{"_id":"5c30fa3dbdec2256bd3cfb2c","slug":"two-personnel-killed-by-train-cut-during-petroling","type":"story","status":"publish","title_hn":"पैट्रोलिंग के दौरान ट्रेन से कटकर दो कर्मियों की मौत","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
पैट्रोलिंग के दौरान ट्रेन से कटकर दो कर्मियों की मौत
Sun, 06 Jan 2019 12:11 AM IST
Mohd Rafeek
न्यूज डेस्क अमर उजाला हाथरस
न्यूज डेस्क अमर उजाला हाथरस
Published by: Mohd Rafeek
Updated Sun, 06 Jan 2019 12:11 AM IST
विज्ञापन
रेलवे कर्मियों की मौत पर रोते बिलखते उनके परिजन।
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
सहपऊ। दिल्ली-हावड़ा रेल लाइन पर जलेसर रोड स्टेशन के पास शुक्रवार की देर रात को पैट्रोलिंग कर रहे दो रेलवे कर्मियों की ट्रेन की चपेट में आने से मौत हो गई। सुबह उनकी मौत की सूचना पर बड़ी संख्या में ग्रामीण घटनास्थल पर जमा हो गए एवं मुआवजे की मांग करने लगे। मौके पर आरपीएफ, जीआरपी और स्थानीय पुलिस भी पहुंच गई। कुछ समय बाद एसडीएम, सीओ सादाबाद एवं रेलवे के अधिकारी भी मौके पर पहुंच गए। उनसे मुआवजा मिलने के आश्वासन के बाद ही ग्रामीण वहां से हटे। आरपीएफ ने दोनों के शव को पोस्टमार्टम के लिए अलीगढ़ भेज दिया है।
क्षेत्र के गांव नगला सलेम निवासी सुरेश (48) पुत्र जयपाल सिंह रेलवे में शुभ फाइनेंशियल सर्विस कंपनी के जरिये कार्यरत था। दूसरा इटावा जिले के गांव नगला दत्ती थाना जसवंत नगर निवासी गंभीर (32) पुत्र डालचंद्र रेलवे का स्थायी कर्मचारी था। जलेसर रोड रेलवे स्टेशन अधीक्षक मदनलाल मीणा ने बताया कि रात लगभग 12 बजे चमरौला स्टेशन मास्टर ने सूचना दी कि गोरखधाम एक्सप्रेस से किसी के टकराने के आवाज ड्राइवर को सुनाई दी है।
इसके बाद स्टेशन मास्टर ने कुछ कर्मचारियों एवं जीआरपी को मौके पर भेजा। लेकिन कोहरा घना होने से उन्हें वहां कुछ नहीं दिखाई दिया। गांव मानिकपुर के कुछ लोगों ने सुबह लगभग साढ़े छह बजे रेलवे लाइन के पास पड़े दोनों शवों को देखा तो इसकी सूचना स्टेशन मास्टर को दी। सुरेश के परिजन व गांव के लोग भी घटनास्थल पर पहुंच गए। उन्होंने वहां मृतकों के परिजनों को मुआवजा व नौकरी दिलाने की मांग के साथ हंगामा शुरू कर दिया। मांग पूरी होने के आश्वासन पर शव आरपीएफ को पोस्टमार्टम के लिए सौंप दिया गया।
विज्ञापन
विज्ञापन
क्षेत्र के गांव नगला सलेम निवासी सुरेश (48) पुत्र जयपाल सिंह रेलवे में शुभ फाइनेंशियल सर्विस कंपनी के जरिये कार्यरत था। दूसरा इटावा जिले के गांव नगला दत्ती थाना जसवंत नगर निवासी गंभीर (32) पुत्र डालचंद्र रेलवे का स्थायी कर्मचारी था। जलेसर रोड रेलवे स्टेशन अधीक्षक मदनलाल मीणा ने बताया कि रात लगभग 12 बजे चमरौला स्टेशन मास्टर ने सूचना दी कि गोरखधाम एक्सप्रेस से किसी के टकराने के आवाज ड्राइवर को सुनाई दी है।
विज्ञापन
इसके बाद स्टेशन मास्टर ने कुछ कर्मचारियों एवं जीआरपी को मौके पर भेजा। लेकिन कोहरा घना होने से उन्हें वहां कुछ नहीं दिखाई दिया। गांव मानिकपुर के कुछ लोगों ने सुबह लगभग साढ़े छह बजे रेलवे लाइन के पास पड़े दोनों शवों को देखा तो इसकी सूचना स्टेशन मास्टर को दी। सुरेश के परिजन व गांव के लोग भी घटनास्थल पर पहुंच गए। उन्होंने वहां मृतकों के परिजनों को मुआवजा व नौकरी दिलाने की मांग के साथ हंगामा शुरू कर दिया। मांग पूरी होने के आश्वासन पर शव आरपीएफ को पोस्टमार्टम के लिए सौंप दिया गया।
विज्ञापन