{"_id":"5eebb9c18ebc3e42f20fc12e","slug":"hathras-games-played-to-get-workers-home-in-lockdown-now-shamat-will-come-hathras-news-ali2364804161","type":"story","status":"publish","title_hn":"हाथरस: लॉकडाउन में श्रमिकों को घर पहुंचाने में चालक कर गए खेल, अब आएगी शामत","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
हाथरस: लॉकडाउन में श्रमिकों को घर पहुंचाने में चालक कर गए खेल, अब आएगी शामत
विज्ञापन
गौरव भारद्वाज
हाथरस। लॉकडाउन की अवधि में बसों के संचालन में डीजल चोरी करने वाले चालकों की शामत आने वाली है। इसकी वजह यह है कि काफी चालकों ने बसों से डीजल को निकालकर बेचा है। इसका खुलासा मुख्यालय स्तर पर हुआ है। हाथरस डिपो में भी डीजल चोरी करने वालों की जांच की जाएगी। इससे डिपो के चालकों में खलबली मची हुई है।
उल्लेखनीय है कि लॉकडाउन में मजदूरों व प्रवासियों को पहुंचाने के लिए परिवहन निगम ने बसों का संचालन किया। इस दौरान चालकों द्वारा जगह-जगह वर्कशॉप से भी डीजल लिया। चालकों ने डीजल को होटल ढाबों व पंपों पर बेचा। इसका खुलासा मुख्यालय स्तर पर हुआ है। लखनऊ में कुछ कर्मियों इस मामले में बाहर का रास्ता दिखाया गया। मुख्यालय से बसों के संचालन के किलोमीटर व डीजल की खपत का आंकड़ा मांगा गया है, ताकि डीजल ब्लैक करने वालों पर कार्रवाई का शिकंजा कसा जा सके। मुख्यालय से पत्र आने के बाद डिपो के चालकों में हड़कंप मचा हुआ है।
लंबे रूट की बसों में हुई डीजल चोरी
मुख्यालय स्तर से डीजल चोरी का खुलासा होने के बाद हाथरस डिपो के कई चालकों पर शक की सुई घूमने लगी है, क्योंकि लॉकडाउन में लंबे रूट की बस पर दो चालक भेजने को लेकर हंगामा भी हुआ था। इससे यह लगता है कि चालकों ने चंद पैसो के लालच में रूट पर जाने को लेकर हंगामा किया था।
विज्ञापन
मुख्यालय स्तर पर लॉकडाउन में बसों के संचालन में डीजल चोरी का मामला प्रकाश में आया है। इस मामले डिपो में जांच करने के लिए पत्र आया है। मामले की जांच कराई जा रही है। जो दोषी होगा उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
-शशी रानी, एआरएम हाथरस डिपो।
विज्ञापन
हाथरस। लॉकडाउन की अवधि में बसों के संचालन में डीजल चोरी करने वाले चालकों की शामत आने वाली है। इसकी वजह यह है कि काफी चालकों ने बसों से डीजल को निकालकर बेचा है। इसका खुलासा मुख्यालय स्तर पर हुआ है। हाथरस डिपो में भी डीजल चोरी करने वालों की जांच की जाएगी। इससे डिपो के चालकों में खलबली मची हुई है।
उल्लेखनीय है कि लॉकडाउन में मजदूरों व प्रवासियों को पहुंचाने के लिए परिवहन निगम ने बसों का संचालन किया। इस दौरान चालकों द्वारा जगह-जगह वर्कशॉप से भी डीजल लिया। चालकों ने डीजल को होटल ढाबों व पंपों पर बेचा। इसका खुलासा मुख्यालय स्तर पर हुआ है। लखनऊ में कुछ कर्मियों इस मामले में बाहर का रास्ता दिखाया गया। मुख्यालय से बसों के संचालन के किलोमीटर व डीजल की खपत का आंकड़ा मांगा गया है, ताकि डीजल ब्लैक करने वालों पर कार्रवाई का शिकंजा कसा जा सके। मुख्यालय से पत्र आने के बाद डिपो के चालकों में हड़कंप मचा हुआ है।
विज्ञापन
लंबे रूट की बसों में हुई डीजल चोरी
मुख्यालय स्तर से डीजल चोरी का खुलासा होने के बाद हाथरस डिपो के कई चालकों पर शक की सुई घूमने लगी है, क्योंकि लॉकडाउन में लंबे रूट की बस पर दो चालक भेजने को लेकर हंगामा भी हुआ था। इससे यह लगता है कि चालकों ने चंद पैसो के लालच में रूट पर जाने को लेकर हंगामा किया था।
विज्ञापन
मुख्यालय स्तर पर लॉकडाउन में बसों के संचालन में डीजल चोरी का मामला प्रकाश में आया है। इस मामले डिपो में जांच करने के लिए पत्र आया है। मामले की जांच कराई जा रही है। जो दोषी होगा उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
-शशी रानी, एआरएम हाथरस डिपो।