{"_id":"5ec80e5d8ebc3e904359f394","slug":"no-urse-in-dargah-lalpir-hardoi-news-knp561527018","type":"story","status":"publish","title_hn":"दरगाह लालपीर में इस साल नहीं लगेगा मेला","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
दरगाह लालपीर में इस साल नहीं लगेगा मेला
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
गोपामऊ। कोरोना संकट के कारण लॉकडाउन लागू होने से सैकड़ों साल से होते आ रहे उर्स दरगाह लालपीर पर भी असर पड़ा है। रविवार से शुरू होने वाले उर्स को स्थगित कर दिया गया है। ये जानकारी मुतवल्ली नवाब साद फारुकी ने दी।
उन्होंने बताया कि उर्स दरगाह लालपीर का आठ सौ साल और खैरुल्लाह शाह मेले का इतिहास सवा दो सौ साल पुराना है। उन्होंने बताया कि उर्स स्थगित करने का फैसला मेला कमेटी के अध्यक्ष और सदस्यों की उपस्थिति में लिया गया है।
दरगाह लालपीर के मुजाविर हाफिज मकबूल ने अकीदतमंदों से अपील की है कि घर पर परिवार के साथ फातेहाख्वानी करें और तबर्रुकात तकसीम कर गरीबों की मदद करें। बताया कि इस दौरान मजार पूरी तरह बंद रहेगी।
विज्ञापन
विज्ञापन
उन्होंने बताया कि उर्स दरगाह लालपीर का आठ सौ साल और खैरुल्लाह शाह मेले का इतिहास सवा दो सौ साल पुराना है। उन्होंने बताया कि उर्स स्थगित करने का फैसला मेला कमेटी के अध्यक्ष और सदस्यों की उपस्थिति में लिया गया है।
विज्ञापन
दरगाह लालपीर के मुजाविर हाफिज मकबूल ने अकीदतमंदों से अपील की है कि घर पर परिवार के साथ फातेहाख्वानी करें और तबर्रुकात तकसीम कर गरीबों की मदद करें। बताया कि इस दौरान मजार पूरी तरह बंद रहेगी।
विज्ञापन