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Hardoi News: बाढ़ में डूबा 16 लाख रुपये का सुरक्षात्मक कार्य
Sun, 13 Aug 2023 12:45 AM IST
कानपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, हरदोई
संवाद न्यूज एजेंसी, हरदोई
Updated Sun, 13 Aug 2023 12:45 AM IST
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हरपालपुर। अरवल थाना क्षेत्र के चंद्रमपुर गांव में रामगंगा नदी से कटान रोकने के लिए मनरेगा से कराया गया कार्य बाढ़ के पानी में ही डूब गया। इसके बाद रामगंगा नदी ने चंद्रमपुर में कटान भी शुरू कर दिया है।
गत वित्तीय वर्ष में चंद्रमपुर में रामगंगा नदी की बाढ़ से कटान रोकने के लिए 40 लाख रुपये से मनरेगा की परियोजना मंजूर हुई थी। स्वीकृति के सापेक्ष विभाग को 16 लाख रुपये उपलब्ध भी कराए गए। इन रुपयों से कटान रोकने के लिए सुरक्षात्मक कार्य कराए गए थे, लेकिन शुक्रवार को तेजी से बढ़े जल स्तर के बाद शनिवार को सुरक्षात्मक कार्य भी बाढ़ की चपेट में आ गए और पानी गांव में कटान करने लगी।
चंद्रमपुर गांव के सत्यपाल, राकेश, बड़े भइया, सावित्री, रतिराम, रामदास, श्रीकृष्ण, हरीशचंद्र, राजाराम, हरिओम, सर्वजीत, कलेक्टर, नरेश, गुड्डू, कैलाश आदि के मकान रामगंगा नदी के किनारे बसे होने के कारण कटान की जद में आ रहे हैं। राकेश, सत्यपाल और बड़े भइया और, सावित्री के साथ ही श्रीकृष्ण ने भी अपने पक्के मकान तोड़ दिए हैं। बाढ़ के पानी से लोक निर्माण विभाग की सड़क भी कट गई है।
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इनसेट
सिंचाई विभाग के अधिशासी अभियंता अखिलेश गौतम ने बताया कि सुरक्षात्मक कार्य के लिए शेष 60 फीसदी बजट भी मनरेगा से मिल गया है। पानी बढ़ा होने के कारण अभी काम कराना संभव नहीं है। पानी कम होने के बाद यहां काम कराया जाएगा। पूर्व में कराए गए सुरक्षात्मक कार्य की भी मरम्मत वृहद स्तर पर कराई जाएगी।
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गत वित्तीय वर्ष में चंद्रमपुर में रामगंगा नदी की बाढ़ से कटान रोकने के लिए 40 लाख रुपये से मनरेगा की परियोजना मंजूर हुई थी। स्वीकृति के सापेक्ष विभाग को 16 लाख रुपये उपलब्ध भी कराए गए। इन रुपयों से कटान रोकने के लिए सुरक्षात्मक कार्य कराए गए थे, लेकिन शुक्रवार को तेजी से बढ़े जल स्तर के बाद शनिवार को सुरक्षात्मक कार्य भी बाढ़ की चपेट में आ गए और पानी गांव में कटान करने लगी।
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चंद्रमपुर गांव के सत्यपाल, राकेश, बड़े भइया, सावित्री, रतिराम, रामदास, श्रीकृष्ण, हरीशचंद्र, राजाराम, हरिओम, सर्वजीत, कलेक्टर, नरेश, गुड्डू, कैलाश आदि के मकान रामगंगा नदी के किनारे बसे होने के कारण कटान की जद में आ रहे हैं। राकेश, सत्यपाल और बड़े भइया और, सावित्री के साथ ही श्रीकृष्ण ने भी अपने पक्के मकान तोड़ दिए हैं। बाढ़ के पानी से लोक निर्माण विभाग की सड़क भी कट गई है।
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सिंचाई विभाग के अधिशासी अभियंता अखिलेश गौतम ने बताया कि सुरक्षात्मक कार्य के लिए शेष 60 फीसदी बजट भी मनरेगा से मिल गया है। पानी बढ़ा होने के कारण अभी काम कराना संभव नहीं है। पानी कम होने के बाद यहां काम कराया जाएगा। पूर्व में कराए गए सुरक्षात्मक कार्य की भी मरम्मत वृहद स्तर पर कराई जाएगी।