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जमीन विवाद में दो पक्षों में ताबड़तोड़ फायरिंग
अमर उजाला ब्यूरो/गढ़/गजरौला(अमरोहा)
Updated Mon, 20 Jun 2016 01:27 AM IST
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ग्रामीणों को खदेड़ती पुलिस।
- फोटो : अमर उजाला
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गढ़मुक्तेश्वर से सटे थाना गजरौला क्षेत्र के गांव गुलालपुर में जमीन के विवाद को लेकर रविवार दोपहर दो पक्ष आमने-सामने आ गए। विवाद उस वक्त हुआ जब तहसील प्रशासन की टीम पुलिस फोर्स के साथ जमीन की पैमाईश कर पट्टे चिह्नित कराने पहुंची।
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पुलिस और तहसील प्रशासन के सामने ही दोनों पक्षों से ताबड़तोड़ फायरिंग होने लगी। करीब 20-25 फायर हुए। जिससे गांव में भगदड़ मच गई। पुलिस और प्रशासन के अधिकारी टीम के साथ खिसक लिए, गनीमत रही किसी को गोली नहीं लगी। हालांकि, एसडीएम ने विवाद से इंकार किया है।
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बता दें कि एक पक्ष के नोएडा निवासी रमेश चंद्र पुत्र राधेश्याम और राजकुमार ने गांव गुलालपुर में सन 1991 में पट्टे करा लिए थे, जो बाद में निरस्त हो गए। पट्टे निरस्त होने के बाद रमेश चंद्र और राजकुमार ने हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया।
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हाईकोर्ट ने प्रशासन को जमीन की पैमाइश कर पट्टे चिह्नित करने का आदेश जारी कर दिया था। इन पट्टों पर गांव के सुखदेव सरदार, सुभाष, सुल्तान, ओमवीर, रमेश, सत्तन, होराम, किशनपाल, रामपाल, बांके समेत गांव के तमाम किसान सालों से खेती करते बताए जा रहे हैं।
इनका कहना है कि ये जमीन उनकी निजी है। हाईकोर्ट के आदेश पर जमीन की पैमाइश करने के लिए रविवार दोपहर करीब 12 बजे नायब तहसीलदार राकेश जैन अपनी टीम के साथ मौके पर पहुंचे। थाना गजरौला पुलिस भी बुला ली गई।
जमीनों की पैमाइश कराते वक्त गांव के सैकड़ों लोग इकट्ठा हो गए। वहीं लग्जरी गाड़ियों से नोएडा के रमेश चंद्र और राजकुमार के साथ तमाम लोग पहुंच गए। पैमाइश पूरी होने के बाद जब प्रशासन ने मेड़ बनाने की कोशिश की तो दोनों पक्षों में तनातनी हो गई।
पुलिस ने दोनों पक्षों को शांत करने की कोशिश की तो दोनों पक्ष खेतों की ओर भाग निकले। बाद में दोनों पक्षों से ताबड़तोड़ हवाई फायरिंग हुई। करीब 20-25 फायर हुए। जिससे भगदड़ मच गई। मामला बढ़ता देख नोएडा पक्ष के लोग भी गाड़ियों में बैठ कर खिसक लिऐ। पुलिस और प्रशासन की टीम भी वापस लौट गई।
हाईकोर्ट का आदेश था कि जमीन की पैमाइश क्यों नहीं हो रही है, जिससे रविवार को तहसील की टीम को पुलिस फोर्स के साथ भेज कर पैमाइश कराई गई, इसके अलावा पैमाइश के दौरान कोई विवाद नहीं हुआ, फायरिंग की बात गलत है। - आजाद भगत सिंह, एसडीएम, मंडी धनौरा।
गढ़ पुलिस के न पहुंचने पर किया प्रदर्शन
करीब दो घंटों तक चले घटनाक्रम के दौरान नयागांव के किसान लगातार मोबाइल पर गढ़ पुलिस से संपर्क साधते रहे, लेकिन पुलिस नहीं आई। इससे गुस्साए किसानों ने पुलिस के खिलाफ प्रदर्शन किया।
किसान वीरपाल, जयवीर, रमेश, होराम, कालू का आरोप है कि दूसरे जनपद के पुलिस-प्रशासन की देखरेख में दबंगों ने फसलें उजाड़ दी है और विरोध करने पर जान से मारने की नियत से ताबड़तोड़ फायरिंग भी की, लेकिन यहां की पुलिस मौके पर भी नहीं पहुंची।
मामले में डीएसपी सतीश चंद्र पांडेय का कहना है कि सूचना मिलते ही वे स्वयं मौके पर पहुंच गए थे, लेकिन तब तक अमरोहा पुलिस-प्रशासन की टीम वहां से लौट चुकी थी।