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बारिश से फसलें चौपट किसान हलकान
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बेनीगंज के खेतों में कुछ इस तरह पलट गई गेहूं की फसल। संवाद
- फोटो : HARDOI
हरदोई। फाल्गुन में सावन की तरह बरसे बादलों ने किसानों की चिंता बढ़ा दी। ग्रामीण इलाकों में शुक्रवार सुबह और शहर व आसपास के इलाकों में देर शाम बारिश के साथ गिरे ओलों ने गेहूूं और सरसों की फसलों को खासा नुकसान पहुंचाया है। खेतों में तैयार हो चुकी गेहूं की फसल पलट गई।
दो दिन से आसमान में छाए बादल शुक्रवार को आफत बनकर बरसे। सुबह से लेकर शाम तक अलग-अलग क्षेत्रों में बारिश के साथ ही ओलावृष्टि भी हुई। हरियावां व उसके आसपास सुबह आठ बजे तेज हवा के साथ बारिश हुई और ओले गिरे। दोपहर में बेनीगंज व आसपास के क्षेत्रों में तेज हवा के साथ ओले गिरे। वहीं शाम को शहर में आंधी आई और ओले गिरे।
बारिश और ओलावृष्टि ने गेहूं व सरसों समेत अन्य कई फसलों को नुकसान पहुंचाया है। पकने को तैयार गेहूं की फसल कई जगह पलट गई। किसानों का कहना है कि ये समय बाली में दाना पड़ने का है। बारिश से फसल पलटने व ओलावृष्टि होने से दाना कमजोर होगा। इसका असर उपज पर पड़ना तय है। वहीं किसानों का कहना है कि खेतों में पानी भरने से अरहर, चना, मटर, टमाटर समेत तिलहन व सब्जी की फसलों को भी नुकसान पहुंचा है।
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जैसे पराली जलाते देखा वैसे सेटेलाइट से नुकसान भी देखें : सरोज
भारतीय कृषक दल के राष्ट्रीय अध्यक्ष सरोज दीक्षित ने बारिश और ओला गिरने के बाद कहा कि खेतों में जलने वाली पराली प्रशासनिक अफसरों को सेटेलाइट के जरिये बड़ी जल्दी नजर आ जाती थी। किसानों पर जुर्माना और एफआईआर भी सेटेलाइट की रिपोर्ट के आधार पर कर दिया जाता था। अब जनपद में ओलावृष्टि के कारण अधिकांश किसानों की फसलें चौपट हो गई हैं तो इस नुकसान का आंकलन भी प्रशासनिक अफसरों को सेटेलाइट से कराना चाहिए और जल्द नुकसान की भरपाई भी करनी चाहिए।
टोल फ्री नंबर पर दें नुकसान की जानकारी
उपनिदेशक कृषि डॉ. आशुतोष मिश्र ने कहा है कि जिन किसानों ने क्रेडिट कार्ड बनवा रखा है, वह सभी प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना से आच्छादित हैं। ऐसे किसान 72 घंटे के अंदर फसल नुकसान की शिकायत टोल फ्री नंबर 18002005142 पर जरूर कर दें। उन्होंने कहा कि ये टोलफ्री नंबर यूनिवर्सल सोम्पो जनरल इंश्योरेंस कंपनी का है, जिससे जनपद में फसल बीमा किया गया है। इसमें नुकसान उठाने वाले किसान का शिकायत दर्ज कराना आवश्यक है।
कराएंगे नुकसान का आंकलन
उपनिदेशक कृषि डॉ. आशुतोष मिश्र ने बताया कि निश्चित रूप से ये बारिश और ओले सभी फसलों के लिए नुकसानदायक हैं। जनपद में नुकसान का आंकलन करने के लिए राजस्व और कृषि विभाग की संयुक्त टीम लगाई जाएगी। टीम की आख्या मिलने पर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
किसानों ने बताई समस्या
किसान रावेंद्र सिंह का कहना है कि तेज हवा के साथ बरसात होने की वजह से फसल पलट गई है। ओले गिरने से पकी फसल की बालियां भी बेकार हो गईं हैं। मुआवजा दिलाया जाना चाहिए।
किसान सत्यपाल राठौर ने कहा कि मौसम की वजह से पूरी फसल बर्बाद हो गई। अब समझ नहीं आ रहा है कि लागत कैसे निकलेगी और कैसे अगले छह महीने घर-परिवार चलेगा।
बदला मौसम, आज भी बारिश की संभावना
हरदोई। ओला गिरने के साथ ही बारिश होने के बाद शुक्रवार देर शाम एक बार फिर लोग ठंड महसूस करने लगे। मौसम वैज्ञानिक ने बताया कि आज भी मौसम इसी तरह का रहने की उम्मीद है। शुक्रवार शाम हुई बारिश से सड़कों पर जलभराव हो गया। मौसम वैज्ञानिक रमेश चंद्र वर्मा ने बताया कि शनिवार को भी बारिश की उम्मीद है। इसके बाद आठ से 12 मार्च तक मौसम सही रहने की उम्मीद है। 12 मार्च से फिर से मौसम खराब हो सकता है। उन्होंने बताया कि अधिकतम तापमान 24.2 व न्यूनतम 12.5 रिकार्ड किया गया है।
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दो दिन से आसमान में छाए बादल शुक्रवार को आफत बनकर बरसे। सुबह से लेकर शाम तक अलग-अलग क्षेत्रों में बारिश के साथ ही ओलावृष्टि भी हुई। हरियावां व उसके आसपास सुबह आठ बजे तेज हवा के साथ बारिश हुई और ओले गिरे। दोपहर में बेनीगंज व आसपास के क्षेत्रों में तेज हवा के साथ ओले गिरे। वहीं शाम को शहर में आंधी आई और ओले गिरे।
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बारिश और ओलावृष्टि ने गेहूं व सरसों समेत अन्य कई फसलों को नुकसान पहुंचाया है। पकने को तैयार गेहूं की फसल कई जगह पलट गई। किसानों का कहना है कि ये समय बाली में दाना पड़ने का है। बारिश से फसल पलटने व ओलावृष्टि होने से दाना कमजोर होगा। इसका असर उपज पर पड़ना तय है। वहीं किसानों का कहना है कि खेतों में पानी भरने से अरहर, चना, मटर, टमाटर समेत तिलहन व सब्जी की फसलों को भी नुकसान पहुंचा है।
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जैसे पराली जलाते देखा वैसे सेटेलाइट से नुकसान भी देखें : सरोज
भारतीय कृषक दल के राष्ट्रीय अध्यक्ष सरोज दीक्षित ने बारिश और ओला गिरने के बाद कहा कि खेतों में जलने वाली पराली प्रशासनिक अफसरों को सेटेलाइट के जरिये बड़ी जल्दी नजर आ जाती थी। किसानों पर जुर्माना और एफआईआर भी सेटेलाइट की रिपोर्ट के आधार पर कर दिया जाता था। अब जनपद में ओलावृष्टि के कारण अधिकांश किसानों की फसलें चौपट हो गई हैं तो इस नुकसान का आंकलन भी प्रशासनिक अफसरों को सेटेलाइट से कराना चाहिए और जल्द नुकसान की भरपाई भी करनी चाहिए।
टोल फ्री नंबर पर दें नुकसान की जानकारी
उपनिदेशक कृषि डॉ. आशुतोष मिश्र ने कहा है कि जिन किसानों ने क्रेडिट कार्ड बनवा रखा है, वह सभी प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना से आच्छादित हैं। ऐसे किसान 72 घंटे के अंदर फसल नुकसान की शिकायत टोल फ्री नंबर 18002005142 पर जरूर कर दें। उन्होंने कहा कि ये टोलफ्री नंबर यूनिवर्सल सोम्पो जनरल इंश्योरेंस कंपनी का है, जिससे जनपद में फसल बीमा किया गया है। इसमें नुकसान उठाने वाले किसान का शिकायत दर्ज कराना आवश्यक है।
कराएंगे नुकसान का आंकलन
उपनिदेशक कृषि डॉ. आशुतोष मिश्र ने बताया कि निश्चित रूप से ये बारिश और ओले सभी फसलों के लिए नुकसानदायक हैं। जनपद में नुकसान का आंकलन करने के लिए राजस्व और कृषि विभाग की संयुक्त टीम लगाई जाएगी। टीम की आख्या मिलने पर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
किसानों ने बताई समस्या
किसान रावेंद्र सिंह का कहना है कि तेज हवा के साथ बरसात होने की वजह से फसल पलट गई है। ओले गिरने से पकी फसल की बालियां भी बेकार हो गईं हैं। मुआवजा दिलाया जाना चाहिए।
किसान सत्यपाल राठौर ने कहा कि मौसम की वजह से पूरी फसल बर्बाद हो गई। अब समझ नहीं आ रहा है कि लागत कैसे निकलेगी और कैसे अगले छह महीने घर-परिवार चलेगा।
बदला मौसम, आज भी बारिश की संभावना
हरदोई। ओला गिरने के साथ ही बारिश होने के बाद शुक्रवार देर शाम एक बार फिर लोग ठंड महसूस करने लगे। मौसम वैज्ञानिक ने बताया कि आज भी मौसम इसी तरह का रहने की उम्मीद है। शुक्रवार शाम हुई बारिश से सड़कों पर जलभराव हो गया। मौसम वैज्ञानिक रमेश चंद्र वर्मा ने बताया कि शनिवार को भी बारिश की उम्मीद है। इसके बाद आठ से 12 मार्च तक मौसम सही रहने की उम्मीद है। 12 मार्च से फिर से मौसम खराब हो सकता है। उन्होंने बताया कि अधिकतम तापमान 24.2 व न्यूनतम 12.5 रिकार्ड किया गया है।