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हाथरस : हर महीने लाखों रुपये खर्च, फिर भी शौचालयों की स्थिति बदहाल

Sat, 19 Nov 2022 07:00 AM IST
Aligarh Bureau अलीगढ़ ब्यूरो
Updated Sat, 19 Nov 2022 07:00 AM IST
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Hathras: Lakhs of rupees are spent every month, yet the condition of toilets is bad
हाथरस : शहर के एक शौचालय में लटका ताला। संवाद - फोटो : HATHRAS
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, हाथरस
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स्वच्छ भारत मिशन ग्रामीण व शहरी के तहत खुले में शौच मुक्त किए जाने के लिए लाखों रुपये खर्च कर बनाए गए सामुदायिक शौचालय दिखावटी साबित हो रहे हैं। शहरी व ग्रामीण क्षेत्र में बने सामुदायिक शौचालयों के रखरखाव के लिए प्रतिमाह लाखों रुपये खर्च हो रहे हैं लेकिन इनके ताले भी कभी-कभार ही खुलते हैं। यहां तक कि कुछ शौचालयों के ताले बनने के बाद से आज तक खुले नहीं है।
शासन की ओर से स्वच्छ भारत मिशन ग्रामीण व शहरी के तहत खुले में शौच मुक्त किए जाने के लिए जिले में प्रति वर्ष लाखों रुपया पानी की तरह खर्च हो रहा है। यहां खुले में शौच न जाने से बचाने के लिए लाखों रुपये खर्च कर सामुदायिक शौचालयों का निर्माण शहरी व ग्रामीण क्षेत्र में किया गया है। हैरानी की बात यह है कि इन शौचालयों के निर्माण के बाद इनकी ओर पलटकर देखने की जहमत तक अफसरों ने नहीं उठाई है। यहां तक कि इन शौचालयों के रखरखाव के लिए प्रति माह लाखों रुपये खर्च हो रहे हैं। इसके बावजूद इनका लाभ लोगों को नहीं मिल पा रहा है। संवाद
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लोगों की बात
जब से यहां शौचालय बनकर तैयार हुआ है। उसके बाद से आज तक इसका ताला ही नहीं खुला है। शौच के लिए महिलाओं को बहुत परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। हमने फोन से कई बार शिकायत भी की है, लेकिन कोई सुनने वाला नहीं है।
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-ममता देवी, वाटर वर्क्स
यहां बना हुआ शौचालय करीब चार साल से बंद पड़ा हुआ है। दरवाजे, खिड़की, टंकी सब टूटी पड़ी है। कई बार शिकायत करने पर भी कोई सुनवाई नहीं हो पा रही है।
-हृदेश कुमार, वाल्मीकि आश्रम
शौचालय बंद होने के कारण काफी परेशानी हो रही है। यहां से गुजरने वाले राहगीर खुले में शौच करने को मजबूर हैं। शिकायत करने के बावजूद इनके ताले नहीं खुलवाए गए हैं।
-गजाधर सिंह, वाटर वर्क्स।
हमारे घर के सामने यह शौचालय जर्जर अवस्था में पड़ा हुआ है। इस कारण यहां गंदगी भी बनी रहती है। इससे घर में रहना तक दूभर हो गया है।
-सुशीला देवी, निकट वाल्मीकि आश्रम
नगर पालिका के सामुदायिक शौचालय खुले होने चाहिए। अगर बंद पाए गए हैं तो संबंधित अधिकारी व कर्मचारी के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। यह मामला गंभीर है।
-राजकुमार सिंह यादव, एसडीएम व ईओ।
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