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नोटबंदी में हुए नुकसान की भरपाई को दिया ज्ञापन
अमर उजाला ब्यूरो, हमीरपुर
Updated Sat, 07 Jan 2017 11:10 PM IST
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जिलाधिकारी को ज्ञापन देते कांग्रेसी।
- फोटो : अमर उजाला
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नोटबंदी से हुए नुकसान की भरपाई दिए जाने को लेकर शनिवार को कांग्रेसियों ने प्रधानमंत्री को संबोधित ज्ञापन जिलाधिकारी को सौंपा। जिलाध्यक्ष दिनेश सिंह ने कहा कि प्रधानमंत्री ने नोटबंदी कर देश की अर्थव्यवस्था को गहरी चोट पहुंचाई है। वहीं, बिरला व सहारा मामले में प्रधानमंत्री पर काला धन लेने व भ्रष्टाचार करने के गंभीर आरोप लगाए हैं।
कहा कि नोटबंदी भारत का सबसे बड़ा घोटाला है। ज्ञापन देने वालों ने कहा कि नोटबंदी से ठीक पहले भाजपा व आरएसएस ने पूरे देश में सैकड़ों करोड़ रुपयों की संपत्तियां खरीदी हैं। नोटबंदी समयावधि में 115 से अधिक लोगों की जानें चली गईं। कांग्रेसियों ने इस पर प्रधानमंत्री से पीड़ित परिवारों को मुआवजा दिए जाने की मांग की। ज्ञापन के माध्यम से
कांग्रेसियों ने प्रधानमंत्री के खिलाफ भ्रष्टाचार के आरोपों की जांच कराए जाने की मांग की। पांच सूत्री मांगों में बैंक से पैसा निकालने की पाबंदी को हटाने, आठ नवंबर से पैसा निकालने की तारीख तक सभी बैंक खाता धारकों को 18 फीसदी ब्याज दिए जाने, कैशलेस लेनदेन पर कमीशन बंद करने, भोजन के अधिकार के तहत राशन की कीमत को एक
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साल तक आधा किए जाने, छोटे दुकानदारों व उद्योगों को इनकम टैक्स व सेल टैक्स में एक साल तक 50 फीसदी छूट दिए जाने की मांगे शामिल हैं। ज्ञापन देते समय देवेंद्रमोहन चौबे, लक्ष्मीकांत त्रिपाठी, तनवीर कुरैशी, नीलम निषाद, संदीप दुबे आदि मौजूद रहे।
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कहा कि नोटबंदी भारत का सबसे बड़ा घोटाला है। ज्ञापन देने वालों ने कहा कि नोटबंदी से ठीक पहले भाजपा व आरएसएस ने पूरे देश में सैकड़ों करोड़ रुपयों की संपत्तियां खरीदी हैं। नोटबंदी समयावधि में 115 से अधिक लोगों की जानें चली गईं। कांग्रेसियों ने इस पर प्रधानमंत्री से पीड़ित परिवारों को मुआवजा दिए जाने की मांग की। ज्ञापन के माध्यम से
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कांग्रेसियों ने प्रधानमंत्री के खिलाफ भ्रष्टाचार के आरोपों की जांच कराए जाने की मांग की। पांच सूत्री मांगों में बैंक से पैसा निकालने की पाबंदी को हटाने, आठ नवंबर से पैसा निकालने की तारीख तक सभी बैंक खाता धारकों को 18 फीसदी ब्याज दिए जाने, कैशलेस लेनदेन पर कमीशन बंद करने, भोजन के अधिकार के तहत राशन की कीमत को एक
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साल तक आधा किए जाने, छोटे दुकानदारों व उद्योगों को इनकम टैक्स व सेल टैक्स में एक साल तक 50 फीसदी छूट दिए जाने की मांगे शामिल हैं। ज्ञापन देते समय देवेंद्रमोहन चौबे, लक्ष्मीकांत त्रिपाठी, तनवीर कुरैशी, नीलम निषाद, संदीप दुबे आदि मौजूद रहे।