{"_id":"6686d7e9af1c7c13ee076239","slug":"misuse-of-rs-341-crore-in-area-panchayat-fund-of-two-blocks-hardoi-news-c-213-1-hra1001-116530-2024-07-04","type":"story","status":"publish","title_hn":"Hardoi News: दो ब्लॉकों की क्षेत्र पंचायत निधि में 3.41 करोड़ का दुरुपयोग","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Hardoi News: दो ब्लॉकों की क्षेत्र पंचायत निधि में 3.41 करोड़ का दुरुपयोग
विज्ञापन
हरदोई। दो ब्लॉकों की क्षेत्र पंचायत निधि में 3.41 करोड़ से अधिक का दुरुपयोग किया गया है। क्षेत्र पंचायत निधि और 15वें वित्त आयोग की मद से कराए जाने वाले कार्यों में ई-टेंडर से बचने के लिए कार्यों को टुकड़ों में कराया गया और भुगतान भी कर दिया गया। बड़ी मात्रा में राशि के दुरुपयोग की पुष्टि से जिम्मेदारों में खलबली है।
गांवों के विकास कार्यों के लिए क्षेत्र पंचायतों को राज्य वित्त आयोग और 15वें वित्त आयोग की मद में बड़ी मात्रा में राशि जारी होती है। इसी के साथ क्षेत्र पंचायत की अपनी आमदनी भी होती है। इस राशि से कराए जाने वाले कार्यों और भुगतान के ऑडिट की व्यवस्था दी गई है। वित्तीय वर्ष 2022-23 के भुगतान और कार्यों के ऑडिट में विकास खंड मल्लावां और टोडरपुर में 3,41,56,386 रुपये का दुरुपयोग पाया गया।
इस मामले में दो वर्तमान ब्लॉक प्रमुख सहित एक निवर्तमान ब्लॉक प्रमुख, तत्कालीन बीडीओ और लेखाकार को जिम्मेदार बताया गया है। इसमें से टोडरपुर में अकेले 2,83,34,203 रुपये के दुरुपयोग की रिपोर्ट दी गई है। कहा गया कि 15वें वित्त आयोग की मद से 1,25,19,374 रुपये के काम को टुकड़ों में कराया गया है। एक अन्य कार्य के लिए मजदूरी के 30,28,248 रुपये का भुगतान नियम विरुद्ध ढंग से पीएफएमएस खाते में किया गया है, इसमें अन्य अनियमितता भी की गई है। 38,26,373 रुपये के काम को मेसर्स बाला जी कंस्ट्रक्शन से नियम विरुद्ध कराया गया है। 4,11,406 रुपये के काम की माप पुस्तिका में 18 प्रतिशत जीएसटी के स्थान पर 12 प्रतिशत ही जीएसटी कटौती कर सरकार को कर का नुकसान पहुंचाया गया है। 85,48,701 रुपये का नियम विरुद्ध मेसर्स प्रीतू त्रिवेदी से कराते हुए भुगतान किया गया है।
विज्ञापन
विकास खंड मल्लावां में कुल 58,22,183 रुपये के दुरुपयोग की रिपोर्ट दी गई है। इसमें विविध मद के 22,750 और 14,87,640 रुपये भुगतान की पत्रावली ही लेखा परीक्षा अधिकारी को नहीं मिली। 2,36,505 रुपये जीएसटी, आयकर, लेबर सेस की राशि को खाता में ही जमा नहीं कराया गया। 40,04,830 रुपये का भुगतान बिना कार्यपूर्ति अभिलेख तैयार ही फर्मों को भुगतान कर दिया। निविदा प्रपत्र बिक्री से प्राप्त 70,458 रुपये खाता में ही जमा रखे गए हैं। दोनों ही ब्लॉकों की ऑडिट रिपोर्ट उच्चाधिकारियों को प्राप्त हो गई है।
ब्लॉक मल्लावां और टोडरपुर में क्षेत्र पंचायत निधि सहित अन्य मदों के काम और भुगतान में राशि दुरुपयोग की ऑडिट रिपोर्ट मिली है। दो ब्लॉकों के बीडीओ से आख्या तलब की गई है। आदेशित किया गया कि सहकारी समितियां एवं पंचायत के जिला लेखा परीक्षा अधिकारी को परिपालन आख्या प्राप्त कराएंगे। -सौम्या गुरूरानी, सीडीओ
विज्ञापन
गांवों के विकास कार्यों के लिए क्षेत्र पंचायतों को राज्य वित्त आयोग और 15वें वित्त आयोग की मद में बड़ी मात्रा में राशि जारी होती है। इसी के साथ क्षेत्र पंचायत की अपनी आमदनी भी होती है। इस राशि से कराए जाने वाले कार्यों और भुगतान के ऑडिट की व्यवस्था दी गई है। वित्तीय वर्ष 2022-23 के भुगतान और कार्यों के ऑडिट में विकास खंड मल्लावां और टोडरपुर में 3,41,56,386 रुपये का दुरुपयोग पाया गया।
विज्ञापन
इस मामले में दो वर्तमान ब्लॉक प्रमुख सहित एक निवर्तमान ब्लॉक प्रमुख, तत्कालीन बीडीओ और लेखाकार को जिम्मेदार बताया गया है। इसमें से टोडरपुर में अकेले 2,83,34,203 रुपये के दुरुपयोग की रिपोर्ट दी गई है। कहा गया कि 15वें वित्त आयोग की मद से 1,25,19,374 रुपये के काम को टुकड़ों में कराया गया है। एक अन्य कार्य के लिए मजदूरी के 30,28,248 रुपये का भुगतान नियम विरुद्ध ढंग से पीएफएमएस खाते में किया गया है, इसमें अन्य अनियमितता भी की गई है। 38,26,373 रुपये के काम को मेसर्स बाला जी कंस्ट्रक्शन से नियम विरुद्ध कराया गया है। 4,11,406 रुपये के काम की माप पुस्तिका में 18 प्रतिशत जीएसटी के स्थान पर 12 प्रतिशत ही जीएसटी कटौती कर सरकार को कर का नुकसान पहुंचाया गया है। 85,48,701 रुपये का नियम विरुद्ध मेसर्स प्रीतू त्रिवेदी से कराते हुए भुगतान किया गया है।
विज्ञापन
विकास खंड मल्लावां में कुल 58,22,183 रुपये के दुरुपयोग की रिपोर्ट दी गई है। इसमें विविध मद के 22,750 और 14,87,640 रुपये भुगतान की पत्रावली ही लेखा परीक्षा अधिकारी को नहीं मिली। 2,36,505 रुपये जीएसटी, आयकर, लेबर सेस की राशि को खाता में ही जमा नहीं कराया गया। 40,04,830 रुपये का भुगतान बिना कार्यपूर्ति अभिलेख तैयार ही फर्मों को भुगतान कर दिया। निविदा प्रपत्र बिक्री से प्राप्त 70,458 रुपये खाता में ही जमा रखे गए हैं। दोनों ही ब्लॉकों की ऑडिट रिपोर्ट उच्चाधिकारियों को प्राप्त हो गई है।
ब्लॉक मल्लावां और टोडरपुर में क्षेत्र पंचायत निधि सहित अन्य मदों के काम और भुगतान में राशि दुरुपयोग की ऑडिट रिपोर्ट मिली है। दो ब्लॉकों के बीडीओ से आख्या तलब की गई है। आदेशित किया गया कि सहकारी समितियां एवं पंचायत के जिला लेखा परीक्षा अधिकारी को परिपालन आख्या प्राप्त कराएंगे। -सौम्या गुरूरानी, सीडीओ