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हाथरस : शिक्षण कार्य में डिजिटल व रीड एलांग एप का प्रयोग करने के निर्देश
सार
उन्होंने शिक्षण कार्य में डिजिटल और रीड एलांग एप का प्रयोग करने के निर्देश दिए।सीडीओ ने सभी अधिकारियों को शिक्षक डायरी एवं समय सारणी के अनुसार सभी विद्यालयों में शिक्षण कार्य कराए जाने के निर्देश दिए। जनपद स्तरीय टास्क फोर्स के सभी अधिकारियों से पांच-पांच विद्यालयों का प्रतिमाह निरीक्षण कर रिपोर्ट उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। उन्होंने बीएसए के साथ-साथ सभी अधिकारियों को निपुण लक्ष्य निर्धारित किए।
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विस्तार
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, हाथरस
मुख्य विकास अधिकारी (सीडीओ) साहित्यप्रकाश मिश्र ने बृहस्पतिवार को कलेक्ट्रेट सभागार में मिड-डे-मील, टास्क फोर्स समिति, निपुण भारत मिशन और विद्यांजलि कायाकल्प योजना की समीक्षा की। उन्होंने शिक्षण कार्य में डिजिटल और रीड एलांग एप का प्रयोग करने के निर्देश दिए।
सीडीओ ने सभी अधिकारियों को शिक्षक डायरी एवं समय सारणी के अनुसार सभी विद्यालयों में शिक्षण कार्य कराए जाने के निर्देश दिए। शिक्षा में डिजिटल पहल के तहत दीक्षा एवं रीड एलांग ऐप का अधिकाधिक प्रयोग कराए जाने के निर्देश दिए। स्मार्ट क्लास से शिक्षण कार्य काराए जाने वाले प्रधानाध्यापकों को पुरस्कृत कराने के निर्देश दिए।
उन्होंने एमडीएम के तहत सभी खंड शिक्षा अधिकारीयों को खाद्य सुरक्षा भत्ता के उपभोग प्रमाणपत्र उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। डायट मेंटर द्वारा लक्ष्य के सापेक्ष सपोर्टिव सुपरविजन न करने पर सीडीओ ने नाराजगी जताई। जनपद स्तरीय टास्क फोर्स के सभी अधिकारियों से पांच-पांच विद्यालयों का प्रतिमाह निरीक्षण कर रिपोर्ट उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। उन्होंने बीएसए के साथ-साथ सभी अधिकारियों को निपुण लक्ष्य निर्धारित किए।
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उन्होंने समस्त बीईओ को जहां भी रसोइया अनुपस्थित चल रहे हैं अथवा कार्य नहीं कर रहे हैं, उनमें तत्काल ग्राम प्रधान से समन्वय स्थापित करते हुए रसोइयों की तैनाती करने और रसोइयों को मानदेय का नियमित रूप से भुगतान करने के निर्देश दिए। उन्होंने बताया कि प्राथमिक विद्यालयों का कायाकल्प कराने के लिये विद्यांजलि कायाकल्प पोर्टल के तहत कोई भी व्यक्ति संस्थान, पोर्टल के माध्यम से परिषदीय विद्यालयों को गोद ले सकता है।
इस पोर्टल के माध्यम से राजपत्रित अधिकारी, मंत्री, विधायक, जनप्रतिनिधि, उद्यमी, आम आदमी, एनजीओ, कारपोरेट, विद्यालय के पूर्व छात्र, उनका परिवार परिषदीय विद्यालयों को गोद ले सकेगा। सरकार ने 27 सुविधाओं की सूची भी जारी कर दी है। दानदाता ऑपरेशन कायाकल्प के तहत होने वाले कामों के अलावा स्ट्रीट लाइट, सोलर आरओ प्लांट, अग्निशमन यंत्र, ओपन जिम, झूले-स्लाइडर, कंप्यूटर लैब, विज्ञान प्रयोगशाला का निर्माण-जीर्णोद्धार, विज्ञान प्रयोशाला के उपकरण, स्टेशनरी, लाइब्रेरी के लिए किताबें आदि दी जा सकती हैं। संवाद
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मुख्य विकास अधिकारी (सीडीओ) साहित्यप्रकाश मिश्र ने बृहस्पतिवार को कलेक्ट्रेट सभागार में मिड-डे-मील, टास्क फोर्स समिति, निपुण भारत मिशन और विद्यांजलि कायाकल्प योजना की समीक्षा की। उन्होंने शिक्षण कार्य में डिजिटल और रीड एलांग एप का प्रयोग करने के निर्देश दिए।
सीडीओ ने सभी अधिकारियों को शिक्षक डायरी एवं समय सारणी के अनुसार सभी विद्यालयों में शिक्षण कार्य कराए जाने के निर्देश दिए। शिक्षा में डिजिटल पहल के तहत दीक्षा एवं रीड एलांग ऐप का अधिकाधिक प्रयोग कराए जाने के निर्देश दिए। स्मार्ट क्लास से शिक्षण कार्य काराए जाने वाले प्रधानाध्यापकों को पुरस्कृत कराने के निर्देश दिए।
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उन्होंने एमडीएम के तहत सभी खंड शिक्षा अधिकारीयों को खाद्य सुरक्षा भत्ता के उपभोग प्रमाणपत्र उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। डायट मेंटर द्वारा लक्ष्य के सापेक्ष सपोर्टिव सुपरविजन न करने पर सीडीओ ने नाराजगी जताई। जनपद स्तरीय टास्क फोर्स के सभी अधिकारियों से पांच-पांच विद्यालयों का प्रतिमाह निरीक्षण कर रिपोर्ट उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। उन्होंने बीएसए के साथ-साथ सभी अधिकारियों को निपुण लक्ष्य निर्धारित किए।
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उन्होंने समस्त बीईओ को जहां भी रसोइया अनुपस्थित चल रहे हैं अथवा कार्य नहीं कर रहे हैं, उनमें तत्काल ग्राम प्रधान से समन्वय स्थापित करते हुए रसोइयों की तैनाती करने और रसोइयों को मानदेय का नियमित रूप से भुगतान करने के निर्देश दिए। उन्होंने बताया कि प्राथमिक विद्यालयों का कायाकल्प कराने के लिये विद्यांजलि कायाकल्प पोर्टल के तहत कोई भी व्यक्ति संस्थान, पोर्टल के माध्यम से परिषदीय विद्यालयों को गोद ले सकता है।
इस पोर्टल के माध्यम से राजपत्रित अधिकारी, मंत्री, विधायक, जनप्रतिनिधि, उद्यमी, आम आदमी, एनजीओ, कारपोरेट, विद्यालय के पूर्व छात्र, उनका परिवार परिषदीय विद्यालयों को गोद ले सकेगा। सरकार ने 27 सुविधाओं की सूची भी जारी कर दी है। दानदाता ऑपरेशन कायाकल्प के तहत होने वाले कामों के अलावा स्ट्रीट लाइट, सोलर आरओ प्लांट, अग्निशमन यंत्र, ओपन जिम, झूले-स्लाइडर, कंप्यूटर लैब, विज्ञान प्रयोगशाला का निर्माण-जीर्णोद्धार, विज्ञान प्रयोशाला के उपकरण, स्टेशनरी, लाइब्रेरी के लिए किताबें आदि दी जा सकती हैं। संवाद