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हाथरस : अब लड़कियां भी पदक ला रही हैं : साक्षी मलिक
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हाथरस : पत्रकारों से वार्ता करतीं पहलवान साक्षी मलिक। संवाद
- फोटो : HATHRAS
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, हाथरस
मेला श्रीदाऊजी महाराज में चल रहे अखिल भारतीय बुर्ज कुश्ती दंगल में आईं महिला पहलवान और ओलंपिक पदक विजेता साक्षी मलिक का कहना है कि कर्म पर विश्वास रखिए। लगन से मेहनत करोगे तो जो चाहोगे, वह पाओगे। उन्होंने कहा कि मैंने कर्म किया, इसलिए भगवान ने मुझे इस मुकाम पर पहुंचाया है। वह यहां श्रीकृष्ण गोशाला रोड स्थित सांसद जन संवाद कार्यालय में पत्रकारों से वार्ता कर रही थीं। शहर में आगमन पर उनका जोशीला स्वागत किया गया।
एक सवाल के जवाब में साक्षी ने कहा कि कि मेरा बचपन से कुश्ती की तरफ रुझान था। मेरे मां-पिता ने सहयोग किया। मैं उनकी बदौलत आज पहलवान बनी हूं। उन्होंने कहा कि वर्ष 2023 के एशियाड खेल पर उनका फोकस है। वह देश के लिए पदक जीतेंगी। उन्होंने कहा कि मैंने राजनीति में जाने के बारे में अभी कुछ नहीं सोचा है।
साक्षी ने कहा कि पहले लोगों की यह सोच थी कि लड़कियों को घर के कामकाज में डालो। अब लोगों की सोच बदल रही है। अब लड़कों के साथ साथ लड़कियां भी पदक ला रही हैं। सरकार खेलों पर ध्यान दे रही है और सुविधाएं भी दे रही है, इसलिए मेडल भी बढ़ रहे हैं। साक्षी रेलवे में ओएसडी के पद पर तैनात हैं। यहां आगमन पर उनका दंगल कमेटी के संयोजक राजेश सिंह गुड्डू, कुंज बिहारी शर्मा, नागेंद्र पाठक, अजित शर्मा सहित काफी लोगों ने स्वागत किया। संवाद
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मेला श्रीदाऊजी महाराज में चल रहे अखिल भारतीय बुर्ज कुश्ती दंगल में आईं महिला पहलवान और ओलंपिक पदक विजेता साक्षी मलिक का कहना है कि कर्म पर विश्वास रखिए। लगन से मेहनत करोगे तो जो चाहोगे, वह पाओगे। उन्होंने कहा कि मैंने कर्म किया, इसलिए भगवान ने मुझे इस मुकाम पर पहुंचाया है। वह यहां श्रीकृष्ण गोशाला रोड स्थित सांसद जन संवाद कार्यालय में पत्रकारों से वार्ता कर रही थीं। शहर में आगमन पर उनका जोशीला स्वागत किया गया।
एक सवाल के जवाब में साक्षी ने कहा कि कि मेरा बचपन से कुश्ती की तरफ रुझान था। मेरे मां-पिता ने सहयोग किया। मैं उनकी बदौलत आज पहलवान बनी हूं। उन्होंने कहा कि वर्ष 2023 के एशियाड खेल पर उनका फोकस है। वह देश के लिए पदक जीतेंगी। उन्होंने कहा कि मैंने राजनीति में जाने के बारे में अभी कुछ नहीं सोचा है।
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साक्षी ने कहा कि पहले लोगों की यह सोच थी कि लड़कियों को घर के कामकाज में डालो। अब लोगों की सोच बदल रही है। अब लड़कों के साथ साथ लड़कियां भी पदक ला रही हैं। सरकार खेलों पर ध्यान दे रही है और सुविधाएं भी दे रही है, इसलिए मेडल भी बढ़ रहे हैं। साक्षी रेलवे में ओएसडी के पद पर तैनात हैं। यहां आगमन पर उनका दंगल कमेटी के संयोजक राजेश सिंह गुड्डू, कुंज बिहारी शर्मा, नागेंद्र पाठक, अजित शर्मा सहित काफी लोगों ने स्वागत किया। संवाद
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