फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Hardoi News ›   farmer haas on strike for their right

हक की खातिर फिर बिफरे हरी टोपी वाले व लहरे लाठी डंडे

Sat, 06 Feb 2021 10:38 PM IST
Kanpur	 Bureau कानपुर ब्यूरो
Updated Sat, 06 Feb 2021 10:38 PM IST
विज्ञापन
farmer haas on strike for their right
हरदोई कलक्ट्रेट परिसर में सिटी मजिस्ट्रेट जंग बहादुर यादव को ज्ञापन सौंपते भारतीय किसान यूनियन - फोटो : HARDOI
कृषि कानून को वापस लेने की मांग के लिए भारतीय किसान यूनियन जैसे कई संगठनों ने चक्का जाम तो नहीं किया लेकिन कलक्ट्रेट परिसर में लाठी-डंडे लहराकर प्रदर्शन जरूर किया। यूनियन पदाधिकारियों ने प्रधानमंत्री और राष्ट्रपति को संबोधित ज्ञापन भी सिटी मजिस्ट्रेट को सौंपे। उधर पूर्व घोषित प्रदर्शन कार्यक्रम को लेकर पुलिस प्रशासन भी कलक्ट्रेट परिसर में अलर्ट रहा।
विज्ञापन

हरदोई। भारतीय किसान यूनियन राष्ट्रीयतावादी के पदाधिकारियों ने कलक्ट्रेट परिसर में प्रदर्शन किया। इसके बाद प्रधानमंत्री को संबोधित 10 सूत्री ज्ञापन सिटी मजिस्ट्रेट जंग बहादुर यादव को सौंपा।
विज्ञापन

इसमें किसान आयोग का गठन करने एवं किसानों का कर्ज माफ करने की मांग की गई। मंडल अध्यक्ष रावेंद्र सिंह चौहान ने कहा कि किसान विरोधी तीनों कानूनों को वापस लिया जाए। भारत के सभी किसानों का सारा कर्ज माफ किया जाए। जिलाध्यक्ष रामलखन पाठक, अचल प्रकाश शुक्ला, शिवनाथ सिंह, श्रीकांत अवस्थी, रामगोपाल, जयचंद मौजूद रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन

भारतीय किसान यूनियन अराजनैतिक के जिलाध्यक्ष राजबहादुर सिंह यादव ने प्रधानमंत्री को संबोधित ज्ञापन सिटी मजिस्ट्रेट को दिया। ज्ञापन में मांग की गई कि सरकार द्वारा हाल ही में पारित तीनों कृषि कानूनों को शीघ्र निरस्त करके किसान आंदोलन को ससम्मान समाप्त कराया जाए।
न्यूनतम समर्थन मूल्य पर बिक्री की गारंटी के लिए कानून बनाने व स्वामी नाथन आयोग की रिपोर्ट लागू कराने की भी मांग की। इस मौके पर चमेली देवी, गिरीश, जगदीश, विष्णु देव दीक्षित, सोबरन लाल, राजबहादुर केवट आदि मौजूद रहे।
भारतीय किसान यूनियन भानू गुट के पदाधिकारियों और किसानों ने सिटी मजिस्ट्रेट को ज्ञापन सौंपा। पदाधिकारियों ने कृषि कानूनों को वापस लेने की मांग की। कहा कि किसानों की फसलों के न्यूनतम समर्थन मूल्य की मोदी सरकार गारंटी दे। दिल्ली में आंदोलन कर रहे किसानों की मांगें मानकर उनका आंदोलन सम्मान खत्म कराया जाए।
इसके अलावा पंजाब सरकार की भांति ही प्रदेश में भी सरकारी ट्यूबवेल व बिजली बिल माफ कराए जाने की मांग की। प्रदर्शन और ज्ञापन देने वालों में अध्यक्ष समर सिंह, रामबेटी आदि शामिल रहीं।
भारतीय किसान यूनियन अराजनैतिक के कलक्ट्रेट परिसर में हो रहे प्रदर्शन को संबोधित करते हुए महिला प्रदेश अध्यक्ष सुनीता गौतम ने कहा कि केंद्र सरकार द्वारा बनाए गए कृषि कानून किसानों पर जबरन थोपे गए हैं।
इन्हें तत्काल वापस लिया जाए। इसके अलावा किसानों के सभी कर्ज माफ किए जाएं। न्यूतनम समर्थन मूल्य की गारंटी दी जाए। उन्हें समय पर बिजली, और खाद मुहैया कराई जाए। इस दौरान सिटी मजिस्ट्रेट को ज्ञापन भी दिया गया। इस मौके पर प्रदेश प्रभारी शिवाधार, राष्ट्रीय प्रभारी आरएन सिंह व डॉ. बाबू लाल भी मौजूद रहे।
इन किसान संगठनों के अलावा नव भारतीय किसान संगठन, भारतीय किसान यूनियन अराजनैतिक, भारतीय किसान मजदूर यूनियन भारत के बैनर तले भी कलक्ट्रेट परिसर में प्रदर्शन किया गया। सभी संगठनों की प्रमुख मांगों में कृषि कानूनों को वापस लेने की मांग रही। इसके अलावा किसानों की समस्याएं भी उठाई गईं।

इस मौके पर मजदूर यूनियन जिलाध्यक्ष रामनरेश सविता, भाकियू अराजनैतिक जिलाध्यक्ष रामलखन शुक्ला, अंबावता गुट के जिलाध्यक्ष अशोक राठौर, नव भारतीय किसान संगठन अराजनैतिक के जिलाध्यक्ष श्रीकृष्ण आर्य मौजूद रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed