{"_id":"62055174a4d3a310297d2a7e","slug":"hapur-news-hapur-news-gbd2339168179","type":"story","status":"publish","title_hn":"राष्ट्रीय लोक अदालत: 12 मार्च को होगा हजारों मुकदमों का निस्तारण","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
राष्ट्रीय लोक अदालत: 12 मार्च को होगा हजारों मुकदमों का निस्तारण
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
राष्ट्रीय लोक अदालत : 12 मार्च को होगा हजारों मुकदमों का निस्तारण
हापुड़। जनपद के समस्य न्यायालय व तहसीलों में राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन 12 मार्च को किया जाएगा। जिसको सफल बनाने के लिए जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की एक बैठक हुई। जिसमें प्राधिकरण के अध्यक्ष और जिला न्यायाधीश बृजेंद्र मणि त्रिपाठी ने सभी न्यायिक अधिकारियों के दिशा-निर्देश दिए।
देश के सभी अदालतों में वादों का भारी दबाव है। जिससे वादियों को समय से न्याय नहीं मिल पा रहा है। जिसके चलते लोक अदालत का आयोजन कर बड़ी संख्या में मुकदमों का एक ही दिन में निस्तारण किया जाता है। ऐसा होने से न्यायालयों में मुकदमों का कुछ दबाव कम होता है। इस क्रम में ही 12 मार्च को जनपद के समस्य न्यायालय व तहसीलों में राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन होगा। जिसको सफल बनाने के लिए जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के अध्यक्ष बृजेश मणि त्रिपाठी ने न्यायिक अधिकारियों के साथ बैठक की। जिसमें उन्होंने न्यायिक अधिकारियों को लोक अदालत को सफल बनाने के लिए दिशा-निर्देश दिये। उन्होंने कहा कि लोक अदालत को सफल बनाने के लिए उसका व्यापक स्तर पर प्रचार-प्रसार करें। ताकि अधिक से अधिक लोग इसका लाभ ले सके। उन्होंने बताया कि लोक अदालत में न्यायालयों में लंबित फौजदारी के शमनीय वाद, धन वसूली वाद, मोटर दुर्घटना, श्रम वाद, विद्युत अधिनियम एवं जलकर से संबंधित वाद, पारिवारिक और वैवाहिक वाद, भूमि अर्जन अधिनियम एवं बैंकों की रिकवरी से संबंधित मामलों का निस्तारण किया जाता है। इस प्रकार के मुकदमों का अधिक से अधिक संख्या में निस्तारण कराने के लिए संबंधित अधिकारी व न्यायिक अधिकारियों द्वारा कार्रवाई शुरू कर दी है। प्राधिकरण की प्रभारी सचिव और सिविल जज सीनियर डिविजन लवली जायसवाल ने कहा कि लोक अदालत वादकारी और अधिवक्ता कोरोना नियमों का पालन करते हुए निस्तारित योग्य वादों का निस्तारण करा सकते है
विज्ञापन
हापुड़। जनपद के समस्य न्यायालय व तहसीलों में राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन 12 मार्च को किया जाएगा। जिसको सफल बनाने के लिए जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की एक बैठक हुई। जिसमें प्राधिकरण के अध्यक्ष और जिला न्यायाधीश बृजेंद्र मणि त्रिपाठी ने सभी न्यायिक अधिकारियों के दिशा-निर्देश दिए।
देश के सभी अदालतों में वादों का भारी दबाव है। जिससे वादियों को समय से न्याय नहीं मिल पा रहा है। जिसके चलते लोक अदालत का आयोजन कर बड़ी संख्या में मुकदमों का एक ही दिन में निस्तारण किया जाता है। ऐसा होने से न्यायालयों में मुकदमों का कुछ दबाव कम होता है। इस क्रम में ही 12 मार्च को जनपद के समस्य न्यायालय व तहसीलों में राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन होगा। जिसको सफल बनाने के लिए जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के अध्यक्ष बृजेश मणि त्रिपाठी ने न्यायिक अधिकारियों के साथ बैठक की। जिसमें उन्होंने न्यायिक अधिकारियों को लोक अदालत को सफल बनाने के लिए दिशा-निर्देश दिये। उन्होंने कहा कि लोक अदालत को सफल बनाने के लिए उसका व्यापक स्तर पर प्रचार-प्रसार करें। ताकि अधिक से अधिक लोग इसका लाभ ले सके। उन्होंने बताया कि लोक अदालत में न्यायालयों में लंबित फौजदारी के शमनीय वाद, धन वसूली वाद, मोटर दुर्घटना, श्रम वाद, विद्युत अधिनियम एवं जलकर से संबंधित वाद, पारिवारिक और वैवाहिक वाद, भूमि अर्जन अधिनियम एवं बैंकों की रिकवरी से संबंधित मामलों का निस्तारण किया जाता है। इस प्रकार के मुकदमों का अधिक से अधिक संख्या में निस्तारण कराने के लिए संबंधित अधिकारी व न्यायिक अधिकारियों द्वारा कार्रवाई शुरू कर दी है। प्राधिकरण की प्रभारी सचिव और सिविल जज सीनियर डिविजन लवली जायसवाल ने कहा कि लोक अदालत वादकारी और अधिवक्ता कोरोना नियमों का पालन करते हुए निस्तारित योग्य वादों का निस्तारण करा सकते है
विज्ञापन