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Hamirpur News: पहले चरण में होंगी 75 केंद्रों पर प्रयोगात्मक परीक्षाएं
Sun, 18 Jan 2026 12:12 AM IST
कानपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, हमीरपुर
संवाद न्यूज एजेंसी, हमीरपुर
Updated Sun, 18 Jan 2026 12:12 AM IST
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हमीरपुर। यूपी बोर्ड की ओर से जनवरी के आखिरी सप्ताह से प्रस्तावित इंटरमीडिएट की प्रयोगात्मक परीक्षाएं 75 केंद्रों में कराई जाएंगी। परीक्षा की कॉपियों को अब एक साल तक सुरक्षित रखा जाएगा। इन्हें मांगने पर उपलब्ध कराया जाएगा। बोर्ड के निर्देश पर जिला विद्यालय निरीक्षक ने सभी विद्यालयों के प्रधानाचार्य को दिशा निर्देश जारी किया है।
प्रयोगात्मक परीक्षाओं में लापरवाही और अनियमितताओं की शिकायतें सामने आती रहीं हैं। कहीं नंबर बढ़ाने के आरोप लगे हैं तो कहीं बिना परीक्षा कराए ही अंक अपलोड करने की शिकायतें मिली हैं। इन्हीं शिकायतों को ध्यान में रखते हुए बोर्ड ने इस बार व्यवस्था को अधिक सख्त किया है, जिससे कि परीक्षा प्रक्रिया पूरी तरह पारदर्शी बनी रहे। पहली बार प्रयोगात्मक परीक्षा के दौरान परीक्षा कक्ष, प्रयोगशाला और मूल्यांकन स्थल पर सीसीटीवी कैमरे कार्यशील स्थिति में रहेंगे। उनकी रिकॉर्डिंग सुरक्षित रखी जाएगी। इससे जरूरत पड़ने पर उसकी जांच की जा सके। इसके अलावा परीक्षार्थियों की उपस्थिति, प्रश्नपत्र वितरण, मूल्यांकन प्रक्रिया और अंक अपलोड करने तक की पूरी प्रक्रिया का विधिवत रिकॉर्ड रखा जाएगा।
डीआईओएस महेश कुमार गुप्ता ने बताया कि प्रयोगात्मक परीक्षा की उत्तर पुस्तिकाएं, उपस्थिति पत्रक और अन्य संबंधित दस्तावेजों को कम से कम एक वर्ष तक सुरक्षित रखा जाएगा। यदि किसी भी छात्र द्वारा अंक या परीक्षा प्रक्रिया को लेकर शिकायत दर्ज कराई जाती है तो इन्हीं दस्तावेजों के आधार पर जांच की जाएगी। 24 जनवरी से एक फरवरी तक ये परीक्षाएं कराई जाएंगी और इसकी तैयारी भी पूरी कर ली गई हैं।
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प्रयोगात्मक परीक्षाओं में लापरवाही और अनियमितताओं की शिकायतें सामने आती रहीं हैं। कहीं नंबर बढ़ाने के आरोप लगे हैं तो कहीं बिना परीक्षा कराए ही अंक अपलोड करने की शिकायतें मिली हैं। इन्हीं शिकायतों को ध्यान में रखते हुए बोर्ड ने इस बार व्यवस्था को अधिक सख्त किया है, जिससे कि परीक्षा प्रक्रिया पूरी तरह पारदर्शी बनी रहे। पहली बार प्रयोगात्मक परीक्षा के दौरान परीक्षा कक्ष, प्रयोगशाला और मूल्यांकन स्थल पर सीसीटीवी कैमरे कार्यशील स्थिति में रहेंगे। उनकी रिकॉर्डिंग सुरक्षित रखी जाएगी। इससे जरूरत पड़ने पर उसकी जांच की जा सके। इसके अलावा परीक्षार्थियों की उपस्थिति, प्रश्नपत्र वितरण, मूल्यांकन प्रक्रिया और अंक अपलोड करने तक की पूरी प्रक्रिया का विधिवत रिकॉर्ड रखा जाएगा।
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डीआईओएस महेश कुमार गुप्ता ने बताया कि प्रयोगात्मक परीक्षा की उत्तर पुस्तिकाएं, उपस्थिति पत्रक और अन्य संबंधित दस्तावेजों को कम से कम एक वर्ष तक सुरक्षित रखा जाएगा। यदि किसी भी छात्र द्वारा अंक या परीक्षा प्रक्रिया को लेकर शिकायत दर्ज कराई जाती है तो इन्हीं दस्तावेजों के आधार पर जांच की जाएगी। 24 जनवरी से एक फरवरी तक ये परीक्षाएं कराई जाएंगी और इसकी तैयारी भी पूरी कर ली गई हैं।
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