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जालसाज छात्र नेता नकली पेपर आउट कराने की आड़ में कमा रहे मोटी रकम
Updated Thu, 22 Mar 2018 12:01 AM IST
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नकली पेपर आउट कर छात्र नेता कर रहे मोटी कमाई
हापुड़। एक छात्र संगठन से जुड़े कुछ जालसाज नेता आजकल सीबीएसई की परीक्षा दे छात्रों को व्हाट्सएप पर नकली पेपर प्रेषित कर मोटी रकम कमा रहे हैं। इससे परीक्षार्थी ठगे तो जा ही रहे हैं बल्कि गुमराह भी हो रहे हैं। बुधवार सुबह करीब 5.30 बजे एक ऐसा ही गणित का नकली पेपर व्हाट्स एप पर वायरल हो गया था जिससे छात्रों में खलबली मच गई। हालांकि जांच में उक्त पेपर फर्जी निकला, लेकिन तब तक हजारों छात्र ठगे जा चुके थे।
इन दिनों सीबीएसई की परीक्षाएं चल रही हैं। प्रत्येक छात्र का सपना परीक्षा में बेहतर अंक प्राप्त करने का होता है। इसी का फायदा उठाकर जिले में एक छात्र संगठन के पदाधिकारियों ने छात्रों को गुमराह कर ठगने का गोरखधंधा शुरू किया है।
उक्त छात्र नेता अपने गुर्गों के जरिए भोले-भाले छात्रों को जाल में फंसाते हैं। परीक्षा से चार घंटे पहले पेपर उपलब्ध कराने का दावा कर छात्रों से मोटी रकम ऐंठ लेते हैं। इनके चंगुल में फंसकर छात्र परीक्षा की तैयारी करने के बजाय परीक्षा से पहले पेपर मिलने पर ही उसे रटना उचित समझते हैं।
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बुधवार को सीबीएसई इंटरमीडिएट के गणित का पेपर था। सुबह करीब 5.30 बजे व्हाट्स एप पर फर्जी पेपर वायरल हो गया। एक छात्र ने नाम न छापने की शर्त पर बताया कि एक छात्र संगठन से जुड़े कुछ छात्र नेता 10 हजार रुपये में परीक्षा से पहले ही पेपर उपलब्ध करा देता है।
सोशल मीडिया पर इस तरह का पेपर वायरल होने से कालेजों के प्रधानाचार्यों में हड़कंप मच गया। परीक्षा शुरू होने से पहले समय पर पेपर का बंडल खोलकर इसका सत्यापन किया गया। इसमें वायरल पेपर फर्जी निकला।
इस गोरखधंधे में जुटे शातिर पेपर को इस तरह तैयार करते हैं जिसे देखकर यह बताना आसान नहीं है कि पेपर असली है या नकली। कोई फर्जी पेपर पर सेट, अनुक्रमांक के स्थान पर भाषा बिल्कुल असल पेपर के जैसी होती है।
सीबीएसई की सिटी को-ऑर्डिनेटर मीना आनंद का कहना है कि सभी पेपर सावधानी के साथ कराए जा रहे हैं। समय से पहले पेपर का बंडल नहीं खुलने दिया जा रहा है। परीक्षा संबंधी सभी कार्य सीसीटीवी कैमरे की निगरानी में हो रहे हैं। बुधवार को वायरल हुआ पेपर बिलकुल फर्जी था।
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हापुड़। एक छात्र संगठन से जुड़े कुछ जालसाज नेता आजकल सीबीएसई की परीक्षा दे छात्रों को व्हाट्सएप पर नकली पेपर प्रेषित कर मोटी रकम कमा रहे हैं। इससे परीक्षार्थी ठगे तो जा ही रहे हैं बल्कि गुमराह भी हो रहे हैं। बुधवार सुबह करीब 5.30 बजे एक ऐसा ही गणित का नकली पेपर व्हाट्स एप पर वायरल हो गया था जिससे छात्रों में खलबली मच गई। हालांकि जांच में उक्त पेपर फर्जी निकला, लेकिन तब तक हजारों छात्र ठगे जा चुके थे।
इन दिनों सीबीएसई की परीक्षाएं चल रही हैं। प्रत्येक छात्र का सपना परीक्षा में बेहतर अंक प्राप्त करने का होता है। इसी का फायदा उठाकर जिले में एक छात्र संगठन के पदाधिकारियों ने छात्रों को गुमराह कर ठगने का गोरखधंधा शुरू किया है।
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उक्त छात्र नेता अपने गुर्गों के जरिए भोले-भाले छात्रों को जाल में फंसाते हैं। परीक्षा से चार घंटे पहले पेपर उपलब्ध कराने का दावा कर छात्रों से मोटी रकम ऐंठ लेते हैं। इनके चंगुल में फंसकर छात्र परीक्षा की तैयारी करने के बजाय परीक्षा से पहले पेपर मिलने पर ही उसे रटना उचित समझते हैं।
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बुधवार को सीबीएसई इंटरमीडिएट के गणित का पेपर था। सुबह करीब 5.30 बजे व्हाट्स एप पर फर्जी पेपर वायरल हो गया। एक छात्र ने नाम न छापने की शर्त पर बताया कि एक छात्र संगठन से जुड़े कुछ छात्र नेता 10 हजार रुपये में परीक्षा से पहले ही पेपर उपलब्ध करा देता है।
सोशल मीडिया पर इस तरह का पेपर वायरल होने से कालेजों के प्रधानाचार्यों में हड़कंप मच गया। परीक्षा शुरू होने से पहले समय पर पेपर का बंडल खोलकर इसका सत्यापन किया गया। इसमें वायरल पेपर फर्जी निकला।
इस गोरखधंधे में जुटे शातिर पेपर को इस तरह तैयार करते हैं जिसे देखकर यह बताना आसान नहीं है कि पेपर असली है या नकली। कोई फर्जी पेपर पर सेट, अनुक्रमांक के स्थान पर भाषा बिल्कुल असल पेपर के जैसी होती है।
सीबीएसई की सिटी को-ऑर्डिनेटर मीना आनंद का कहना है कि सभी पेपर सावधानी के साथ कराए जा रहे हैं। समय से पहले पेपर का बंडल नहीं खुलने दिया जा रहा है। परीक्षा संबंधी सभी कार्य सीसीटीवी कैमरे की निगरानी में हो रहे हैं। बुधवार को वायरल हुआ पेपर बिलकुल फर्जी था।