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हाथरस : पुरानी पेंशन बहाली नहीं तो वोट नहीं...
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न्यूज डेस्क, अमर उजाला, हाथरस
विद्युत कर्मचारी संयुक्त संघर्ष समिति ने विधानसभा चुनाव के मद्देनजर सभी राजनीतिक दलों को पत्र भेजकर मांग की है कि वे अपने चुनाव घोषणा पत्र में पुरानी पेंशन बहाली, सरकारी और सार्वजनिक क्षेत्र का निजीकरण बंद करने, प्रदेश को सस्ती बिजली देने के लिए सभी ऊर्जा निगमों का एकीकरण के लिए गठन करने की बात कहें। इसके अलावा नियमित पदों पर नियमित भर्ती और आउटसोर्स व संविदा कर्मचारियों का नियमितीकरण सम्मिलित करें।
संघर्ष समिति ने चेतावनी दी है कि यदि राजनीतिक दलों ने इन विषयों को अपने चुनाव घोषणापत्र में सम्मिलित न किया तो आगामी विधानसभा चुनाव में प्रदेश के बिजली कर्मी पुरानी पेंशन नहीं तो वोट नहीं का अभियान चलाएंगे। यह जानकारी जूनियर इंजीनियर संघ के अध्यक्ष गोपीचंद्र भास्कर, क्षेत्रीय सचिव पवन वर्मा, कर्मचारी संगठन के राजाबाबू सारस्वत ने दी है।
संघर्ष समिति के पदाधिकारियों ने बताया कि प्रदेश के बिजली कर्मी व उनके परिवार उन राजनीतिक दलों को वोट नहीं देंगे, जो पुरानी पेंशन का वादा पूरा नहीं करेंगे। संघर्ष समिति ने यह भी कहा कि यदि एक से अधिक राजनीतिक दल पुरानी पेंशन का वादा करते हैं तो बिजली कर्मी व उनके परिवार ऐसे दलों में से किसी को भी अपनी पसंद से वोट देंगे। संघर्ष समिति ने इस सिलसिले में सभी प्रमुख राजनीतिक दलों के अध्यक्षों व अन्य मुख्य पदाधिकारियोें को लेकर पत्र भेजा है। संवाद
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विद्युत कर्मचारी संयुक्त संघर्ष समिति ने विधानसभा चुनाव के मद्देनजर सभी राजनीतिक दलों को पत्र भेजकर मांग की है कि वे अपने चुनाव घोषणा पत्र में पुरानी पेंशन बहाली, सरकारी और सार्वजनिक क्षेत्र का निजीकरण बंद करने, प्रदेश को सस्ती बिजली देने के लिए सभी ऊर्जा निगमों का एकीकरण के लिए गठन करने की बात कहें। इसके अलावा नियमित पदों पर नियमित भर्ती और आउटसोर्स व संविदा कर्मचारियों का नियमितीकरण सम्मिलित करें।
संघर्ष समिति ने चेतावनी दी है कि यदि राजनीतिक दलों ने इन विषयों को अपने चुनाव घोषणापत्र में सम्मिलित न किया तो आगामी विधानसभा चुनाव में प्रदेश के बिजली कर्मी पुरानी पेंशन नहीं तो वोट नहीं का अभियान चलाएंगे। यह जानकारी जूनियर इंजीनियर संघ के अध्यक्ष गोपीचंद्र भास्कर, क्षेत्रीय सचिव पवन वर्मा, कर्मचारी संगठन के राजाबाबू सारस्वत ने दी है।
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संघर्ष समिति के पदाधिकारियों ने बताया कि प्रदेश के बिजली कर्मी व उनके परिवार उन राजनीतिक दलों को वोट नहीं देंगे, जो पुरानी पेंशन का वादा पूरा नहीं करेंगे। संघर्ष समिति ने यह भी कहा कि यदि एक से अधिक राजनीतिक दल पुरानी पेंशन का वादा करते हैं तो बिजली कर्मी व उनके परिवार ऐसे दलों में से किसी को भी अपनी पसंद से वोट देंगे। संघर्ष समिति ने इस सिलसिले में सभी प्रमुख राजनीतिक दलों के अध्यक्षों व अन्य मुख्य पदाधिकारियोें को लेकर पत्र भेजा है। संवाद
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