब पुलिस हसायन से सीएचसी ले गई तो वहां से इन्हें जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया। मरीजों का उपचार नहीं किया गया। उसके बाद इन मरीजों को जब हसायन पुलिस जिला अस्पताल के इमरजेंसी वार्ड में लेकर आई तो वहां सुबह की पाली में बैठे चिकित्सक ने यह कह दिया कि इनका उपचार तो हसायन ही होना चाहिए था। वहां घंटों घायल तड़पते रहे। दोपहर की पाली में आए चिकित्सक यह कहने लगे कि आखिर सुबह इनका चिकित्सकीय परीक्षण क्यों नहीं कराया। इस चिकित्सक ने तो यह भी कह दिया कि वह कोविड पॉजिटिव हैं। पुलिस की वहां नोकझोंक भी हो गई। बाद में कई घंटे बाद इनका उपचार शुरू हो सका।
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केस नंबर--दो
मरणासन्न युवक को न ऑक्सीजन मिली, न वेंटिलेटर
निकटवर्ती गांव सुजान का एक युवक इंदल विद्युत करंट की चपेट में आ गया और उसकी हालत बिगड़ गई। उसे उपचार के लिए आनन-फानन जिला अस्पताल के इमरजेंसी वार्ड में लाया गया। वहां कोई ऑक्सीजन का सिलेंडर खाली नहीं था। वहां वेंटिलेटर भी नहीं था। उसकी हालत बेहद नाजुक थी। परिजन हालत बिगड़ती देख वहां गिड़गिड़ाने लगे और खुद ही उसके हाथ-पैर पर मालिश करने लगे। सरकारी एंबुलेंस मांगी गई तो एंबुलेंस भी नहीं आई। बाद में जैसे-तैसे प्राइवेट एंबुलेंस का इंतजाम किया गया। उसमें भी ऑक्सीजन सिलेंडर नहीं था। ऐसें मरणासन्न अवस्था में परिजन उसे प्राइवेट एंबुलेंस में ही उपचार के लिए अलीगढ़ ले गए।
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