{"_id":"6022cfd48ebc3ebb652a2bb9","slug":"hapur-news-hapur-news-gbd213455897","type":"story","status":"publish","title_hn":"जसरूपनगर के किसानों के साथ प्रशासन की बैठक रही बेनतीजा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
जसरूपनगर के किसानों के साथ प्रशासन की बैठक रही बेनतीजा
विज्ञापन
तहसील में किसानो के साथ बैठक करते अधिकारी।
- फोटो : HAPUR
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
जसरूपनगर के किसानों के साथ प्रशासन की बैठक रही बेनतीजा
हापुड़। मोहल्ला जसरूपनगर में नाले के निर्माण को लेकर मंगलवार को किसानों व तहसील प्रशासन की बैठक बेनतीजा रही। किसानों ने जमीन देने के बदले चार गुना मुआवजे की मांग की। वहीं अधिकारियों का कहना है कि किसानों ने न्यायालय में भी याचिका डाली हुई है। न्यायालय का जो भी निर्णय आएगा। उसका पालन किया जाएगा।
मोहल्ला जसरूपनगर में नाले का निर्माण न होने के कारणधीरखेड़ा औद्योगिक क्षेत्र का गंदा पानी यहां जमा हो जाता है जिसके कारण यहां के लोगों को नरकीय जीवन जीना पड़ रहा है। आवास विकास द्वारा 645 मीटर नाले का निर्माण प्रस्तावित है लेकिन आगे का नाला एचपीडीए को बनाना है। एचपीडीए द्वारा नाले के लिए जमीन का अधिग्रहण किया गया था। लेकिन कुछ किसान मुआवजे को लेकर न्यायालय में चले गए। वहीं सोमवार को कोर्ट के आदेश पर ही तहसील प्रशासन, एचपीडीए की टीम ने नाले की जमीन की पैमाइश की। कोर्ट के आदेश पर ही मंगलवार को किसानों के साथ बैठक भी की गई। लेकिन बैठक में किसानों ने चार गुना मुआवजे की मांग रखी। जिसके चलते कोई नतीजा नहीं निकल सका। एचपीडीए ओएसडी दिनेश सिंह ने बताया कि अभी भी 20 किसानों ने मुआवजा नहीं उठाया है। प्राधिकरण स्तर से भूमि अर्जन की प्रक्रिया पूरी की जा चुकी है। हाई कोर्ट का आदेश है कि जल्द से जल्द से नाले का निर्माण कराया जाए। एसडीएम सत्यप्रकाश ने बताया कि जल्द से जल्द नाले का निर्माण कराया जाएगा। किसानों ने प्रतिकर की न्यायालय में अपील कर रखी है। न्यायालय का जो भी निर्णय आएगा। एचपीडीए को न्यायालय का निर्णय मानना होगा। किसानों के साथ बैठक में तहसीलदार गजेंद्र सिंह, एचपीडीए ओएसडी दिनेश सिंह, नगर पालिका परिषद हापुड़ ईओ संजय कुमार गौतम ने किसानों संग बैठक की।
विज्ञापन
हापुड़। मोहल्ला जसरूपनगर में नाले के निर्माण को लेकर मंगलवार को किसानों व तहसील प्रशासन की बैठक बेनतीजा रही। किसानों ने जमीन देने के बदले चार गुना मुआवजे की मांग की। वहीं अधिकारियों का कहना है कि किसानों ने न्यायालय में भी याचिका डाली हुई है। न्यायालय का जो भी निर्णय आएगा। उसका पालन किया जाएगा।
मोहल्ला जसरूपनगर में नाले का निर्माण न होने के कारणधीरखेड़ा औद्योगिक क्षेत्र का गंदा पानी यहां जमा हो जाता है जिसके कारण यहां के लोगों को नरकीय जीवन जीना पड़ रहा है। आवास विकास द्वारा 645 मीटर नाले का निर्माण प्रस्तावित है लेकिन आगे का नाला एचपीडीए को बनाना है। एचपीडीए द्वारा नाले के लिए जमीन का अधिग्रहण किया गया था। लेकिन कुछ किसान मुआवजे को लेकर न्यायालय में चले गए। वहीं सोमवार को कोर्ट के आदेश पर ही तहसील प्रशासन, एचपीडीए की टीम ने नाले की जमीन की पैमाइश की। कोर्ट के आदेश पर ही मंगलवार को किसानों के साथ बैठक भी की गई। लेकिन बैठक में किसानों ने चार गुना मुआवजे की मांग रखी। जिसके चलते कोई नतीजा नहीं निकल सका। एचपीडीए ओएसडी दिनेश सिंह ने बताया कि अभी भी 20 किसानों ने मुआवजा नहीं उठाया है। प्राधिकरण स्तर से भूमि अर्जन की प्रक्रिया पूरी की जा चुकी है। हाई कोर्ट का आदेश है कि जल्द से जल्द से नाले का निर्माण कराया जाए। एसडीएम सत्यप्रकाश ने बताया कि जल्द से जल्द नाले का निर्माण कराया जाएगा। किसानों ने प्रतिकर की न्यायालय में अपील कर रखी है। न्यायालय का जो भी निर्णय आएगा। एचपीडीए को न्यायालय का निर्णय मानना होगा। किसानों के साथ बैठक में तहसीलदार गजेंद्र सिंह, एचपीडीए ओएसडी दिनेश सिंह, नगर पालिका परिषद हापुड़ ईओ संजय कुमार गौतम ने किसानों संग बैठक की।
विज्ञापन