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Hardoi News: अस्पताल में फिर बंद हुई लिफ्ट, प्रसूताएं परेशान
Mon, 28 Apr 2025 11:27 PM IST
कानपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, हरदोई
संवाद न्यूज एजेंसी, हरदोई
Updated Mon, 28 Apr 2025 11:27 PM IST
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- प्रसव कक्ष तक जाने के लिए व्हील चेयर तक नहीं
- रैंप से परिजनों के सहारे जाने को मजबूर प्रसूताएं
संवाद न्यूज एजेंसी
हरदोई। जिला महिला चिकित्सालय की बीमार व्यवस्थाएं महिलाओं के लिए मुसीबत बन गई है। प्रसव कक्ष तक जाने के लिए महिलाओं को तमाम परेशानियां उठानी पड़ रही हैं।
लिफ्ट का संचालन एक बार फिर से बंद हो गया है, इससे प्रसूताओं को प्रसव कक्ष तक परिजनों का सहारा लेकर रैंप से होकर जाना पड़ रहा है। प्रसूताओं को व्हील चेयर की सुविधा तक नहीं मिल रही है।
मेडिकल काॅलेज में मरीजों को सहूलियत के लिए भले ही कई व्यवस्थाएं दी गई हों लेकिन जिम्मेदारों की लापरवाही से मरीजों को बेहतर सुविधाएं नहीं मिल पा रही हैं। ग्रामीण अंचलों से बेहतर इलाज का सपना लेकर मरीज महिला अस्पताल आते हैं, लेकिन यहां की अव्यवस्था से उनकी उम्मीद टूट जाती है।
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मेडिकल कॉलेज से संबद्ध होने के बाद महिला चिकित्सालय में प्रसूताओं को प्रसव कक्ष तक आने जाने लिए लिफ्ट की व्यवस्था की गई है लेकिन दो लिफ्टों में से एक का ही संचालन हो रहा था, लेकिन अब वह भी बंद हो गई है। मरीजों को वैसे तो स्ट्रेचर से ले जाया जाता है लेकिन कई मौकों पर कर्मचारी नहीं मिलते हैं तो परिजनों को स्ट्रेचर खींचनी पड़ती है। अस्पताल में व्हील चेयर भी नहीं मिलती है जिससे महिलाओं को परेशान होना पड़ रहा है।
वर्जन
लिफ्ट अभी तक सही थी, हो सकता है कुछ तकनीकी खराबी गई हो। लिफ्ट को सही कराने के लिए पत्र प्राचार्य को पत्र भेजकर जल्द ही सुधरवा दिया जाएगा।-डॉ. सुबोध कुमार, मुख्य चिकित्सा अधीक्षक, महिला चिकित्सालय
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- रैंप से परिजनों के सहारे जाने को मजबूर प्रसूताएं
संवाद न्यूज एजेंसी
हरदोई। जिला महिला चिकित्सालय की बीमार व्यवस्थाएं महिलाओं के लिए मुसीबत बन गई है। प्रसव कक्ष तक जाने के लिए महिलाओं को तमाम परेशानियां उठानी पड़ रही हैं।
लिफ्ट का संचालन एक बार फिर से बंद हो गया है, इससे प्रसूताओं को प्रसव कक्ष तक परिजनों का सहारा लेकर रैंप से होकर जाना पड़ रहा है। प्रसूताओं को व्हील चेयर की सुविधा तक नहीं मिल रही है।
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मेडिकल काॅलेज में मरीजों को सहूलियत के लिए भले ही कई व्यवस्थाएं दी गई हों लेकिन जिम्मेदारों की लापरवाही से मरीजों को बेहतर सुविधाएं नहीं मिल पा रही हैं। ग्रामीण अंचलों से बेहतर इलाज का सपना लेकर मरीज महिला अस्पताल आते हैं, लेकिन यहां की अव्यवस्था से उनकी उम्मीद टूट जाती है।
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मेडिकल कॉलेज से संबद्ध होने के बाद महिला चिकित्सालय में प्रसूताओं को प्रसव कक्ष तक आने जाने लिए लिफ्ट की व्यवस्था की गई है लेकिन दो लिफ्टों में से एक का ही संचालन हो रहा था, लेकिन अब वह भी बंद हो गई है। मरीजों को वैसे तो स्ट्रेचर से ले जाया जाता है लेकिन कई मौकों पर कर्मचारी नहीं मिलते हैं तो परिजनों को स्ट्रेचर खींचनी पड़ती है। अस्पताल में व्हील चेयर भी नहीं मिलती है जिससे महिलाओं को परेशान होना पड़ रहा है।
वर्जन
लिफ्ट अभी तक सही थी, हो सकता है कुछ तकनीकी खराबी गई हो। लिफ्ट को सही कराने के लिए पत्र प्राचार्य को पत्र भेजकर जल्द ही सुधरवा दिया जाएगा।-डॉ. सुबोध कुमार, मुख्य चिकित्सा अधीक्षक, महिला चिकित्सालय