पानी की टंकी पर चढ़ा किसान: 100 गज जमीन को लेकर थी नाराजगी, 40 मिनट तक रुकी रही अधिकारियों की सांसें
संपूर्ण समाधान दिवस पर समाना निवासी किसान लखपत सिंह 100 गज जमीन पर कब्जे के विरोध में पानी की टंकी पर चढ़ा। उसने आत्मदाह की धमकी दी। एडीएम संदीप कुमार के आश्वासन पर वह नीचे उतरा।
विस्तार
संपूर्ण समाधान दिवस के दौरान समाना गांव निवासी किसान द्वारा पानी की टंकी पर चढ़कर किए गए हाईवोल्टेज ड्रामा से अधिकारियों के हाथ-पांव फूल गए। शनिवार को तहसील परिसर में किसान द्वारा जान देने को लेकर किए गया हंगामा करीब 40 मिनट तक चला। इस दौरान किसान की पत्नी, बड़ी बेटी, बेटे व परिवार के अन्य सदस्य भी मौके पर मौजूद रहे।
पानी की टंकी पर चढ़े किसान ने चेतावनी दी कि यदि उसकी जमीन से संबंधित समस्या का समाधान नहीं हुआ तो आत्मदाह जैसा कदम उठाने को मजबूर होगा। बता दें कि किसान का जान देने का यह चौथा प्रयास है। घटना की जानकारी मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची। एडीएम संदीप कुमार व पिलखुवा क्षेत्राधिकारी मुनीश चंद्र ने लाउडस्पीकर के माध्यम से किसान से नीचे उतरने की अपील करते हुए उसकी समस्या का समाधान कराने का आश्वासन दिया।
एडीएम संदीप कुमार के आश्वासन पर टंकी से उतर कर आया। समाना निवासी लखपत सिंह का कहना था कि तहसील कर्मचारियों की मिली से उसकी जमीन पर जबरन कब्जा करने की साजिश रची गई। वर्ष 2024 से अपनी 100 गज जमीन को कब्जामुक्त कराने के लिए धौलाना तहसील के चक्कर काट रहा है, लेकिन अब तक उसकी समस्या का समाधान नहीं हुआ। उसने पुलिस पर भी उसे लगातार प्रताड़ित करने के गंभीर आरोप लगाए।
लखपत सिंह का कहना था कि वह अपनी समस्या को लेकर परेशान है और इसी कारण टंकी पर चढ़ा है। एडीएम संदीप कुमार ने तत्काल जमीन की नाप का आश्वासन दिया और एसडीएम ऋषि राव के साथ टीम लेकर स्वयं मौके पर पहुंचे। समाचार लिखे जाने तक टीम पैमाइश कर जांच में जुटी रही। वहीं गांव पहुंची टीम के समक्ष किसान लखपत सिंह पत्नी बबीता, बड़ी बेटी कीर्ति, एक वर्षीय रुद्र और आठ वर्षीय दक्ष सहित परिवार के अन्य सदस्य भी मौके पर मौजूद रहे। किसान ने चेतावनी दी कि यदि उसकी जमीन से संबंधित समस्या का समाधान नहीं हुआ तो वह भविष्य में अपने बच्चों के साथ आत्मदाह जैसा कदम उठाने को मजबूर होगा।