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मेरठ में स्वाइन फ्लू का मरीज मिलने से हड़कंप
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स्वाइन फ्लू का मरीज मिलने से हड़कंप, अधिकारी सतर्क
हापुड़। बरसात के कारण गिरते तापमान में स्वाइन फ्लू का वायरस सक्रिय हो गया है। मेरठ मेडिकल की माइक्रोबायोलॉजी लैब ने गाजियाबाद की एक महिला में स्वाइन फ्लू की पुष्टि की है। हापुड़ से सटे जिले में मरीज मिलने से स्थानीय स्वास्थ्य विभाग अलर्ट हो गया है, चिकित्सकों को कड़े दिशा निर्देश दिए हैं।
अमूमन स्वाइन फ्लू का वायरस 30 डिग्री से कम तापमान पर सक्रिय होता है। इन दिनों जिले का अधिकतम तापमान 33 डिग्री व न्यूनतम 28 डिग्री तक बना हुआ है। बरसात के कारण मौसम और जमीन में नमी से संचारी रोगों में इजाफा होता दिख रहा है। मेरठ मेडिकल की माइक्रोबायोलॉजी लैब ने गाजियाबाद की रहने वाली एक महिला में स्वाइन फ्लू की पुष्टि कर दी है। मरीज का उपचार भी मेरठ केे ही एक अस्पताल में चल रहा है। गाजियाबाद और मेरठ जिलों की सीमा हापुड़ से लगी हुई हैं। ऐसे में नजदीकी जिलों में स्वाइन फ्लू की आहट से स्थानीय स्वास्थ्य विभाग भी अलर्ट हो गया है। चिकित्सकों को संदिग्ध मरीजों पर नजर रखने के निर्देश दिए हैं, साथ ही उनका सैंपल जांच के लिए भेजने की भी बात कही है।
स्वाइन फ्लू के लक्ष्ण
- तेज बुखार आना, सांस चढ़ना
- सांस लेने में समस्या होना
- गले में दर्द रहना, चक्कर आना
- पूरे शरीर में दर्द के साथ ही जी घबराना
बचाव के तरीके
- भीड़भाड़ वाले स्थानों पर न जाएं
- मुंह पर मास्क लगाकर रहें
- हाथों को नियमित अंतराल पर साबुन से धोएं
- समस्या होने पर चिकित्सक से परामर्श लें
कोट
मुख्य चिकित्साधिकारी डा. राजवीर सिंह का कहना है कि फिलहाल जिले में स्वाइन फ्लू का कोई मरीज नहीं मिला है। फिर भी चिकित्सकों को अलर्ट कर दिया है, टैमी फ्लू दवा पर्याप्त मात्रा में है।
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हापुड़। बरसात के कारण गिरते तापमान में स्वाइन फ्लू का वायरस सक्रिय हो गया है। मेरठ मेडिकल की माइक्रोबायोलॉजी लैब ने गाजियाबाद की एक महिला में स्वाइन फ्लू की पुष्टि की है। हापुड़ से सटे जिले में मरीज मिलने से स्थानीय स्वास्थ्य विभाग अलर्ट हो गया है, चिकित्सकों को कड़े दिशा निर्देश दिए हैं।
अमूमन स्वाइन फ्लू का वायरस 30 डिग्री से कम तापमान पर सक्रिय होता है। इन दिनों जिले का अधिकतम तापमान 33 डिग्री व न्यूनतम 28 डिग्री तक बना हुआ है। बरसात के कारण मौसम और जमीन में नमी से संचारी रोगों में इजाफा होता दिख रहा है। मेरठ मेडिकल की माइक्रोबायोलॉजी लैब ने गाजियाबाद की रहने वाली एक महिला में स्वाइन फ्लू की पुष्टि कर दी है। मरीज का उपचार भी मेरठ केे ही एक अस्पताल में चल रहा है। गाजियाबाद और मेरठ जिलों की सीमा हापुड़ से लगी हुई हैं। ऐसे में नजदीकी जिलों में स्वाइन फ्लू की आहट से स्थानीय स्वास्थ्य विभाग भी अलर्ट हो गया है। चिकित्सकों को संदिग्ध मरीजों पर नजर रखने के निर्देश दिए हैं, साथ ही उनका सैंपल जांच के लिए भेजने की भी बात कही है।
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स्वाइन फ्लू के लक्ष्ण
- तेज बुखार आना, सांस चढ़ना
- सांस लेने में समस्या होना
- गले में दर्द रहना, चक्कर आना
- पूरे शरीर में दर्द के साथ ही जी घबराना
बचाव के तरीके
- भीड़भाड़ वाले स्थानों पर न जाएं
- मुंह पर मास्क लगाकर रहें
- हाथों को नियमित अंतराल पर साबुन से धोएं
- समस्या होने पर चिकित्सक से परामर्श लें
कोट
मुख्य चिकित्साधिकारी डा. राजवीर सिंह का कहना है कि फिलहाल जिले में स्वाइन फ्लू का कोई मरीज नहीं मिला है। फिर भी चिकित्सकों को अलर्ट कर दिया है, टैमी फ्लू दवा पर्याप्त मात्रा में है।
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