फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Hapur News ›   Hindu and Muslim Rajputs came forward to save the culture of Satha Chaurasi.

Hapur News: साठा चौरासी की तहजीब बचाने को आगे आए हिंदू-मुस्लिम राजपूत

Ghaziabad Bureau गाजियाबाद ब्यूरो
Updated Tue, 12 May 2026 10:47 PM IST
विज्ञापन
Hindu and Muslim Rajputs came forward to save the culture of Satha Chaurasi.
धौलाना थाने में शांति समिति की बैठक में भाग लेते लोग। संवाद
धौलाना। देहरा गांव में पत्थरबाजी और मारपीट के बाद मंगलवार को थाना धौलाना परिसर में साठा चौरासी विकास मंच की पहल पर शांति वार्ता बैठक आयोजित की गई। पांच घंटे तक दो चरणों में चली बैठक में हिंदू राजपूत और मुस्लिम राजपूत समाज के प्रबुद्ध एवं सम्मानित लोगों ने कहा कि साठा चौरासी की गौरवशाली परंपरा को किसी भी कीमत पर टूटने नहीं दिया जाएगा।
विज्ञापन

बैठक की अध्यक्षता एसडीएम मनोज सिंह और क्षेत्राधिकारी अनीता चौहान ने की। पहले चरण में मुस्लिम राजपूत समाज और दूसरे चरण में राजपूत बाहुल्य गांवों के प्रतिनिधियों ने अपने विचार रखे। दोनों समुदायों ने शांति व्यवस्था कायम रखने और आपसी रिश्तों को मजबूत बनाए रखने का संकल्प लिया। देहरा गांव के संस्थापक ठाकुर गोविंद सिंह के वंशज चौधरी हनीफ सरपंच ने कहा कि यह मामला परिवार का है और परिवारों में छोटे-मोटे विवाद होते रहते हैं, लेकिन रिश्ते खत्म नहीं होते।
विज्ञापन

उन्होंने कहा कि दोनों पक्ष बैठकर इस विवाद को समाप्त कर लेंगे और भाईचारे को मजबूत बनाए रखेंगे। कुंवर अय्यूब अली एडवोकेट ने प्रशासन से निष्पक्ष कार्रवाई की मांग करते हुए वर्तमान हालात को नियंत्रित रखने पर पुलिस और प्रशासन का आभार जताया। साठा चौरासी विकास मंच के उपाध्यक्ष मास्टर वकील चौधरी ने कहा कि विवादों को मन से सुलझाना होगा, ताकि क्षेत्र में तनाव न बढ़े और शांति कायम रह सके।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed