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हाथरस में हाईकोर्ट की नई खंडपीठ स्थापित करने की मांग
Fri, 31 May 2019 12:33 AM IST
Mohd Rafeek
न्यूज डेस्क अमर उजाला हाथरस
न्यूज डेस्क अमर उजाला हाथरस
Published by: Mohd Rafeek
Updated Fri, 31 May 2019 12:33 AM IST
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हाथरस में हाईकोर्ट की बेंच की मांग को लेकर ओसी कलेक्ट्रेट को ज्ञापन देते व्यापारी व अन्य लोग ।
- फोटो : अमर उजाला
हाथरस। हाथरस में इलाहाबाद हाईकोर्ट की नई खंडपीठ स्थापित किए जाने की मांग को लेकर राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन एसोसिएशन ऑफ डेमोक्रेटिक हृयूमन राइट्स द्वारा प्रभारी अधिकारी कलेक्ट्रेट रामजी मिश्र को सौंपा गया। ज्ञापन में जिले की तरक्की के लिए खंडपीठ की स्थापना किए जाने की मांग की।
एडीएचआर के राष्ट्रीय महासचिव प्रवीण वार्ष्णेय ने कहा है कि हाथरस पिछड़ा हुआ जनपद है जिसमें व्यक्ति को न तो रोजगार के संसाधन उपलब्ध हो पाते हैं और न ही बुनियादी सुविधाएं। इस कारण हाथरस पिछड़े हुए जनपदों में गिना जाता है। जनपद को काफी कुछ विकास के रास्ते पर चलना है, यहां उद्योग और रोजगार के साधन और बुनियादी सुविधाओं की अति आवश्यकता है। इन जरूरतों को सरल और सहज तरीके से पूरा करने में इलाहाबाद हाईकोर्ट की नई खंडपीठ हाथरस में स्थापित कर किया जा सकता है। हाथरस जनपद आगरा, मथुरा अलीगढ़ के बीचों-बीच पड़ता है, जहां से बसों की काफी अच्छी व्यवस्था है। साथ ही रेलवे मार्ग के लिए यहां पर बहुत अच्छी अच्छी सुविधाएं और स्टेशन है।
उन्होंने बताया कि इलाहाबाद हाईकोर्ट की खंडपीठ की नई बेंच को हाथरस में स्थापित कराने के लिए आंदोलन की रणनीति बनाई जा रही है। इसमें जनप्रतिनिधियों, अधिवक्ता साथियों, राजनीतिक, सामाजिक और धार्मिक संगठनोंका सहयोग लिया जाएगा।
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इस विषय को आंदोलन का रूप देकर हाथरस को विकसित जनपद बनाने के लिए इस मांग को पूरा कराने का प्रयास किया जाएगा। इस मौके पर देवेंद्र गोयल, जिला अध्यक्ष सौरभ सिंघल, जिला महासचिव शैलेंद्र सांवलिया, जिला प्रवक्ता बाल प्रकाश वार्ष्णेय आदि मौजूद थे।
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एडीएचआर के राष्ट्रीय महासचिव प्रवीण वार्ष्णेय ने कहा है कि हाथरस पिछड़ा हुआ जनपद है जिसमें व्यक्ति को न तो रोजगार के संसाधन उपलब्ध हो पाते हैं और न ही बुनियादी सुविधाएं। इस कारण हाथरस पिछड़े हुए जनपदों में गिना जाता है। जनपद को काफी कुछ विकास के रास्ते पर चलना है, यहां उद्योग और रोजगार के साधन और बुनियादी सुविधाओं की अति आवश्यकता है। इन जरूरतों को सरल और सहज तरीके से पूरा करने में इलाहाबाद हाईकोर्ट की नई खंडपीठ हाथरस में स्थापित कर किया जा सकता है। हाथरस जनपद आगरा, मथुरा अलीगढ़ के बीचों-बीच पड़ता है, जहां से बसों की काफी अच्छी व्यवस्था है। साथ ही रेलवे मार्ग के लिए यहां पर बहुत अच्छी अच्छी सुविधाएं और स्टेशन है।
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उन्होंने बताया कि इलाहाबाद हाईकोर्ट की खंडपीठ की नई बेंच को हाथरस में स्थापित कराने के लिए आंदोलन की रणनीति बनाई जा रही है। इसमें जनप्रतिनिधियों, अधिवक्ता साथियों, राजनीतिक, सामाजिक और धार्मिक संगठनोंका सहयोग लिया जाएगा।
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इस विषय को आंदोलन का रूप देकर हाथरस को विकसित जनपद बनाने के लिए इस मांग को पूरा कराने का प्रयास किया जाएगा। इस मौके पर देवेंद्र गोयल, जिला अध्यक्ष सौरभ सिंघल, जिला महासचिव शैलेंद्र सांवलिया, जिला प्रवक्ता बाल प्रकाश वार्ष्णेय आदि मौजूद थे।