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वेतन विसंगति दूर करने को लेखपाल संघ ने किया प्रदर्शन
अमर उजाला ब्यूराो/हरदोई
Updated Fri, 15 Jul 2016 11:50 PM IST
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तहसील परिसर में प्रदर्शन करते उत्तर प्रदेश लेखपाल संघ सदर शाखा के पदाधिकारी व लेखपाल
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो
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लेखपाल संघ जिलाध्यक्ष मनोज त्रिपाठी ने कहा कि लेखपाल संघ की छ: सूत्रीय मांगों में वेतन विसंगति मंडलीय स्थानांतरण नीति, नई पेंशन व्यवस्था की त्रुटि को दूर करने व प्रारंभिक वेतनमान 5200 से 20200 ग्रेड-पे 2800 करने सहित समस्त मांगाें के संबंध में संस्तुति सहित प्रस्ताव 16 जून 2016 को प्रेषित किए जा चुके हैं।
उन्होंने कहा कि लेखपाल संघ 31337 लेखपालों की पंजीकृत संस्था है। संस्था का सदैव मत रहा है कि अपनी न्यायोचित मांगों को तर्कपूर्ण व शांतिपूर्ण ढंग से शासन परिषद के सम्मुख प्रस्तुत करते हुए अपने कर्तव्यों का लगातार निर्वहन करते रहे हैं। सदर शाखा जिलाध्यक्ष महेश चंद्र श्रीवास्तव ने कहा कि शासनादेश नियमावली संशोधन व निर्गत न किए जाने पर भी लेखपाल संवर्ग ने असंतोष व्यक्त किया है।
जिससे संवर्ग में आक्रोश व्याप्त है। उत्तर प्रदेश लेखपाल संघ की प्रांतीय कार्यकारिणी की बैठक 3 व 4 जुलाई को प्रदेश के समस्त जनपदों से आए पदाधिकारियों ने रोष प्रकट किया गया था और बैठक में निर्णय लिया गया था कि लेखपाल संघ की समस्याओं को लेकर आगे भी प्रदर्शन किया जाएगा। यदि मांगों पर निर्णय न लिया गया तो 16 से 30 अगस्त के मध्य संघर्ष की रूपरेखा बनाई जाएगी।
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इस मौके पर संघ अध्यक्ष ने लेखपालों की समस्याओं को एक ज्ञापन के माध्यम से एसडीएम पप्पू गुप्ता को प्रेषित किया। इस मौके पर लेखपाल संघ के मंत्री राजीव लोचन पंत, प्रमोद त्रिपाठी, आलोक त्रिपाठी, हर्षवर्धन सिंह, जितेंद्र नाथ, रविशंकर सहित तमाम लेखपाल मौजूद रहे।
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उन्होंने कहा कि लेखपाल संघ 31337 लेखपालों की पंजीकृत संस्था है। संस्था का सदैव मत रहा है कि अपनी न्यायोचित मांगों को तर्कपूर्ण व शांतिपूर्ण ढंग से शासन परिषद के सम्मुख प्रस्तुत करते हुए अपने कर्तव्यों का लगातार निर्वहन करते रहे हैं। सदर शाखा जिलाध्यक्ष महेश चंद्र श्रीवास्तव ने कहा कि शासनादेश नियमावली संशोधन व निर्गत न किए जाने पर भी लेखपाल संवर्ग ने असंतोष व्यक्त किया है।
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जिससे संवर्ग में आक्रोश व्याप्त है। उत्तर प्रदेश लेखपाल संघ की प्रांतीय कार्यकारिणी की बैठक 3 व 4 जुलाई को प्रदेश के समस्त जनपदों से आए पदाधिकारियों ने रोष प्रकट किया गया था और बैठक में निर्णय लिया गया था कि लेखपाल संघ की समस्याओं को लेकर आगे भी प्रदर्शन किया जाएगा। यदि मांगों पर निर्णय न लिया गया तो 16 से 30 अगस्त के मध्य संघर्ष की रूपरेखा बनाई जाएगी।
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इस मौके पर संघ अध्यक्ष ने लेखपालों की समस्याओं को एक ज्ञापन के माध्यम से एसडीएम पप्पू गुप्ता को प्रेषित किया। इस मौके पर लेखपाल संघ के मंत्री राजीव लोचन पंत, प्रमोद त्रिपाठी, आलोक त्रिपाठी, हर्षवर्धन सिंह, जितेंद्र नाथ, रविशंकर सहित तमाम लेखपाल मौजूद रहे।