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हाथरस : दक्ष अभी तक नहीं लौटा स्वदेश, ललित रोमानिया होकर पहुंचा मथुरा
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दिल्ली एयरपोर्ट पर अपने चाचा के साथ ललित कुमार। संवाद
- फोटो : SHAPHU
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संवाद न्यूज एजेंसी, सहपऊ/सादाबाद।
कस्बा के प्रगतिपुरम निवासी अनुज प्रताप का पुत्र दक्ष चौधरी अभी तक स्वदेश नहीं लौटा है। उसके परिजन उसको लेकर काफी चिंतित है। वहीं, गांव चिरावली निवासी पोप सिंह का पुत्र ललित कुमार रविवार की सुबह अपने वर्तमान निवास मथुरा पहुंच गया।
दक्ष के पिता ने बताया कि राहत की बात यह है कि वह यूक्रेन से निकलकर रोमानिया पहुंच गया है। वहां पर वह भारतीय दूतावास की देखरेख में है। वहीं, ललित के पिता ने बताया कि दिन भर थकान मिटाने के बाद वह शाम को अपने मित्रों के साथ घूमने निकल गया है।
ललित ने बताया कि युद्ध शुरू होते ही यूक्रेन के हालात बहुत ही खराब हो गए थे। मित्रों के साथ बंकरों में कई दिन गुजारे और चार से पांच डिग्री माइनस तापमान में 35 किमी पैदल चलकर रोमानिया पहुंचा। रोमानिया पहुंचने वहां भारतीय दूतावास के कर्मचारियों ने मदद की।
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उसे दिल्ली इंदिरा गांधी एयरपोर्ट पर लेने उसके चाचा पहुंच थे। वह एयरपोर्ट पर ही चाचा के गले मिलकर रोने लगा। ललित के घर आने पर परिजन खुश हैं तो वहीं, दक्ष के नहीं लौटने पर उसके परिजन चिंतित हैं।
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कस्बा के प्रगतिपुरम निवासी अनुज प्रताप का पुत्र दक्ष चौधरी अभी तक स्वदेश नहीं लौटा है। उसके परिजन उसको लेकर काफी चिंतित है। वहीं, गांव चिरावली निवासी पोप सिंह का पुत्र ललित कुमार रविवार की सुबह अपने वर्तमान निवास मथुरा पहुंच गया।
दक्ष के पिता ने बताया कि राहत की बात यह है कि वह यूक्रेन से निकलकर रोमानिया पहुंच गया है। वहां पर वह भारतीय दूतावास की देखरेख में है। वहीं, ललित के पिता ने बताया कि दिन भर थकान मिटाने के बाद वह शाम को अपने मित्रों के साथ घूमने निकल गया है।
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ललित ने बताया कि युद्ध शुरू होते ही यूक्रेन के हालात बहुत ही खराब हो गए थे। मित्रों के साथ बंकरों में कई दिन गुजारे और चार से पांच डिग्री माइनस तापमान में 35 किमी पैदल चलकर रोमानिया पहुंचा। रोमानिया पहुंचने वहां भारतीय दूतावास के कर्मचारियों ने मदद की।
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उसे दिल्ली इंदिरा गांधी एयरपोर्ट पर लेने उसके चाचा पहुंच थे। वह एयरपोर्ट पर ही चाचा के गले मिलकर रोने लगा। ललित के घर आने पर परिजन खुश हैं तो वहीं, दक्ष के नहीं लौटने पर उसके परिजन चिंतित हैं।