{"_id":"5d5edde18ebc3e6c5e51ef24","slug":"hapur-news-hapur-news-gbd182786860","type":"story","status":"publish","title_hn":"पालिका कर्मचारी हड़ताल पर, विभागों में लटके ताले","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
पालिका कर्मचारी हड़ताल पर, विभागों में लटके ताले
विज्ञापन
सभासद के खिलाफ धरने पर बैठे पालिका के कर्मचारी
हापुड़। सभासद द्वारा पालिका कर्मचारियों से अभद्रता के मामले में कोई कार्रवाई न होने पर गुुरुवार को पालिका कर्मचारी हड़ताल पर रहे। कर्मचारियों ने सभासद के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। उन्होंने मांग पूरी नहीं होने तक आगे भी हड़ताल जारी रखने की चेतावनी दी है।
गुरुवार को नगर पालिका परिसर में राज्य स्वायत्त शासन कर्मचारी परिषद के बैनर तले पालिका कर्मचारी एकत्रित हुए। जिलाध्यक्ष सुरेंद्र शर्मा व उपमंत्री अवनीश ने कहा कि पालिका सभासद आये दिन पालिका कर्मचारियों के साथ अभद्र व्यवहार करता रहता है। कर्मचारियों के सम्मान को ठेस पहुंचाई जा रही है।
पिछले दिनों सभासद ने कर संचालक मुकुल शर्मा, लिपिक तरूण कुमार, ठेकेदार कर्मचारी लाइट विभाग अजय कुमार व लिपिक प्रथम उमेश चंद शर्मा से अभद्रता की थी। संगठन कर्मचारियों का अपमान किसी भी हाल में स्वीकार नहीं करेगा। उन्होंने कर्मचारियों की समस्या का सम्मान जनक समाधान नहीं होने तक हड़ताल जारी रखने की चेतावनी दी है। हड़ताल में पालिका के अधिकांश पटल शामिल रहे।
विज्ञापन
हड़ताल में जयप्रकाश, कृष्ण अवतार, अवनीश, अजय कुमार शर्मा, हर्ष गोयल, कृष्ण गोपाल, उमेश चंद शर्मा, संजय अग्रवाल, भोपाल सिंह, कृष्ण कुमार, संजीव, ओमकार, सत्यप्रकाश, केशव, मंजू, शहनाज, सपना, निर्मला, शशि, राजकली, गोमा, मीना, प्रदीप आदि रहे।
कई सभासदों ने दिया समर्थन
पालिका कर्मचारियों की हड़ताल को कई सभासदों ने भी समर्थन दिया। उन्होंने सभासद के गलत व्यवहार पर आपत्ति जताई। सभासदों ने कहा कि जनसमस्याओं के निस्तारण में पालिका के कर्मचारी प्रमुख भूमिका निभाते हैं। सभासद एक जनप्रतिनिधि होता है। उन्हें पालिका के कर्मचारियों को पूरा सम्मान देना चाहिए।
सभासद ने आरोपों को नकारा
नगर पालिका वार्ड संख्या-10 सभासद नरेश भाटी ने पालिका कर्मचारियों द्वारा अपने ऊपर लगाये गए सभी आरोपों को निराधार बताया है। सभासद ने हड़ताल के बाद गुरुवार को पालिका ईओ को भेजे पत्र में बताया है कि कर्मचारियों ने निराधार व दुर्रभावना से प्रेरित होकर आरोप लगाए हैं। उन्होंने कभी भी किसी पालिका कर्मचारी से गलत व्यवहार नहीं किया। बल्कि संबंधित कर्मचारियों से वार्ड की समस्या व विकास कार्य कराये जाने का आग्रह किया गया। सभी आरोप उनके मान-सम्मान को ठेस पहुंचाने के लिये लगाए जा रहे हैं।
विज्ञापन
हापुड़। सभासद द्वारा पालिका कर्मचारियों से अभद्रता के मामले में कोई कार्रवाई न होने पर गुुरुवार को पालिका कर्मचारी हड़ताल पर रहे। कर्मचारियों ने सभासद के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। उन्होंने मांग पूरी नहीं होने तक आगे भी हड़ताल जारी रखने की चेतावनी दी है।
गुरुवार को नगर पालिका परिसर में राज्य स्वायत्त शासन कर्मचारी परिषद के बैनर तले पालिका कर्मचारी एकत्रित हुए। जिलाध्यक्ष सुरेंद्र शर्मा व उपमंत्री अवनीश ने कहा कि पालिका सभासद आये दिन पालिका कर्मचारियों के साथ अभद्र व्यवहार करता रहता है। कर्मचारियों के सम्मान को ठेस पहुंचाई जा रही है।
विज्ञापन
पिछले दिनों सभासद ने कर संचालक मुकुल शर्मा, लिपिक तरूण कुमार, ठेकेदार कर्मचारी लाइट विभाग अजय कुमार व लिपिक प्रथम उमेश चंद शर्मा से अभद्रता की थी। संगठन कर्मचारियों का अपमान किसी भी हाल में स्वीकार नहीं करेगा। उन्होंने कर्मचारियों की समस्या का सम्मान जनक समाधान नहीं होने तक हड़ताल जारी रखने की चेतावनी दी है। हड़ताल में पालिका के अधिकांश पटल शामिल रहे।
विज्ञापन
हड़ताल में जयप्रकाश, कृष्ण अवतार, अवनीश, अजय कुमार शर्मा, हर्ष गोयल, कृष्ण गोपाल, उमेश चंद शर्मा, संजय अग्रवाल, भोपाल सिंह, कृष्ण कुमार, संजीव, ओमकार, सत्यप्रकाश, केशव, मंजू, शहनाज, सपना, निर्मला, शशि, राजकली, गोमा, मीना, प्रदीप आदि रहे।
कई सभासदों ने दिया समर्थन
पालिका कर्मचारियों की हड़ताल को कई सभासदों ने भी समर्थन दिया। उन्होंने सभासद के गलत व्यवहार पर आपत्ति जताई। सभासदों ने कहा कि जनसमस्याओं के निस्तारण में पालिका के कर्मचारी प्रमुख भूमिका निभाते हैं। सभासद एक जनप्रतिनिधि होता है। उन्हें पालिका के कर्मचारियों को पूरा सम्मान देना चाहिए।
सभासद ने आरोपों को नकारा
नगर पालिका वार्ड संख्या-10 सभासद नरेश भाटी ने पालिका कर्मचारियों द्वारा अपने ऊपर लगाये गए सभी आरोपों को निराधार बताया है। सभासद ने हड़ताल के बाद गुरुवार को पालिका ईओ को भेजे पत्र में बताया है कि कर्मचारियों ने निराधार व दुर्रभावना से प्रेरित होकर आरोप लगाए हैं। उन्होंने कभी भी किसी पालिका कर्मचारी से गलत व्यवहार नहीं किया। बल्कि संबंधित कर्मचारियों से वार्ड की समस्या व विकास कार्य कराये जाने का आग्रह किया गया। सभी आरोप उनके मान-सम्मान को ठेस पहुंचाने के लिये लगाए जा रहे हैं।