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Hardoi News: एसडीएम बोलीं.. हरदोई और संडीला में आवास दे देंगे, लोग बोले, पहचान यहीं, यहीं कहीं बसवा दो
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मल्लावां। मल्लावां कस्बे में उन्नाव मार्ग पर सड़क किनारे रह रहे नट बिरादरी के परिवारों को आवास दिलाए जाने की कवायद शुरू होते ही धड़ाम हो गई।
अमर उजाला की खबरों को संज्ञान में लेकर रविवार को एसडीएम बिलग्राम सड़क किनारे रहने वाले लोगों से मिलीं और उन्हें संडीला और हरदाेई में कांशीराम कालोनी में आवास आवंटित करने का प्रस्ताव दिया, लेकिन इन परिवारों ने यह कहकर इन्कार कर दिया कि पहचान इस इलाके में है और यहां से चले गए तो रोजगार का संकट हो जाएगा।
बीते मंगलवार को आधीरात के बाद मल्लावां कस्बे में उन्नाव मार्ग पर बालू लदा ट्रक सड़क किनारे झोपड़ी और उसके बाहर सो रहे लोगों पर पलट गया था। घटना में एक ही परिवार के आठ लोगों की मौत हो गई थी। अमर उजाला की खबरों को संज्ञान में लेकर नगर पालिका अध्यक्ष तबस्सुम ने सड़क किनारे रह रहे परिवारों का सर्वे कराया था। इन सभी को आवास दिलाने की मांग को लेकर मुख्यमंत्री को पत्र भेजा था। अमर उजाला ने भी यह मुद्दा उठाया था। इसी क्रम में रविवार दोपहर एसडीएम बिलग्राम गरिमा सिंह, तहसीलदार अमित यादव मौके पर पहुंचे और पीड़िताें से मिले।
एसडीएम ने इन लोगों से बात कर संडीला और हरदोई की कांशीराम कालाेनी में आवास आवंटित करने की बात कही, लेकिन इन लोगों का कहना था कि इस क्षेत्र में ही उनकी पहचान है। सुल्तान, अशोक और बंटी ने एसडीएम से कहा कि यहां गांव-गांव के लोग पहचानते हैं इस वजह से रोजी रोटी चलती है। इन लोगों ने हरदोई और संडीला जाने से इन्कार करते हुए मल्लावां में ही कहीं बसाए जाने की मांग की।
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अमर उजाला की खबरों को संज्ञान में लेकर रविवार को एसडीएम बिलग्राम सड़क किनारे रहने वाले लोगों से मिलीं और उन्हें संडीला और हरदाेई में कांशीराम कालोनी में आवास आवंटित करने का प्रस्ताव दिया, लेकिन इन परिवारों ने यह कहकर इन्कार कर दिया कि पहचान इस इलाके में है और यहां से चले गए तो रोजगार का संकट हो जाएगा।
बीते मंगलवार को आधीरात के बाद मल्लावां कस्बे में उन्नाव मार्ग पर बालू लदा ट्रक सड़क किनारे झोपड़ी और उसके बाहर सो रहे लोगों पर पलट गया था। घटना में एक ही परिवार के आठ लोगों की मौत हो गई थी। अमर उजाला की खबरों को संज्ञान में लेकर नगर पालिका अध्यक्ष तबस्सुम ने सड़क किनारे रह रहे परिवारों का सर्वे कराया था। इन सभी को आवास दिलाने की मांग को लेकर मुख्यमंत्री को पत्र भेजा था। अमर उजाला ने भी यह मुद्दा उठाया था। इसी क्रम में रविवार दोपहर एसडीएम बिलग्राम गरिमा सिंह, तहसीलदार अमित यादव मौके पर पहुंचे और पीड़िताें से मिले।
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एसडीएम ने इन लोगों से बात कर संडीला और हरदोई की कांशीराम कालाेनी में आवास आवंटित करने की बात कही, लेकिन इन लोगों का कहना था कि इस क्षेत्र में ही उनकी पहचान है। सुल्तान, अशोक और बंटी ने एसडीएम से कहा कि यहां गांव-गांव के लोग पहचानते हैं इस वजह से रोजी रोटी चलती है। इन लोगों ने हरदोई और संडीला जाने से इन्कार करते हुए मल्लावां में ही कहीं बसाए जाने की मांग की।
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