फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Hardoi News ›   Hardoi: Farmer killed, four injured in land dispute

भूमि विवाद में चचेरे भाईयों ने की किसान की हत्या, चार घायल

Tue, 01 Dec 2020 09:56 PM IST
Kanpur	 Bureau कानपुर ब्यूरो
Updated Tue, 01 Dec 2020 09:56 PM IST
विज्ञापन
Hardoi: Farmer killed, four injured in land dispute
फोटो-20-जिला अस्पताल में बिलखती मृतक की पत्नी गुडिय़ा को संभालते परिजन। संवाद - फोटो : HARDOI
टडिय़ावां थाना क्षेत्र के खजुरिया नगला में मंगलवार सुबह भूमि विवाद में चचेरे भाइयों के बीच विवाद हो गया। इसी दौरान एक किसान की चाकुओं से गर्दन काटकर हत्या कर दी गई, जबकि चाकू लगने से चार लोग घायल भी हो गए। सभी को जिला अस्पताल मेें भर्ती कराया गया है। मृतक के चचेरे भइयों समेत छह लोगों के विरुद्ध हत्या की रिपोर्ट दर्ज हुई है।
विज्ञापन

खजुरिया नगला मजरा अलीशाबा निवासी महेंद्र पाल (46) पुत्र गोविंद खेती करता था। महेंद्र ने अपने घर के सामने ही स्थित लगभग एक बीघाभूमि का बैनामा कुछ माह पहले करा लिया था। इस भूमि पर महेंद्र पाल के चचेरे भाइयों विकास, अंकित और अंकुल पुत्र परशुराम का घूरा था।
विज्ञापन

वहां पर कंडे रखे जाते थे। सोमवार शाम घूरा आदि हटाने के लिए कहा तो दोनों पक्षों में तकरार हो गई थी। मंगलवार सुबह लगभग दस बजे महेंद्र अपने घर से गांव में ही परचून की दुकान पर पान मसाला लेने के लिए गया था। इसी दौरान विकास, अंकित , अंकुल, विनोद पुत्र बाबूराम, पंकज पुत्र रामस्वरूप और सतीश पुत्र श्रीकृष्ण ने लाठी डंडों और चाकुओं से महेंद्र पर हमला बोल दिया। महेंद्र की गर्दन पर कई वार किए गए और वह वहीं गिर गया।
विज्ञापन
विज्ञापन

इसी बीच महेंद्र का भाई मन्नीलाल (44), मन्न्ीलाल की पत्नी रामदेवी (40) , उसका दामाद ओम शरण (25) और महेंद्र की विवाहित पुत्री विनीता (22) पत्नी समरजीत निवासी मन्नापुरवा कोतवाली देहात भी घटनास्थल पर पहुंच गईं। आरोपियों ने इन लोगों पर भी धारदार हथियारों और लाठी डंडों से वार किए।
ग्रामीणों की सूचना पर पहुंची पुलिस ने एंबुलेंस से पांचों लोगों को जिला अस्पताल पहुंचाया, जहां महेंद्र को मृत घोषित कर दिया गया। टड़ियावां के प्रभारी निरीक्षक एसपी उपाध्याय ने बताया कि सभी छह आरोपियों पर रिपोर्ट दर्ज की गई है।
विश्वस्त सूत्रों के मुताबिक महेंद्र पाल ने खरीदी गई भूमि पर विकास, अंकित आदि का कब्जा होने की शिकायत पुलिस और राजस्व विभाग से की थी। बीते शनिवार को थाना समाधान दिवस में दोनों पक्षों की बात भी राजस्व और पुलिस के अधिकारियों ने सुनी थी।

बावजूद इसके पूरे मामले का निस्तारण नहीं हो पाया था। विकास, अंकित आदि का कहना था कि वह लोग पिछले कई वर्ष से भूमि पर काबिज हैं, जबकि महेंद्र का कहना था कि जब भूमि उसने खरीद ली है, तो उस पर मालिकाना हक भी उसी का है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed