फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Hardoi News ›   Cousin brother-in-law sentenced to seven years in prison for raping his sister-in-law at gunpoint

Hardoi News: अवैध शस्त्र के बल पर भाभी से दुष्कर्म करने वाले चचेरे देवर को सात साल की सजा

Tue, 07 Apr 2026 10:56 PM IST
Kanpur	 Bureau कानपुर ब्यूरो
Updated Tue, 07 Apr 2026 10:56 PM IST
विज्ञापन
Cousin brother-in-law sentenced to seven years in prison for raping his sister-in-law at gunpoint
हरदोई। अवैध शस्त्र के बल पर भाभी से दुष्कर्म के आरोपी चचेरे देवर को दोषी करार दिया गया है। तकरीबन छह साल पहले हुई घटना के अभियुक्त को जिला जज एफटीसी महिला भूपेंद्र प्रताप ने सात साल की सजा सुनाई। 38 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया। जुर्माने की 75 फीसदी रकम पीड़िता को देनेे के आदेश अपर जिला जज ने दिए। जुर्माना न देने पर छह माह की अतिरिक्त सजा भुगतनी होगी।
विज्ञापन




पाली थाना क्षेत्र के एक गांव निवासी महिला ने प्राथमिकी दर्ज कराई थी। इसमें बताया कि 19 नवंबर 2020 की रात उसके पति गन्ना लेकर रूपापुर चीनी मिल गए थे। इस दौरान चचेरा देवर मनोज कुमार घर में घुस आया। उनके सीने पर पर पौनिया (तमंचे से बड़ी नाल होती है) लगाकर दुष्कर्म किया था। चिल्लाने पर मुंह में कपड़ा लगा दिया था। शिकायत करने पर जान से मार डालने की धमकी देते हुए मौके से भाग गया था। उसने पति के आने पर पूरी घटना बताई और अगले दिन प्राथमिकी दर्ज कराई।
विज्ञापन




पुलिस ने मनोज को पांच दिसंबर 2020 को गिरफ्तार किया था। विवेचना के बाद पुलिस ने 28 जनवरी 2021 को घर में घुसकर दुष्कर्म करने की धाराओं में आरोप पत्र न्यायालय में दाखिल किया था। 10 जुलाई 2023 को अभियुक्त की जमानत हो गई थी। अभियोजन पक्ष की ओर से छह गवाहों को पेश किया गया। इसके साथ ही आठ अभिलेखीय साक्ष्य भी पेश किए गए। दोनों पक्षों के तर्कों को सुनने व पत्रावली पर मौजूद सबूतों के आधार पर अपर जिला जज ने सजा सुनाई।
विज्ञापन
विज्ञापन




सास और पति बयानों से मुकरे फिर भी हुई सजा

पीड़िता की सास ने पुलिस को दिए बयानों में बताया था की घटना के समय कुछ ही दूर पर वह चारपाई पर लेटी थीं। चिल्लाने की आवाज सुनकर वह मौके पर पहुंची थीं और अभियुक्त मनोज को देखा था। दावा था कि उनके पहुंचने पर भी मनोज भाग गया था। पति ने बयान दिया था कि घटना के करीब 10 मिनट बाद वह घर आ गया था। आरोपी को पत्नी के साथ दुष्कर्म करते देखा था। मां के चिल्लाने पर मनोज जान से मारने की धमकी देते हुए भाग गया था। न्यायालय में सुनवाई के दौरान दोनों अपने बयानों से मुकर गए। कहा कि घटना के समय अंधेरा था और मनोज को पहचान नहीं पाए थे। पुलिस को भी उसका नाम नहीं बताया था। अभियुक्त द्वारा घटना न किए जाने की बात कही थी। पीड़िता के सास और पति के मुकर जाने के बाद भी न्यायालय ने अभियुक्त को सजा सुनाई।






ऐसी घटनाओं से पूरे समाज पर पड़ता है असर...

अपर जिला जज ने फैसला सुनाते हुए तल्ख टिप्पणी की। कहा कि अभियुक्त ने घर में घुसकर महिला को जान से मारने की धमकी दी। इसके बाद दुष्कर्म जैसा गंभीर अपराध किया। ऐसी घटना से एक व्यक्ति पर ही नहीं बल्कि पूरे समाज पर गंभीर प्रभाव पड़ता है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed