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Hardoi News: लघु सिंचाई विभाग की बोरिंग में भ्रष्टाचार, डीएम ने बैठाई जांच

Mon, 14 Oct 2024 10:58 PM IST
Kanpur	 Bureau कानपुर ब्यूरो
Updated Mon, 14 Oct 2024 10:58 PM IST
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Corruption in boring of Minor Irrigation Department, DM sets up investigation
हरदोई। लघु सिंचाई विभाग के कार्याें में भ्रष्टाचार के गंभीर आरोप मिश्रिख सांसद अशोक रावत ने लगाए हैं। सांसद की शिकायत पर लघु सिंचाई विभाग के छह विकास खंडों में कराए गए कार्याें की विस्तृत जांच करने के आदेश डीएम मंगला प्रसाद सिंह ने दिए हैं। जांच करने के लिए दो सदस्यीय कमेटी भी गठित की गई है।
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लघु सिंचाई विभाग की ओर से किसानों से जुड़ी योजनाओं का संचालन किया जाता है। खास तौर पर लघु और मध्यम बोरिंग का कार्य अनुदान पर कराया जाता है। पिछले काफी समय से लघु सिंचाई विभाग के कार्याें में अनियमितताओं की शिकायतें चर्चा में थीं। अब इन चर्चाओं को और हवा मिल गई है। दरअसल मिश्रिख के सांसद अशोक रावत ने मुख्यमंत्री लघु सिंचाई योजना के अंतर्गत किसानों को बोरिंग में मिलने वाले अनुदान में भ्रष्टाचार किए जाने का आरोप लगाया है। जिलाधिकारी को भेजे गए पत्र में सांसद ने कहा है कि संडीला, बेहंदर, कछौना, बिलग्राम, माधौगंज और मल्लावां विकास खंड में मुख्यमंत्री लघु सिंचाई योजना में हुए कार्याें की अनुदान राशि में बड़े पैमाने पर भ्रष्टाचार हुआ है। सांसद का आरोप है कि अलग अलग फर्माें के फर्जी बिल और बाउचर लगाकर चहेते ठेकेदारों काे भुगतान किया जा रहा है। विभाग के एक जिम्मेदार अधिकारी के नाम का उल्लेख करते हुए सांसद ने संबंधित अधिकारी के खिलाफ भी विस्तृत जांच कराए जाने के लिए डीएम को लिखा है। डीएम मंगला प्रसाद सिंह ने बताया कि सांसद ने शिकायत में गंभीर आरोप लगाए हैं। पूरे मामले की जांच के लिए डीएम ने जिला विकास अधिकारी और अधिशासी अभियंता नलकूप की कमेटी गठित की है। डीएम एमपी सिंह ने बताया कि अगर कहीं भी अनियमितता मिली तो संबंधित के खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी।
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योजना में इतना दिया जाता है अनुदान
मुख्यमंत्री लघु सिंचाई योजना के अंतर्गत किसानों को बोरिंग कराने के लिए अनुदान दिया जाता है। अनुसूचित जाति के लाभार्थी को 19800 रुपये और सामान्य वर्ग को 15400 रुपये का अनुदान दिया जाता है। अनुदान की इसी धनराशि में भ्रष्टाचार का आरोप सांसद ने लगाया है। साथ ही कराई गई बोरिंगों में घटिया स्तर की पाइप इस्तेमाल करने का आरोप भी है। कुछ जगहों पर बोरिंग कराए बिना ही भुगतान निकाल लेने का आरोप भी सांसद ने लगाया है।
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