{"_id":"589dfef14f1c1b7b373787f5","slug":"the-father-of-three-including-life-imprisonment-for-murder","type":"story","status":"publish","title_hn":"हत्या में पिता सहित तीन को उम्र कैद","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
हत्या में पिता सहित तीन को उम्र कैद
अमर उजाला ब्यूरो, हरदोई
Updated Fri, 10 Feb 2017 11:27 PM IST
विज्ञापन
कोर्ट
- फोटो : प्रतीकात्मक
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
हरदोई ।अपर जिला जज द्वितीय जयप्रकाश पाण्डेय ने शुक्रवार को दो अलग-अलग मुकदमों की सुनवाई करते हुए पांच अभियुक्तों को सजा सुनाई। हत्या में पिता पुत्रो व गैंगेस्टर एक्ट में दो को सजा सुनाई।
विज्ञापन
अदालत के समक्ष चले हत्या के अपराध से सम्बंधित मुकदमे के घटनाक्त्रस्म के अनुसार 4 जून 2011 को संडीला थाना छेत्र के कैथनसराय निवासी मुंसिफ के पड़ोसी कन्हैयालाल रात 11 बजे अपने घर में चांदी गला रहे थे ।
विज्ञापन
जिसका धुआं मुंसिफ के घर जा रहा था। इस पर मुंसिफ ने विरोध किया। इसी बात को लेकर कन्हैयालाल और उसके लड़के मनोज कुमार एवं विनोद कुमार ने मुंसिफ को सरिया और डंडों से पीट दिया। बचाने आये मुंसिफ के लड़के आमिर उर्फ गुड्डू और आकिफ उर्फ गुड्डन को भी पीटा।
विज्ञापन
मुंसिफ की मौके पर ही मौत हो गई। वहीं आमिर और आकिफ की इलाज के दौरान मृत्यु हो गई। घटना की रिपोर्ट मृतक मुंसिफ के साले अब्दुल कय्यूम ने थाने में दर्ज कराई थी। मुकदमे की पैरवी सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता बजरंग बहादुर सिंह एवं बलवीर सिंह यादव ने की ।
अदालत ने मुकदमे की सुनवाई पूरी कर पिता व दो पुत्रों को दोषी करार देते हुए उम्र कैद और 25-25 हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई। अदालत ने यह भी आदेश दिया की जुर्माने की राशि मृतक मुंसिफ की पत्नी को प्रदान की जाए।
वहीं दूसरा मुकदमा गैंगेस्टर एक्ट का रहा। इस मामले की रिपोर्ट तत्कालीन एसओ माधौगंज रहे मुकेश मिश्र ने 30 जून 2009 को थाने पर दर्ज कराई थी। आरोप था कि थाना क्षेत्र के मुडैला शुक्लापुर भगत निवासी चक्त्रस्पाल और रामप्रताप का गैंग है। यह लोग आर्थिक व भौतिक लाभ के लिये क्षेत्र में अपराध करते हैं। मुकदमे की पैरवी अभियोजन अधिकारी अवधेश कुमार ने की ।अदालत ने दोनों को दोषी करार देते हुए पांच-पांच साल की कैद व पांच- पांच हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई।